चंडीगढ़.

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने लंबित महंगाई भत्ते के बकाये और पुरानी पेंशन योजना की बहाली की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे सरकारी कर्मचारियों के समर्थन में आवाज उठाई है। अपने लाइव संवाद कार्यक्रम ‘वडिंग विद वॉरियर्स’ के चौथे सत्र में उन्होंने कहा कि कांग्रेस और उसके कार्यकर्ता कर्मचारियों को न्याय मिलने तक उनके साथ खड़े रहेंगे।

वडिंग ने कर्मचारियों की मांगों को जायज बताते हुए कहा कि वे सरकार से कोई विशेष रियायत नहीं, बल्कि अपना हक मांग रहे हैं। उन्होंने कहा-
"जो लड़ते हैं, वही जीतते हैं।"
पंजाब सरकार पर वादों से पीछे हटने का आरोप लगाते हुए उन्होंने ओल्ड पेंशन स्कीम को लेकर सवाल किया कि यदि इसे लागू करने की मंशा नहीं थी तो अधिसूचना क्यों जारी की गई। उन्होंने सरकार को कर्मचारियों से टकराव से बचने की चेतावनी देते हुए कहा कि पंजाब का कामकाज कर्मचारियों के बिना ठप हो जाएगा। वडिंग ने कहा कि कर्मचारियों को कार्रवाई की धमकी देकर डराने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री को चुनौती देते हुए कहा, “अगर हिम्मत है तो कार्रवाई करके देखो… आपकी सरकार छह महीने पहले ही चली जाएगी।” उन्होंने याद दिलाया कि 2022 में इन्हीं कर्मचारियों ने आप को सत्ता में लाने में अहम भूमिका निभाई थी।

वित्तीय प्राथमिकताओं पर वडिंग के तीखे सवाल
वडिंग ने सरकार की वित्तीय प्राथमिकताओं पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कर्मचारियों के करीब 14,000 करोड़ रुपये के बकाये व लाभ न देने और 25,000 करोड़ रुपये का कर्ज लेने के लिए कथित 341 करोड़ रुपये सलाहकारों को देने पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि 2022 में करीब 2.85 लाख करोड़ रुपये का कर्ज अब बढ़कर लगभग 4.48 लाख करोड़ रुपये हो गया है।

पंजाब की नई उम्मीद हैं राहुल
वडिंग ने मालवा नहर, नए मेडिकल कॉलेजों और स्कूल-कॉलेजों से जुड़े वादों पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मान सरकार को हटाने और स्थिर सरकार के लिए संघर्ष जारी रखने की अपील की। राहुल गांधी की तारीफ करते हुए वडिंग ने उन्हें “भारत की नई उम्मीद और पंजाब की नई उम्मीद” बताया। उन्होंने कहा कि राहुल तमाम मुश्किलों के बावजूद संघर्ष करते रहे और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भी उनसे प्रेरणा लेकर लड़ाई जारी रखनी चाहिए।