Category: लाइफस्टाइल

  • चुकंदर और मूंग दाल से बनाएं हेल्दी ढोकला, नाश्ते में मिलेगा स्वाद और पोषण

    चुकंदर और मूंग दाल से बनाएं हेल्दी ढोकला, नाश्ते में मिलेगा स्वाद और पोषण

    सुबह के नाश्ते में रोज-रोज वही पोहा, उपमा या तेल-घी से भरे पराठे खाकर अगर आप ऊब चुके हैं और कुछ नया, हल्का व पौष्टिक बनाना चाहते हैं तो चुकंदर और पीली मूंग दाल का ढोकला आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प है. मूंग दाल जहां प्रोटीन का बेहतरीन स्रोत है तो वहीं चुकंदर में प्रचुर मात्रा में आयरन, फाइबर और एंटी-ऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं जो शरीर में हीमोग्लोबिन के स्तर को सुधारकर त्वचा पर नेचुरल गुलाबी निखार लाते हैं.

    बिना मैदा और बिना सूजी के बना यह स्पंजी ढोकला न केवल देखने में बेहद आकर्षक लगता है बल्कि स्वाद और सेहत का जबरदस्त कॉम्बिनेशन भी है. अगर आप वेट लॉस जर्नी पर हैं या बच्चों के टिफिन के लिए कोई हेल्दी ऑप्शन ढूंढ रहे हैं तो यह रेसिपी आपके बहुत काम आएगी. आइए जानते हैं इसे बनाने की आसान विधि.

    सामग्री
    पीली मूंग दाल: 1 कप (2-3 घंटे पानी में भीगी हुई)

    चुकंदर (Beetroot): 1/2 कप (कद्दूकस किया हुआ या बारीक कटा)

    हरी मिर्च: 2

    अदरक: 1 इंच का टुकड़ा

    दही: 2 से 3 बड़े चम्मच

    बेसन: 2 बड़े चम्मच (बाइंडिंग के लिए)

    ईनो (Eno) या बेकिंग सोडा: 1 छोटा चम्मच

    नींबू का रस: 1 छोटा चम्मच

    नमक: स्वादानुसार

    तड़के के लिए: 1 बड़ा चम्मच तेल, 1 छोटा चम्मच राई, 1 छोटा चम्मच सफेद तिल, 8-10 कढ़ी पत्ते और 2 हरी मिर्च (लम्बाई में कटी हुई)

    बनाने की सही और आसान विधि
    भीगी हुई मूंग दाल का पानी पूरी तरह निकाल लें. अब मिक्सर जार में मूंग दाल, कद्दूकस किया चुकंदर, हरी मिर्च, अदरक और 2-3 चम्मच दही डालकर थोड़ा सा पानी मिलाते हुए एकदम स्मूथ बैटर (मिश्रण) पीस लें.

    पिसे हुए गुलाबी बैटर को एक बड़े बर्तन में निकालें. इसमें 2 चम्मच बेसन, स्वादानुसार नमक और नींबू का रस डालकर अच्छी तरह फेंटें ताकि बैटर में हवा भर जाए. ध्यान रखें कि मिश्रण न बहुत ज्यादा गाढ़ा हो और न ही बहुत पतला.

    एक ढोकला मेकर या बड़ी कढ़ाई में 2 गिलास पानी डालकर गरम होने के लिए रखें. ढोकला प्लेट या किसी गहराई वाली स्टील की थाली को थोड़े से तेल से ग्रीस कर लें.

    अब बैटर में 1 छोटा चम्मच ईनो फ्रूट साल्ट (या बेकिंग सोडा) डालें और ऊपर से 1 चम्मच पानी डालकर एक ही दिशा में हल्के हाथों से मिलाएं. बैटर तुरंत फूलने लगेगा.

    तुरंत बैटर को ग्रीस की हुई थाली में ढालें और गरम स्टीमर में रखकर ढक्कन लगा दें. इसे मध्यम से तेज आंच पर 12 से 15 मिनट तक स्टीम (भाप में) होने दें.

    15 मिनट बाद चाकू या टूथपिक डालकर चेक करें. अगर चाकू साफ बाहर आए, तो ढोकला पक चुका है. इसे बाहर निकालकर 5 मिनट ठंडा होने दें, फिर चौकोर टुकड़ों में काट लें.

    एक छोटे पैन में 1 चम्मच तेल गरम करें. इसमें राई, कढ़ी पत्ता, हरी मिर्च और सफेद तिल डालकर चटकाएं. इस गरमा-गरम तड़के को ढोकले के ऊपर बराबर फैलाएं.

    आपका प्रोटीन और आयरन से भरपूर स्पंजी चुकंदर-मूंग दाल ढोकला तैयार है. इसे हरी धनिया-पुदीने की ताजी चटनी के साथ सर्व करें.

  • 10 मिनट में बनाएं 5 तरह के इंस्टेंट डोसे, न भिगोने की झंझट न फर्मेंटेशन का इंतजार

    10 मिनट में बनाएं 5 तरह के इंस्टेंट डोसे, न भिगोने की झंझट न फर्मेंटेशन का इंतजार

     सुबह के समय जब हम बच्चों को स्कूल भेजने या फिर खुद ऑफिस के लिए तैयार हो रहे होते हैं, तो हमारी सबसे बड़ी टेंशन यह होती है कि नाश्ते में क्या बनाया जाए? नाश्ते में हम ऐसी चीजें खाना पसंद करते हैं जो न सिर्फ टेस्टी हों, बल्कि हेल्दी भी हों और कम समय में बनकर तैयार भी हो जाएं. ऐसे में अक्सर दिमाग में डोसे का नाम आता है, लेकिन हम इसे इसलिए नहीं बना पाते क्योंकि डोसा बनाने से पहले दाल और चावल को घंटों भिगोकर रखना पड़ता है और फिर इन्हें पीसकर पूरी रात फर्मेंट होने के लिए छोड़ना पड़ता है. लेकिन आज की इस बिजी लाइफस्टाइल में इतना समय किसी के पास नहीं है.

    अच्छी बात यह है कि आप चाहें तो सुबह की इस भागदौड़ में बिना बैटर भिगोने या पीसने की टेंशन लिए, सिर्फ 10 से 15 मिनट में 5 अलग-अलग तरह के क्रिस्पी और टेस्टी डोसे बना सकते हैं. ये इंस्टेंट डोसा रेसिपीज आपका समय भी बचाएंगी और घर में बच्चों से लेकर बड़ों तक सबको बहुत पसंद आएंगी. तो चलिए जानते हैं इन्हें बनाने का सबसे आसान तरीका, ताकि जब भी आपका सुबह के नाश्ते में डोसा खाने का मन हो, आप इन्हें मिनटों में ही तैयार कर सकें.

    सूजी से बनाएं क्रिस्पी डोसा
    अगर आपको चावल और दाल का झंझट नहीं चाहिए तो सूजी से बनने वाला डोसा आपके लिए सबसे बेस्ट चॉइस है. इसे बनाना बहुत ही ज्यादा आसान है और यह खाने में भी उतना ही क्रिस्पी लगता है. इसे बनाने के लिए आपको सबसे पहले एक कप सूजी, आधा कप दही, थोड़ा सा पानी और स्वादानुसार नमक मिलाकर एक बैटर तैयार कर लेना है. अब इस घोल को 5 मिनट के लिए ढककर छोड़ दें ताकि सूजी पानी को अच्छे से एब्जॉर्ब कर ले. इसके बाद इसमें थोड़ा सा जीरा, बारीक कटा हरा धनिया और हरी मिर्च मिला लें. अब डोसा तवे को अच्छे से गर्म करें, थोड़ा सा तेल लगाएं और बैटर को तवे पर फैलाएं. जब डोसा नीचे से हल्का ब्राउन और क्रिस्पी हो जाए, तो इसे रोल करके उतार लें. इसे आप नारियल की चटनी या टोमैटो केचप के साथ मजे से खा सकते हैं.

    प्रोटीन से लोडेड बेसन और सूजी का डोसा
    बेसन में प्रोटीन होने की वजह से इसे हमारी सेहत के लिए बहुत ही फायदेमंद माना जाता है. अगर आपके पास सुबह बिल्कुल भी समय नहीं है नाश्ता तैयार करने का, तो ऐसे में आप बेसन से भी डोसा तैयार कर सकते हैं. बेसन का डोसा बनाने के लिए सबसे पहले एक बर्तन में एक कप बेसन, दो चम्मच सूजी, एक चुटकी हल्दी, नमक और पानी मिलाकर एक स्मूद बैटर तैयार कर लें. अगर आप इसे और भी ज्यादा टेस्टी बनाना चाहते हैं, तो इसमें बारीक कटा प्याज, शिमला मिर्च और टमाटर भी डाल सकते हैं. अब एक गर्म तवे पर बैटर को फैलाएं, थोड़ा सा तेल लगाएं और दोनों तरफ से अच्छे से सेक लें. यह डोसा बच्चों के टिफिन के लिए एकदम परफेक्ट चॉइस है.

    घर पर बनाएं रेस्टोरेंट जैसा चावल के आटे का जालीदार डोसा
    अगर आप उन लोगों में से हैं जिन्हें साउथ इंडियन रेस्टोरेंट जैसा एकदम ही पतला और जालीदार डोसा खाना अच्छा लगता है, तो चावल के आटे से बना ये डोसा आपके लिए ही है. इसे बनाने के लिए सबसे पहले एक कप चावल का आटा लें और उसमें लगभग दो से ढाई कप पानी मिलाएं. इस बात का ख्याल रखें कि इसका बैटर एकदम पतला होना चाहिए, जैसे पतली छाछ होती है. अब इसमें बारीक कटा प्याज, कढ़ी पत्ता, जीरा, हरी मिर्च और नमक डाल दें. अब तेज गर्म तवे पर इस पतले बैटर को बाहर से अंदर की तरफ छिड़कते हुए डालें और इसे मीडियम आंच पर पकने दें. थोड़ी ही देर में यह तवे के किनारों को अपने आप छोड़ने लगेगा और एकदम क्रिस्पी जालीदार डोसा तैयार हो जाएगा.

    फिटनेस का ख्याल रखते हैं तो ओट्स का हेल्दी डोसा
    अगर आप उन लोगों में से हैं जिन्हें अपनी सेहत और फिटनेस का ख्याल हर समय रहता है या फिर आप अपने बढ़ते हुए वजन को कंट्रोल करना चाहते हैं, तो आपके लिए ओट्स डोसा सबसे बेहतरीन चॉइस है. इसे बनाना इतना आसान है कि आप पहली बार में ही इसे बिल्कुल परफेक्ट बना लेंगे. इसे बनाने के लिए सबसे पहले प्लेन ओट्स को मिक्सी में पीसकर पाउडर बना लें. अब इस ओट्स पाउडर में दो चम्मच दही, थोड़ा सा गेहूं का आटा या सूजी और नमक मिलाकर एक घोल तैयार कर लें. इसे ज्यादा देर तक रखने की जरूरत भी नहीं होती. इसके बाद तवे पर हल्का सा तेल या देसी घी लगाएं और बैटर को फैलाएं. इसे दोनों तरफ से क्रिस्पी होने तक सेक लें. यह डोसा पचाने में बहुत आसान होता है और इसे खाने के बाद लंबे समय तक भूख भी नहीं लगती.

    गेहूं के आटे का इंस्टेंट डोसा
    अगर आपके घर में सूजी, बेसन या फिर चावल का आटा कुछ भी मौजूद नहीं है, तो भी आपको टेंशन लेने की जरुरत बिल्कुल भी नहीं है. आप अगर चाहें तो हर दिन की रोटी बनाने वाले गेंहू के आटे से भी बेहतरीन और टेस्टी डोसा तैयार कर सकते हैं. गेंहू के आटे से डोसा बनाने के लिए सबसे पहले एक कप गेहूं के आटे में थोड़ा सा नमक, जीरा और पानी मिलाकर एक बैटर तैयार करें. इस बात का खास ख्याल रखें कि कि इसमें गाठें बिल्कुल भी न बनें. इसे और मजेदार बनाने के लिए आप इसमें कद्दूकस की हुई गाजर या बारीक कटी सब्जियां भी मिला सकते हैं. अब एक गर्म तवे पर बैटर फैलाएं, थोड़ा सा तेल लगाएं और धीमी आंच पर क्रिस्पी होने तक सेकें.

  • कोलकाता का मशहूर बीटरूट चॉप घर पर बनाएं, बाहर से क्रिस्पी और अंदर से मसालेदार

    कोलकाता का मशहूर बीटरूट चॉप घर पर बनाएं, बाहर से क्रिस्पी और अंदर से मसालेदार

    कोलकाता का मशहूर बीटरूट चॉप एक ऐसा स्ट्रीट फूड है, जिसे देखते ही मुंह में पानी आ जाता है. बाहर से एकदम कुरकुरा और अंदर से मसालेदार व नरम, यह स्नैक स्वाद के मामले में हर किसी का दिल जीत लेता है. चुकंदर, गाजर और आलू के साथ भुनी मूंगफली, किशमिश और खास भजा मसाला मिलाकर तैयार किया गया यह चॉप खाने में बेहद ही लाजवाब लगता है. अगर आप भी शाम के नाश्ते में कुछ अलग और टेस्टी खाना चाहते हैं तो बिटरूट चॉप आपके लिए बेस्ट ऑप्शन हो सकता है.

    सबसे अच्छी बात यह है कि इसे बनाने के लिए आपको किसी खास सामान की जरूरत नहीं है, घर की रसोई में मौजूद चीजों से ही यह आसानी से तैयार हो जाता है. तो चलिए जानते हैं कि कोलकाता की गलियों जैसा परफेक्ट और क्रिस्पी बीटरूट चॉप घर पर कैसे बनता है और इसे बनाने के लिए किन-किन चीजों की जरूरत होगी.

    इंग्रेडिएंट्स (ingredients)
    2 मीडियम साइज के चुकंदर
    2 मीडियम साइज की गाजर
    3 उबले हुए आलू
    2 हरी मिर्च
    1 छोटा चम्मच कसा हुआ अदरक
    2 बड़े चम्मच किशमिश
    2.5 बड़े चम्मच मूंगफली
    आधा छोटा चम्मच आमचूर पाउडर
    आधा छोटा चम्मच लाल मिर्च पाउडर
    आधा छोटा चम्मच चाट मसाला
    2 बड़े चम्मच तेल
    डेढ़ छोटा चम्मच भाजा मसाला
    3 बड़े चम्मच ब्रेड क्रम्ब्स
    5 बड़े चम्मच कॉर्नफ्लोर
    एक चुटकी काली मिर्च पाउडर
    स्वादानुसार नमक
    तलने के लिए तेल
    जरूरत के अनुसार पानी

    कैसे बनाएं बीटरूट चॉप?
        बीटरूट चॉप बनाने के लिए सबसे पहले चुकंदर और गाजर को छीलकर अच्छी तरह धो लें. इसके बाद दोनों को कद्दूकस करके अलग रख दें. उबले हुए आलू को भी छीलकर कद्दूकस कर लें.
        अब एक चौड़े पैन में 2 बड़े चम्मच तेल गर्म करें. इसमें मूंगफली डालकर कम गैस पर सुनहरा होने तक भूनें. मूंगफली भुन जाए तो इसे पैन से निकालकर एक तरफ रख दें.
        अब इसी पैन में थोड़ा सा जीरा और बारीक कटी हुई हरी मिर्च डालें. जीरा चटकने लगे तो इसमें कद्दूकस किया हुआ चुकंदर और गाजर डाल दें. दोनों को लगभग एक मिनट तक चलाते हुए भूनें. इसके बाद पैन को ढककर कम गैस पर सब्जियों के नरम होने तक पकाएं.
        जब चुकंदर और गाजर अच्छी तरह नरम हो जाएं तो इसमें किशमिश डालकर मिला दें. कुछ देर पकाने के बाद गैस बंद कर दें. अब इस मिश्रण को एक प्लेट में निकालकर फैला दें और पूरी तरह ठंडा होने दें. मिश्रण को ठंडा करना जरूरी है, क्योंकि गर्म मिश्रण में आलू मिलाने से चॉप का आकार ठीक से नहीं बन पाएगा.
        मिश्रण ठंडा होने के बाद इसमें कद्दूकस किए हुए आलू डालें. साथ ही आमचूर पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, चाट मसाला, भजा मसाला, नमक, भुनी हुई मूंगफली और 3 बड़े चम्मच ब्रेड क्रम्ब्स डालकर सभी चीजों को अच्छी तरह मिला लें.
        अब इस मिश्रण की मीडियम साइज की लोइयां बना लें. इन्हें हाथों से दबाकर अंडाकार चॉप का आकार दें. आप चाहें तो इन्हें अपनी पसंद के दूसरे आकार में भी बना सकते हैं.
        इसके बाद कोटिंग के लिए एक कटोरी में कॉर्नफ्लोर, एक चुटकी नमक और थोड़ा सा काली मिर्च पाउडर डालें. इसमें धीरे-धीरे पानी डालकर मीडियम गाढ़ा घोल तैयार कर लें. ध्यान रखें कि घोल न बहुत पतला हो और न ही बहुत ज्यादा गाढ़ा.
        अब एक प्लेट में सूखे ब्रेड क्रम्ब्स फैला लें. तैयार चॉप को पहले कॉर्नफ्लोर के घोल में डुबोएं और फिर ब्रेड क्रम्ब्स में अच्छी तरह लपेट दें. इसी तरह सभी चॉप तैयार कर लें.
        अब एक भारी तले वाले पैन में तेल गर्म करें. तेल गर्म होने पर चॉप को मध्यम आंच पर दोनों तरफ से सुनहरा और कुरकुरा होने तक तलें. इन्हें तेज गैस पर तलने से बचें, वरना बाहर की परत जल्दी ब्राउन हो सकती है और अंदर से चॉप ठीक से गर्म नहीं होंगे.
        तैयार बीटरूट चॉप को पेपर नैपकिन पर निकाल लें, ताकि एक्स्ट्रा तेल निकल जाए. इसे टमाटर केचप, पुदीने की चटनी या कसुंदी के साथ गरमागरम सर्व करें. शाम की चाय के साथ इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है.

    ऐसे बनाएं घर पर भाजा मसाला
    बीटरूट चॉप का स्वाद बढ़ाने के लिए इसमें खास भाजा मसाला डाला जाता है. इसे बनाने के लिए 1 छोटा चम्मच जीरा, 1 छोटा चम्मच साबुत धनिया, 2 साबुत लाल मिर्च, 2 लौंग और 2 हरी इलायची लें. सभी मसालों को बिना तेल के हल्का भून लें. जब इनमें से खुशबू आने लगे तो गैस बंद कर दें और इन्हें ठंडा होने दें. इसके बाद मसालों को पीसकर बारीक पाउडर बना लें.

  • नेपाल बाढ़ में रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए बना WhatsApp ग्रुप, एक्सपर्ट दे रहे बचावकर्मियों को गाइडेंस

    नेपाल बाढ़ में रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए बना WhatsApp ग्रुप, एक्सपर्ट दे रहे बचावकर्मियों को गाइडेंस

    पाल में बाढ़ की तबाही के बाद अभी भी रेस्क्यू का काम जारी है. प्रसाशन की कोशिश है कि मलबे के पीछे जिंदा बचे हर एक शख्स की जान बचानी है. जान बचाने में अब वॉट्सऐप भी अहम भूमिका अदा कर रहा है.

    दरअसल, एक WhatsApp ग्रुप में जुड़े एक्सपर्ट की टीम नेपाल की एक घाटी में रेस्क्यू टीम को गाइड कर रही है. करीब एक सप्ताह से पहले आई भीषण बाढ़ की वजह से तबाह हुए हाइड्रोपावर प्लांट्स की सुरंगों में किसी के जिंदा होने की उम्मीद है और बचावकर्मी उनकी तलाश में जुटे हैं.  ये जानकारी रॉयटर्स की रिपोर्ट से मिली है.

    दरअसल, इंजीनियरों ने 26 अगस्त नेपाल की त्रिशूली घाटी में पानी, मिट्टी और चट्टानों का सैलाब आने से पहले एक वॉट्सऐप ग्रुप बनाया था. अब आपदा के बाद से यह ग्रुप हेलीकॉप्टरों और भारी मशीनरी के साथ मिलकर लोगों को बचाने की कोशिश में एक अहम टूल बन चुका है.

    हाइड्रो पावर प्लांट्स में लापता
    अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि छह हाइड्रो पावर प्लांट्स से करीब 900 लोग लापता हैं, जिनमें कुछ लोग बच गए होंगे. कम से कम तीन प्लांट निर्माणाधीन थे, ऐसे में अधिकारियों को उम्मीद है कि वहां काम करने वाले लोग सुरंगों में चल गए होंगे और खुद की जान बचाई होगी.

    दो लोगों को जिंदा बाहर निकाला, दूसरों की तलाश जारी
    इस रेस्क्यू ऑपरेशन में पहली सफलता बीते शुक्रवार को मिली है. शुक्रवार को आपदा का 9वां दिन था और अपर त्रिशूली-3A हाइड्रोपावर प्लांट से दो लोगों को जिंदा बाहर निकाला जा चुका है. उनमें से एक ने बताया कि सुरंग में और भी लोग जिंदा हो सकते हैं.

    22 लाख टन मिट्टी और मलबा आया
    कई सुरंगों के एंट्री तक पहुंचना अभी भी काफी मुश्किल हो रहा हैं. इन सुरंगों को पानी के बाहव के लिए बनाया गाया था. बाढ़ अपने साथ घाटी में करीब 22 लाख टन मिट्टी और मलबा बहाकर ले आई, जिससे सुरंगों के रास्ते भी पूरी तरह से बंद हो चुके हैं.

    वॉट्सऐप ग्रुप से रेस्क्यू टीम को गाइडलाइंस
    अब वॉट्सऐप ग्रुप के जरिए रेस्क्यू टीम को आगे का रास्ता दिखाया जा रहा है, सुरंगा का रास्ता और दूरी आदि के बारे में बताया जा रहा है. ऐसे में WhatsApp सिर्फ नॉर्मल चैटिंग और दोस्तों के साथ ग्रुप आदि बनाने तक सीमित नहीं है, इसकी मदद से रेस्क्यू के काम को भी अंजाम दिया जा सकता है.

  • बाजार जैसी कुरकुरी सॉल्टेड पीनट घर पर बनाएं, आसान है रेसिपी

    बाजार जैसी कुरकुरी सॉल्टेड पीनट घर पर बनाएं, आसान है रेसिपी

    बाजार में मिलने वाली सॉल्टेड पीनट एक ऐसी स्नैक है, जिसे बच्चे से लेकर बड़े तक सभी पसंद करते हैं. पैकेट वाली नमकीन मूंगफली आसानी से मिल जाती है, लेकिन इसे घर पर बनाना भी काफी आसान है. खास बात यह है कि घर पर सॉल्टेड पीनट बनाते समय आप नमक और तेल की मात्रा अपने स्वाद के हिसाब से रख सकते हैं. इसे बनाने के लिए ज्यादा सामान की जरूरत भी नहीं पड़ती और सही तरीके से भूनने पर मूंगफली काफी कुरकुरी बनती है. अगर आपको भी चाय के साथ सॉल्टेड पीनट खाना पसंद है तो इस बार इसे बाजार से खरीदने की बजाय घर पर बनाकर देखें. आइए जानते हैं कुरकुरी और टेस्टी सॉल्टेड पीनट बनाने के लिए किन-किन चीजों की जरूरत होती है और यह कैसे बनता है.

    सॉल्टेड पीनट बनाने के लिए क्या-क्या चाहिए?
    2 कप कच्ची छिलका उतरी मूंगफली
    1 से 1½ छोटा चम्मच नमक
    3 बड़े चम्मच पानी
    1 छोटा चम्मच तेल
    एक चुटकी काली मिर्च पाउडर (ऑप्शनल)

    सॉल्टेड पीनट बनाएं कैसे?

    • सॉल्टेड पीनट बनाने के लिए सबसे पहले मूंगफली पर नमक की कोटिंग सही होना जरूरी है. इसके लिए एक कटोरी में नमक और पानी डालकर अच्छी तरह मिलाएं. अब इस नमकीन पानी को मूंगफली पर डालें और अच्छी तरह मिक्स कर लें. इसे करीब 10 मिनट के लिए रख दें.
    • इसके बाद मूंगफली को छलनी में निकाल लें और सारा पानी निकल जाने दें. अब इन्हें किसी साफ कपड़े या प्लेट पर फैलाकर कुछ देर सुखाएं. ध्यान रखें कि मूंगफली बहुत ज्यादा गीली न रहे.
    • अब एक भारी तले वाली कड़ाही गर्म करें और इसमें नमक वाली मूंगफली डाल दें. इसे कम गैस पर लगातार चलाते हुए भूनें. शुरुआत में मूंगफली से थोड़ी नमी निकलेगी, इसलिए इसे चलाते रहना जरूरी है.
    • जब मूंगफली की नमी सूख जाए तो इसमें एक छोटा चम्मच तेल डालें. अब इसे म पर लगभग 10-12 मिनट तक भूनें. तेज आंच पर मूंगफली भूनने से बचें, क्योंकि इससे बाहर से दाने जल्दी भुन सकते हैं लेकिन अंदर से कच्चे रह सकते हैं.
    • एक मूंगफली निकालकर थोड़ी ठंडी करें और चखकर देखें. अगर वह अंदर से भी अच्छी तरह कुरकुरी हो गई है तो गैस बंद कर दें. चाहें तो ऊपर से थोड़ा बारीक नमक और एक चुटकी काली मिर्च भी डाल सकते हैं.
    • अगर आपको बाजार में मिलने वाली फ्राइड सॉल्टेड पीनट जैसा स्वाद पसंद है तो इसे तलकर भी बना सकते हैं. इसके लिए कड़ाही में तेल गर्म करें और मूंगफली को थोड़ी-थोड़ी मात्रा में डालकर मीडियम गैस पर तलें.
    • मूंगफली का रंग हल्का सुनहरा होते ही इसे तेल से निकाल लें. इसे बहुत ज्यादा गहरा होने तक न तलें, क्योंकि इससे स्वाद कड़वा हो सकता है. तेल से निकालने के तुरंत बाद ऊपर से बारीक नमक छिड़कें, ताकि वह मूंगफली पर अच्छी तरह चिपक जाए.
    • मूंगफली को भूनने के बाद इसे एक बड़ी प्लेट या ट्रे में निकालकर इसे पूरी तरह ठंडा होने दें. ठंडी होने के बाद मूंगफली अपने आप ज्यादा कुरकुरी हो जाएगी.
    • ध्यान रखें कि इसे ठंडा करते समय प्लेट को ढकें नहीं. अगर भाप अंदर रह गई तो मूंगफली कुरकुरी होने के बजाय नरम पड़ सकती है.
    • सॉल्टेड पीनट को लंबे समय तक कुरकुरा बनाए रखने के लिए पूरी तरह ठंडा होने के बाद ही एयरटाइट डिब्बे में भरें. मूंगफली निकालने के लिए हमेशा सूखे चम्मच का इस्तेमाल करें और डिब्बे को नमी या भाप वाली जगह पर रखने से बचें.
    • सही तरीके से स्टोर करने पर सॉल्टेड पीनट लगभग 2-3 हफ्ते तक अच्छी रह सकती है.
  • ग्लोइंग स्किन के लिए जरूरी है सही स्किनकेयर, जानें अपनी स्किन टाइप के हिसाब से रूटीन

    ग्लोइंग स्किन के लिए जरूरी है सही स्किनकेयर, जानें अपनी स्किन टाइप के हिसाब से रूटीन

     

    स्किनकेयर (Skin Care) का मतलब है, अपनी त्वचा की देखभाल करना ताकि वह साफ, स्वस्थ, चमकदार और उम्र के अनुसार फिट बनी रहे. यह एक रूटीन होता है जिसमें त्वचा को साफ करना, मॉइस्चराइज करना, धूप से बचाना और खास जरूरतों (जैसे दाग-धब्बे, पिंपल्स, ड्राईनेस) को ध्यान में रखकर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करना शामिल है.

    आज की तेज रफ्तार जिंदगी, प्रदूषण और तनाव के बीच स्वस्थ और चमकती त्वचा पाना एक चुनौती जरूर हो सकती है, लेकिन सही जानकारी और नियमित देखभाल से यह बिल्कुल संभव है. स्किनकेयर सिर्फ सुंदरता की बात नहीं, बल्कि स्वास्थ्य और आत्मविश्वास से जुड़ी हुई चीज़ है.

    हर किसी की त्वचा अलग होती है- कुछ की ऑयली (तेलयुक्त), कुछ की ड्राय (रूखी), कुछ की सेंसिटिव और कुछ की नॉर्मल.
    पहला कदम यही है कि आप अपनी स्किन टाइप को समझें. इसके बाद ही आप सही उत्पाद और रूटीन चुन सकते हैं.

     

  • नारियल वाली भिंडी का स्वाद है लाजवाब, ऐसे बनाएं भेंडे सुक्के

    नारियल वाली भिंडी का स्वाद है लाजवाब, ऐसे बनाएं भेंडे सुक्के

    भिंडी की सब्जी कई लोगों की फेवरेट होती है. इसे कई अलग-अलग तरीकों से बनाया जाता है. आज हम आपको नारियल वाली भिंडी बनाना बताएंगे. नारियल और मसालों के साथ तैयार होने वाली यह सब्जी स्वाद में बेहद लाजवाब होती है. दक्षिण भारत और कोंकण क्षेत्र में बनाई जाने वाली नारियल वाली भिंडी, जिसे भेंडे सुक्के भी कहा जाता है, अपनी खास खुशबू और मसालेदार स्वाद के लिए पसंद की जाती है.

    इसमें नारियल के साथ सूखी लाल मिर्च, कोकम या इमली और तेप्पल जैसे पारंपरिक मसालों का इस्तेमाल किया जाता है. यह सब्जी रोटी, पराठे के साथ-साथ दाल-चावल के साथ भी काफी टेस्टी लगती है. अगर आप भी रोजाना की भिंडी से थोड़ा अलग और टेस्टी खाना चाहते हैं तो एक बार इस रेसिपी को जरूर ट्राई करें.

    इंग्रेडिएंट्स (ingredients)
    250 ग्राम भिंडी
    ½ कप ताजा या फ्रोजन कद्दूकस किया हुआ नारियल
    5-6 सूखी लाल मिर्च
    5-6 तेप्पल (अगर घर में हो)
    4-5 कोकम के टुकड़े या ½ छोटा चम्मच इमली का गूदा
    स्वादानुसार नमक

    नारियल वाली भिंडी बनाते कैसे हैं?

    • सबसे पहले नारियल और सूखी लाल मिर्च को थोड़ा-सा पानी डालकर बारीक पीस लें. अगर तेप्पल उपलब्ध हो तो उसे हल्का-सा कूट लें ताकि उसकी खुशबू अच्छी तरह निकल आए.
    • अब भिंडी को धोकर अच्छी तरह सुखा लें और लंबाई में काट लें. इसके बाद एक मोटे तले की कड़ाही या पैन में पिसा हुआ नारियल का पेस्ट, कटी हुई भिंडी, कोकम (या इमली का गूदा), नमक और तेप्पल डाल दें.
    • इसे धीमी से मध्यम आंच पर पकाएं. बीच-बीच में हल्के हाथ से चलाते रहें, ताकि भिंडी टूटे नहीं. जब भिंडी पूरी तरह पक जाए और मसाले अच्छी तरह उसमें मिल जाएं, तब गैस बंद कर दें.
    • अब आपकी टेस्टीसनारियल वाली भिंडी (भेंडे सुक्के) तैयार है. इसे गर्मागर्म रोटी, पराठे या दाल-चावल के साथ परोसें और इसके अलग स्वाद का आनंद लें.

    इन छोटी-छोटी बातों का रखें ध्यान
        भिंडी को धोने के बाद अच्छी तरह सुखाकर ही काटें, वरना सब्जी चिपचिपी हो सकती है.
        नारियल और लाल मिर्च को बहुत ज्यादा पानी डालकर न पीसें.
        भिंडी को पकाते समय बार-बार चलाने से बचें, वरना भिंडी टूट सकती है.
        सब्जी को मीडियम गैस पर पकाएं, ताकि मसाले अच्छी तरह पक सकें.

     

  • रूखे और बेजान हाथों को बनाएं मुलायम, चावल-ओट्स-चीनी से घर पर तैयार करें DIY बॉडी स्क्रब

    रूखे और बेजान हाथों को बनाएं मुलायम, चावल-ओट्स-चीनी से घर पर तैयार करें DIY बॉडी स्क्रब

     रोजाना बार-बार साबुन, धूल-मिट्टी और धूप के संपर्क में आने से हाथों की त्वचा रूखी और बेजान नजर आने लगती है. स्किन पर डेड सेल्स जमा हो जाते हैं, जिसकी वजह से हमारी त्वचा खराब दिखने लगती है. स्किन को सॉफ्ट और फ्रेश बनाने के लिए लोग महंगे बॉडी स्क्रब और बॉडी वॉस का इस्तेमाल करते हैं, जिसके हमारी स्किन पर कई सारी साइड इफेक्ट्स भी हो जाते हैं.

    अगर आप बिना किसी नुकसान और नेचुरल चीजों से अपनी स्किन को पहले जैसी मुलायम बनाना चाहते हैं तो आप डेड सेल्स हटाने के लिए आप घर पर ही एक आसान बॉडी स्क्रब तैयार कर सकते हैं. इसके लिए आपको महंगे प्रोडक्ट्स की जरूरत नहीं पड़ेगी. रसोई में मौजूद चावल, ओट्स, चीनी और चुकंदर जैसी चीजों से मिनटों में आप यह DIY स्क्रब तैयार कर सकते हैं, जो स्किन को एक्सफोलिएट करने में मदद कर सकते हैं.

    घर पर ऐसे बनाएं बॉडी स्क्रब

    • इस स्क्रब को बनाने के लिए सबसे पहले 2 चम्मच चावल, 2 चम्मच ओट्स और 2 चम्मच चीनी लें. इन तीनों चीजों को मिक्सर में डालकर बारीक पीस लें. इस बात का ध्यान रखें कि पाउडर बहुत ज्यादा मोटा न हो, ताकि त्वचा पर स्क्रब करते समय ज्यादा रगड़ न लगे.
    • अब एक छोटा चुकंदर लें और उसे अच्छी तरह धोकर छोटे टुकड़ों में काट लें. इसमें थोड़ा गुलाब जल मिलाकर मिक्सर में पीस लें. तैयार मिक्सर को छानकर इसका जूस अलग कर लें.
    • अब एक बाउल में तैयार किया हुआ चावल-ओट्स-चीनी का पाउडर लें. इसमें थोड़ा नारियल तेल मिलाएं. इसके बाद इसमें तैयार किया हुआ चुकंदर और गुलाब जल का जूस डालकर सभी चीजों को अच्छी तरह मिला लें. आपका होममेड बॉडी स्क्रब तैयार है.

    इस्तेमाल करने का सही तरीका
    स्क्रब को हाथों पर लगाएं और हल्के हाथों से सर्कुलर मोशन में मसाज करें. इसे बहुत जोर से रगड़ने से बचें, क्योंकि इससे त्वचा में जलन या लालिमा हो सकती है. करीब 2 से 3 मिनट हल्की मसाज करने के बाद हाथों को नॉर्मल पानी से धो लें और इसके बाद मॉइस्चराइजर जरूर लगाएं.

    स्क्रब कैसे करता है काम?
    इस स्क्रब में मौजूद चावल, ओट्स और चीनी त्वचा की ऊपरी सतह पर मौजूद डेड स्किन को हटाने में मदद कर सकते हैं, जबकि नारियल तेल त्वचा को मॉइस्चराइज करने में मदद करता है. चुकंदर का जूस स्क्रब को नेचुरल गुलाबी कलर भी देता है. अगर इसे नियमित रूप से इस्तेमाल किया जाए और त्वचा को पर्याप्त मॉइस्चराइज रखा जाए, तो हाथ ज्यादा मुलायम और साफ नजर आ सकते हैं. हालांकि, हर इंसान की स्किन अलग होती है, इसलिए रिजल्ट भी अलग-अलग हो सकते हैं.

    इन बातों का रखें ध्यान: संवेदनशील या बहुत नाजुक त्वचा पर किसी भी DIY स्क्रब को लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें. कट, घाव, रैश या जलन वाली त्वचा पर इसे इस्तेमाल न करें. स्क्रब को बहुत ज्यादा बार इस्तेमाल करने के बजाय सप्ताह में 1 से 2 बार करना काफी है.

  • नीम करौली बाबा की सीख: कर्म करते रहें, हर चीज को कंट्रोल करने की जिद छोड़ दें, तभी मिलेगा सुकून

    नीम करौली बाबा की सीख: कर्म करते रहें, हर चीज को कंट्रोल करने की जिद छोड़ दें, तभी मिलेगा सुकून

     कई बार जिंदगी में परेशानी किसी बड़ी समस्या की वजह से नहीं, बल्कि उसे लेकर हमारे मन में चल रही लगातार उथल-पुथल से बढ़ जाती है. भविष्य में क्या होगा, कोई अपना साथ छोड़ेगा या नहीं, मेहनत का परिणाम मिलेगा या नहीं, ऐसे सवाल मन को परेशान करते रहते हैं. नीम करौली बाबा की सीख इसी बेचैनी को कम करने का रास्ता बताती है. उनका संदेश है कि इंसान को अपना कर्म करते रहना चाहिए, लेकिन हर चीज को अपने हिसाब से चलाने की जिद छोड़ देनी चाहिए .

    भगवान पर विश्वास रखना जरूरी
    जीवन में कई परिस्थितियां ऐसी आती हैं, जिन पर हमारा कोई नियंत्रण नहीं होता. हम कोशिश जरूर कर सकते हैं, लेकिन हर परिणाम हमारी इच्छा के अनुसार हो, यह जरूरी नहीं. ऐसे समय में भगवान पर विश्वास मन को मजबूती देता है .

    नीम करौली बाबा की शिक्षाओं में समर्पण और विश्वास को महत्वपूर्ण माना जाता है. इसका अर्थ यह नहीं है कि व्यक्ति मेहनत करना छोड़ दे . बल्कि संदेश यह है कि अपना काम पूरी ईमानदारी से करें .

    मोह और प्रेम में अंतर समझें
    किसी व्यक्ति से प्रेम करना या अपने परिवार से जुड़ाव रखना स्वाभाविक है. परेशानी तब शुरू होती है, जब किसी रिश्ते या चीज को खोने का डर हमारी मानसिक शांति छीनने लगे .

    जरूरत से ज्यादा लगाव इंसान को लगातार डर में रख सकता है. इसलिए रिश्तों में प्रेम रखें, लेकिन अपनी पूरी खुशी किसी एक व्यक्ति या परिस्थिति पर निर्भर न करें. जो चीज आज हमारे साथ है, उसके बदलने की संभावना को स्वीकार करना भी जीवन का हिस्सा है .

    हर चीज को कंट्रोल करने की कोशिश न करें
    हम चाहते हैं कि नौकरी, रिश्ते, परिवार और भविष्य सब कुछ हमारी योजना के मुताबिक चले. लेकिन जीवन हमेशा हमारी बनाई हुई योजना के अनुसार नहीं चलता. कुछ परिस्थितियां हमारे नियंत्रण से बाहर होती हैं .

    ऐसे में हर चीज को बदलने की कोशिश करने के बजाय यह समझना बेहतर है कि हमें क्या करना है और क्या स्वीकार करना है. अपनी तरफ से पूरी कोशिश करें, लेकिन हर परिणाम को नियंत्रित करने की कोशिश न करें .

    मुश्किल वक्त भी देता है सीख
    जिंदगी में आने वाली हर परिस्थिति अपने साथ कोई न कोई सीख लेकर आती है. असफलता हमें अपनी कमियां समझा सकती है, मुश्किल समय धैर्य सिखा सकता है. किसी चीज का छूट जाना हमें यह एहसास करा सकता है कि जीवन में कुछ भी हमेशा एक जैसा नहीं रहता .

    अगर इंसान हर घटना को सिर्फ परेशानी मानने के बजाय उससे सीखने की कोशिश करे, तो मुश्किल दौर भी उसे भीतर से मजबूत बना सकता है .

    सुकून के लिए कुछ छोड़ना भी जरूरी
    अक्सर हम सोचते हैं कि खुश रहने के लिए जिंदगी में कुछ नया हासिल करना जरूरी है. लेकिन कई बार मानसिक शांति किसी चीज को पाने से नहीं, बल्कि उसे लेकर बनी चिंता छोड़ने से मिलती है .

    नीम करौली बाबा की सीख को इसी रूप में समझा जा सकता है, कर्म करते रहें, अपने रिश्तों और जिम्मेदारियों को निभाएं, लेकिन हर चीज को अपनी मुट्ठी में रखने की कोशिश न करें. भगवान पर भरोसा रखें,  जो हमारे नियंत्रण से बाहर है, उसे स्वीकार करना सीखें . यही सोच मन के बोझ को कम कर सकती है .

  • घर में नहीं है सब्जी तो बनाएं दूध सेव भाजी, रोटी-चावल के साथ स्वाद होगा लाजवाब

    घर में नहीं है सब्जी तो बनाएं दूध सेव भाजी, रोटी-चावल के साथ स्वाद होगा लाजवाब

    दूध से आपने मीठी चीजें तो बहुत बनाई होगी, लेकिन क्या आपने कभी दूध की सब्जी खाई है. मोटी सेव वाली नमकीन में दूध मिलाकर एक शानदार सब्जी बनाई जाती है, जो खाने में बहुत ही मजेदार लगती है. सेव वाली नमकीन जितनी खाने में टेस्टी लगती है, उसकी सब्जी भी काफी जबरदस्त लगती है l

    जब घर में कोई सब्जी नहीं होती है उस समय सबसे ज्यादा दिक्कत होती है कि आखिर क्या बनाया जाए. ऐसे में आप दूध सेव भाजी बना सकते हैं, जिसके साथ रोटी और चावल दोनों ही खाने में कमाल लगती है. आइए आपको घर में झटपट बनने वाली दूध सेव भाजी बनाने का सिंपल तरीका बताते हैं l

    दूध सेव भाजी के लिए इंग्रेडिएंट्स
        1 कप मोटी सेव
        1 कप दूध
        2 मीडियम साइज टमाटर
        1 प्याज बारीक कटा हुआ
        2 हरी मिर्च
        1 छोटा चम्मच अदरक-लहसुन का पेस्ट
        1.2 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर
        1 छोटा चम्मच धनिया पाउडर
        1.2 छोटा चम्मच गरम मसाला
        1.2 छोटा चम्मच जीरा
        2 बड़े चम्मच तेल
        स्वादानुसार नमक
        हरा धनिया बारीक कटा हुआ

    दूध सेव बनाने का आसान तरीका

    • सबसे पहले कड़ाही में तेल गर्म करें और उसमें जीरा डालें. जब जीरा चटकने लगे तो प्याज डाल दें. प्याज को गोल्डन-ब्राउन होने तक भून लें.
    • प्याज को भूनने के बाद इसमें अदरक-लहसुन का पेस्ट और हरी मिर्च काटकर डाल दें. 2 मिनट पकाने के बाद टमाटर और सारे मसाले मिलाकर जबतक पकाए. जब मसाला तेल छोड़ने लग जाए.
    • अब मसाले में आधा कप पानी डालकर कुछ देर तक उबाल लें, उसके बाद गैस को स्लो कर दें. इस स्टेज पर सब्जी में दूध मिक्स करें और लगातार उसको हाथ से चलाते रहें. वरना दूध फट जाएगा.
    • दूध को स्लो फ्लेम पर ही 4 से 5 मिनट तक पकाने के बाद अब इसमें सेव डालेंगे और हल्के हाथों से चलाएंगे.
    • सेव मिलाने के बाद 2 मिनट बाद गैस बंद कर देंगे और आखिर में धनिया पत्ती डालकर गार्निश करें.

    दूध सेव भाजी ऐसे करें सर्व
    इस खास सब्जी को आप रोटी, पराठा और चावल तीनों के साथ ही मजे से खा सकते हैं. हालांकि अगर आप चावल के साथ खाने के लिए बना रहे हैं तो इसमें पानी की मात्रा ज्यादा कर सकते हैं. यह डिश खासतौर पर  मुंबई-आगरा हाईवे के ढाबों और राजस्थान में लोग बड़े चाव से खाते हैं और आगरा में भी कई होटलों में यह खास डिश आपको मिल जाएगी.