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  • प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश फैल रहा हैं देशभर में : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश फैल रहा हैं देशभर में : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश फैल रहा हैं देशभर में : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    प्रधानमंत्री मोदी के जन्म दिवस पर दीप प्रज्ज्वलित कर होगा आभार प्रदर्शन
    17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक चलेगा सेवा-संकल्प अभियान
    बेहतर समन्वय और अधिक से अधिक जनसहभागिता की जाये सुनिश्चित
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने की सेवा-संकल्प अभियान की तैयारियों की समीक्षा

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा प्रज्ज्वलित विकास के दीपक का प्रकाश देशभर में फैल रहा है। यह मोदी के सेवा और जिम्मेदारी के 25 वर्षों के उजास का प्रतीक है। प्रदेश में सेवा-संकल्प अभियान 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक संचालित होगा। प्रदेशवासी प्रधानमंत्री मोदी के जन्म दिवस 17 सितम्बर को बड़ी संख्या में दीप प्रज्जवलित कर उनके प्रति आभार प्रदर्शित करेंगे, हमारा प्रयास हो कि इस अवसर पर दीप प्रज्ज्वलन का विश्व रिकॉर्ड कायम हो। सेवा संकल्प अभियान का आयोजन ग्राम और नगर स्तर पर अधिक से अधिक जनसहभागिता सुनिश्चित करते हुए उत्साह पूर्वक किया जाये। सभी कार्यक्रमों की पूर्व तैयारी के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय कर प्रभावी मॉनीटरिंग हो। वि‍भिन्न कार्यक्रमों की व्यवस्था के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ ही जनप्रतिनिधियों से भी बेहतर समन्वय और सभी संबंधितों की शत्-प्रतिशत सहभागिता सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सेवा के रंग-राष्ट्र के संग कार्यक्रम के अंतर्गत जबलपुर में ह्युमन रंगोली का राज्य स्तरीय आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सेवा संकल्प अभियान की प्रदेश में जारी तैयारियों की समत्व भवन में समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिए।

    बैठक में उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, मंत्री प्रहलाद पटेल, मंत्री राकेश सिंह, मंत्री सुनिर्मला भूरिया, मंत्री विश्वास सारंग, नागर सिंह चौहान, मंत्री राकेश शुक्ला, मंत्री इन्दर सिंह परमार और राज्यमंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल वर्चुअली शामिल हुए। समत्व भवन में हुई बैठक में मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल, अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई, केसी गुप्ता, संजय दुबे, अनुपम राजन, संजय शुक्ला, शिवशेखर शुक्ला तथा अन्य अधिकारी उपस्थित थे। बैठक से समस्त संभागायुक्त तथा जिला कलेक्टर्स वर्चुअली जुड़े।

    अभियान के अंतर्गत संचालित गतिविधियों पर प्रस्तुतिकरण

        सेवा-संकल्प अभियान की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जन्म दिवस 17 सितम्बर को आर्शीवाद का दिया कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश में दीप प्रज्ज्वलन के साथ होगी। उज्जैन के महाकाल महालोक सहित प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों और नगरीय निकायों के प्रत्येक वार्ड में शाम 7 बजे एकसाथ दीप प्रज्ज्वलित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव, उज्जैन के कार्यक्रम में सहभागिता करेंगे। प्रदेश के सभी लाभार्थी परिवारों और संस्थाओं को दीप प्रज्जवलन में शामिल किया जाए। प्रयास है कि इस महत्वपूर्ण अवसर पर मध्यप्रदेश दीप प्रज्जवलन में विश्व रिकॉर्ड कायम करे। इसी दिन सभी स्वास्थ्य केंद्रों और मेडिकल कॉलेजों में रक्तदान शिविर आयोजित होंगे। बैठक में रक्त संग्रह, परिवहन और संग्रहण के लिए आवश्यक व्यवस्था के भी निर्देश दिए हैं। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय होंगे।

        सेवा-संकल्प अभियान के अंतर्गत मेरे सपनों का भारत कार्यक्रम में 19 से 26 सितम्बर तक जिलास्तर पर और 4 व 5 अक्टूबर को राज्यस्तर पर चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताएं होंगी। इनमें सभी शासकीय और निजी स्कूल, कॉलेज भागीदारी करेंगे। राज्यस्तरीय प्रतियोगिता के विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कार और मुख्यमंत्री जी द्वारा हस्ताक्षरित प्रमाण-पत्र वितरित किए जाएंगे। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी, स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह होंगे।

        नमो सेवा-अनकही कहानियां गतिविधि 19 सितम्बर से 5 अक्टूबर तक होगी, जिसके अंतर्गत विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर नुक्कड़ नाटकों की प्रस्तुति होगी। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी संस्कृति मंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी होंगे।

        आंगन मिलन सेवा का आयोजन 26 सितम्बर से 5 अक्टूबर तक सभी आंगनवाड़ियों में होगा। इसके अंतर्गत बच्चों और माताओं के लिए स्वल्पाहार, खेल सामग्री, पठन सामग्री आदि की व्यवस्था की जाएगी। मुख्यमंत्री जी की अपील का वीडियो भी आंगनवाड़ी में महिलाओं और बच्चों को दिखाया जाएगा। आंगन मिलन सेवा में स्वास्थ्य, पोषण, टीकाकरण, एनीमिया और स्वच्छता की जानकारी दी जाएगी। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी महिला एवं बाल विकास मंत्री सुनिर्मला भूरिया होंगी।

        सेवा की कहानी कार्यक्रम 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक होगा। इसके अंतर्गत केन्द्र/राज्य सरकार की योजनाओं से जिन हितग्राहियों का जीवन बदला है, आभार स्वरूप उनके संदेश जारी किए जाएंगे। कार्यक्रम की राज्य प्रभारी, नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी होंगी।

        सेवा ज्योति कलश यात्रा 7 अक्टूबर को प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में निकाली जाएगी। इसके अंतर्गत जिला विकास पुस्तिकाओं का वितरण और जिले में हुई विकास गतिविधियों पर चर्चा होगी। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास सारंग होंगे।

        बड़नगर (गुजरात)-वाराणसी सेवा यात्रा की अवधि 17 सितम्बर से 7 अक्टूबर तक रहेगी। प्रदेश के सभी जिलों से यह यात्रा गुजरेगी। कार्यक्रम के प्रभारी लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल होंगे।

        सेवा मेरा योगदान कार्यक्रम 2 अक्टूबर से 10 अक्टूबर तक होगा। जिसके अंतर्गत समाज के सभी वर्गों और संस्थाओं की सहभागिता से विभिन्न सेवा गतिविधियां संचालित की जाएंगी। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह होंगे।

        सेवा सेतु अभियान 2 से 10 अक्टूबर तक होगा। कार्यक्रम में विकास खण्ड स्तर पर और नगरीय निकायों में जोन वार शिविरों का आयोजन किया जाएगा। केन्द्र और राज्य सरकार की विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाओं के हितलाभ पात्र हितग्राहियों को मौके पर ही प्रदान किए जाएंगे। इस कार्यक्रम से जनविश्वास अभियान को भी जोड़ा जाएगा। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री राजेन्द्र शुक्ल, होंगे।

        सेवा के रंग राष्ट्र के संग कार्यक्रम में भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, झाबुआ और अलीराजपुर में 9 और 10 अक्टूबर को बड़े पैमाने पर जनसहभागिता से ह्युमन रंगोली का निर्माण किया जाएगा। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री नागर सिंह चौहान होंगे।

        सेवा फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज कार्यक्रम 12 अक्टूबर को होगा। जिसमें इन्क्यूबेटर्स, स्टार्टअप लीडर्स और इनोवेटर्स सहभागिता करेंगे। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी मंत्री राकेश शुक्ला, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन होंगे।

        सुशासन सेवा संवाद का कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर पर 17 अक्टूबर को नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। जिसमें प्रदेश के पंच-सरपंच शामिल होंगे। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल होंगे।

        25 साल-25 कहानियां के अंतर्गत सभी जिलों में गणमान्य नागरिकों और प्रबुद्ध वर्ग के परिवारों को केन्द्र सरकार से प्राप्त होने वाली किट्स भेंट की जाएंगी। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी उच्च शिक्षा मंत्री इंदरसिंह परमार होंगे।

        विकसित भारत संकल्प यात्रा इन्फ्लूऐंसर एक्सचेंज कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश में आए अन्य राज्यों के सोशल मीडिया के इन्फ्लूऐंसर्स प्रदेश के जिलों का भ्रमण करेंगे। कार्यक्रम के राज्य प्रभारी उच्च शिक्षा मंत्री इन्दर सिंह परमार होंगे।

    बैठक में सेवा सेतु मेगा शिविरों की विकासखण्डवार और जोनवार तैयारी कर अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों को विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए गए। साथ ही अभियान के अंतर्गत आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में शामिल होने प्रतिभागियों के आवागमन, भ्रमण, भोजन आदि की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारियों को निर्देशित किया गया।

     

  • सेवा संकल्प अभियान को जनभागीदारी का उत्सव बनाएं : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    सेवा संकल्प अभियान को जनभागीदारी का उत्सव बनाएं : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    सेवा संकल्प अभियान को जनभागीदारी का उत्सव बनाएं : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर की संध्या हर घर में ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाने का किया आह्वान

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रदेशवासियों से सेवा, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और जरूरतमंदों की सहायता के कार्यों से जुड़ने की अपील की

    ‘आशीर्वाद का दीया’ प्रधानमंत्री के स्वस्थ एवं सुदीर्घ जीवन की शुभकामनाओं के साथ सेवा, जनकल्याण और विकसित भारत के संकल्प का बने प्रतीक : मुख्यमंत्री साय

    रायपुर 
     मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों से 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले ‘सेवा संकल्प अभियान’ से पूरे उत्साह और आत्मीयता के साथ जुड़ने की अपील की है। 

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रदेशवासियों के नाम जारी अपनी अपील में कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष राष्ट्र और जनसेवा को समर्पित किए हैं। प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर के परिप्रेक्ष्य में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक पूरे देश में ‘सेवा संकल्प अभियान’ आयोजित किया जा रहा है।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सेवा छत्तीसगढ़ की संस्कृति और संस्कारों का अभिन्न हिस्सा है। प्रदेश का प्रत्येक नागरिक अपनी सहभागिता से इस अभियान को जनसेवा और जनभागीदारी का व्यापक उत्सव बनाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अभियान सेवा के भाव को जन-जन तक पहुंचाने और समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को सहभागिता के साथ निभाने का अवसर है। उन्होंने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे अपने गांव, शहर और आसपास स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, जरूरतमंदों की सहायता और जनसेवा से जुड़े कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाएं तथा अधिक से अधिक लोगों को भी इस अभियान से जोड़ें।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गरीब कल्याण और विकास की योजनाओं ने लाखों परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। पक्का आवास, स्वच्छ पेयजल, बिजली, सड़क, बेहतर स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हुआ है। विकास की प्रत्येक उपलब्धि के केंद्र में आम नागरिकों के पूरे होते सपने, उनका बढ़ता आत्मविश्वास और जीवन में आती खुशहाली है।

    17 सितंबर की संध्या जलाएं ‘आशीर्वाद का दीया’

    मुख्यमंत्री साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस पर प्रदेशवासियों से एक विशेष और आत्मीय अपील भी की है। उन्होंने कहा कि 17 सितंबर को संध्या 7 बजे प्रत्येक परिवार अपने घर में ‘आशीर्वाद का दीया’ अवश्य जलाए और अपने आसपास के लाभार्थी परिवारों को भी इस पहल से जोड़े।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि यह दीया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ और सुदीर्घ जीवन के लिए छत्तीसगढ़वासियों की शुभकामनाओं का प्रतीक होने के साथ सेवा, जनकल्याण और विकसित भारत के निर्माण के सामूहिक संकल्प का भी प्रतीक बने।

    उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश ने गरीब कल्याण और विकास को जनभागीदारी से जोड़ते हुए आगे बढ़ने की नई ऊर्जा प्राप्त की है। इसी भावना के अनुरूप सेवा संकल्प अभियान के दौरान समाज का प्रत्येक वर्ग अपनी क्षमता के अनुसार सेवा का कोई न कोई कार्य करे। जब सेवा का भाव जनभागीदारी से जुड़ता है, तभी वह समाज में व्यापक और स्थायी परिवर्तन का माध्यम बनता है।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में छत्तीसगढ़ अपनी सशक्त भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित है। विकसित भारत का संकल्प तभी साकार होगा, जब हमारे गांव विकसित हों, शहर आगे बढ़ें और प्रत्येक परिवार विकास की मुख्यधारा से जुड़े। सेवा संकल्प अभियान इस सामूहिक संकल्प को और मजबूत करने का अवसर है।

    मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों का आह्वान करते हुए कहा कि आइए, हम सभी मिलकर ‘सेवा संकल्प अभियान’ को छत्तीसगढ़ में जनभागीदारी का उत्सव बनाएं। सेवा और जनकल्याण के कार्यों से जुड़कर विकसित भारत के निर्माण में विकसित छत्तीसगढ़ की सशक्त भागीदारी सुनिश्चित करें।

  • छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: आबकारी हेड कांस्टेबल को गृह जिले बिलासपुर में पोस्टिंग देने के निर्देश

    छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: आबकारी हेड कांस्टेबल को गृह जिले बिलासपुर में पोस्टिंग देने के निर्देश

    बिलासपुर

     छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने आबकारी विभाग के हेड कांस्टेबल नेल्सन लवेट की याचिका पर सुनवाई करते हुए बड़ा आदेश दिया है। कोर्ट ने उन्हें उनके गृह जिले बिलासपुर में पोस्टिंग देने को कहा है। साथ ही कहा है कि आदेश की कॉपी मिलने के 15 दिन के अंदर पोस्टिंग का आदेश जारी किया जाए।

    इस मामले की सुनवाई जस्टिस बिभू दत्ता गुरु की सिंगल बेंच में हुई। याचिकाकर्ता इस समय रायगढ़ जिले में आबकारी हेड कांस्टेबल के पद पर हैं। उन्होंने रायगढ़ से बिलासपुर ट्रांसफर और 2025 की ट्रांसफर पॉलिसी के क्लॉज 3.12 का फायदा देने की मांग की थी।

    1993 में सेल्समैन के पद पर हुई थी नियुक्ति

    कोर्ट को बताया गया कि नेल्सन लवेट की नियुक्ति 19 अप्रैल 1993 को आबकारी विभाग में सेल्समैन के तौर पर हुई थी। बाद में उन्हें नियमित किया गया और आबकारी आरक्षक बनाया गया। साल 2014 में उनका ट्रांसफर कोरबा से बिलासपुर हुआ था। फिर 24 जून 2022 को उन्हें बिलासपुर से रायगढ़ भेज दिया गया। साल 2023 में प्रमोशन के बाद वे आबकारी हेड कांस्टेबल बने और रायगढ़ में ही तैनात रहे।

    पत्नी बीमार, रिटायरमेंट भी नजदीक

    याचिकाकर्ता ने कोर्ट को बताया कि वे जुलाई 2027 में रिटायर होने वाले हैं। उनकी पत्नी की तबीयत भी ठीक नहीं है और उनका लगातार इलाज चल रहा है। उन्होंने गृह जिले बिलासपुर में पोस्टिंग के लिए कई बार विभाग को आवेदन दिया, लेकिन कोई फैसला नहीं हुआ।
    सरकार ने कहा पॉलिसी लागू नहीं होती

    राज्य सरकार की तरफ से कहा गया कि 5 जून 2025 की ट्रांसफर पॉलिसी आबकारी विभाग पर लागू नहीं होती। क्योंकि इस पॉलिसी में पुलिस, आबकारी, परिवहन, वाणिज्यिक कर और शिक्षा विभाग को बाहर रखा गया है। सरकार ने ये भी कहा कि किसी कर्मचारी को उसकी पसंद की पोस्टिंग देने का कोई कानूनी हक नहीं बनता।
    कोर्ट ने कहा रिटायरमेंट से पहले लाभ मिलना चाहिए

    हाईकोर्ट ने सरकार की इस दलील को नहीं माना। कोर्ट ने कहा कि याचिकाकर्ता जुलाई 2027 में रिटायर होने वाले हैं और उन्होंने होम जिले में पोस्टिंग के लिए कई बार आवेदन दिया है। कोर्ट ने कहा कि एक साल के अंदर रिटायर होने वाले कई विभागों के कर्मचारियों को उनकी पसंद या गृह जिले में पोस्टिंग का लाभ दिया गया है, तो याचिकाकर्ता को भी ये लाभ मिलना चाहिए।आकाश शर्मा वर्तमान में 'जागरण न्यू मीडिया' में सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। उन्हें डिजिटल कंटेंट क्रिएशन में विशेषज्ञता हासिल है और उनके पास पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन से अधिक

     

  • यूपी की 40 हजार मेधावी छात्राओं को मिलेगी स्कूटी, जनवरी तक वितरण की तैयारी

    यूपी की 40 हजार मेधावी छात्राओं को मिलेगी स्कूटी, जनवरी तक वितरण की तैयारी

    लखनऊ
    यूपी सरकार मेधावी छात्राओं को स्कूटी देगी। दरअसल, महत्वाकांक्षी रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत 40 हजार छात्राओं को जनवरी तक स्कूटी देने की तैयारी है। स्कूटी उपलब्ध कराने के लिए उच्च शिक्षा विभाग ने जेम पोर्टल पर बिड जारी की है। चयनित कंपनी को सिर्फ 100 दिनों में स्कूटी आपूर्ति करनी होगी। उच्च शिक्षा विभाग ने सितंबर अंत तक खरीद प्रक्रिया को अंतिम रूप देने की तैयारी की है। उसके बाद 100 दिन सप्लाई में लगेगा। इस लिहाज से जनवरी तक छात्राओं को स्कूटी मिलने की उम्मीद है। खास बात यह है कि स्कूटियों की डिलीवरी प्रदेश के सभी 75 जिला/मंडल मुख्यालयों पर की जाएगी।

    प्रत्येक स्थान पर कितनी स्कूटी भेजी जाएंगी, इसकी जानकारी खरीद आदेश के समय देंगे। इस बीच छात्राओं की चयन सूची भी तैयार हो जाएगी। हालांकि अधिकारियों ने स्कूटी की संख्या 25 प्रतिशत तक बढ़ाने या घटाने का प्रावधान रखा है, ताकि यदि लाभार्थियों की संख्या बढ़ती है तो अतिरिक्त वाहनों की सप्लाई में किसी तरह की कोई परेशानी न होने पाए। यही नहीं यह संख्या आवश्यकता पड़ने पर और 25 फीसदी से भी अधिक बढ़ या घट सकती है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. मोनिका सिंह के अनुसार स्कूटी खरीद के लिए विक्रेताओं से 21 सितंबर को 12 बजे से ऑनलाइन बैठक होगी।

    स्कूटी के साथ मिलेगी ये एक्सेसरीज
    हर स्कूटी के साथ एक आईएस 4151:2015 मानक का हेलमेट और चार लीटर पेट्रोल भी दिया जाएगा। स्कूटी के साथ कई एक्सेसरीज जैसे गार्ड किट, ग्रिप कवर, किक रबर, सीट कवर समेत अन्य वस्तुंए भी अनिवार्य है। स्कूटी BS6, ऑटोमैटिक और ट्यूबलेस टायर वाला होगा।

    दिव्यांगजनों के लिए बेहतरीन काम करने वालों को मिलेगा प्राइज
    उधर, दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण और उनके लिए उत्कृष्ट काम करने वाले व्यक्तियों और संस्थाओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से योगी सरकार ने राज्य स्तरीय पुरस्कार-2026 की घोषणा की है। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से 3 दिसंबर को विश्व दिव्यांग दिवस के अवसर पर विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।

    यह पहल दिव्यांगजनों के सम्मान, आत्मनिर्भरता और सामाजिक भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए है। राज्य सरकार ने पुरस्कारों के माध्यम से दिव्यांगजनों के लिए बेहतर काम करने वाले लोगों और संस्थाओं को पहचान देने की व्यवस्था की है। पुरस्कार के लिए इच्छुक व्यक्ति एवं संस्थाएं जिलाधिकारी की संस्तुति के साथ 15 सितंबर तक दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के निदेशालय लखनऊ में आवेदन कर सकते हैं। विभाग ने पुरस्कार से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए विभागीय वेबसाइट और हेल्पलाइन नंबर 18001801995 उपलब्ध है।

  • CGPSC घोटाला: चेतन बोरघरिया के खाते में 170 लेनदेन से जमा हुए ₹66.64 लाख, ED जांच में बड़ा खुलासा

    CGPSC घोटाला: चेतन बोरघरिया के खाते में 170 लेनदेन से जमा हुए ₹66.64 लाख, ED जांच में बड़ा खुलासा

    रायपुर

    प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की हिरासत में मौजूद बलरामपुर-रामानुजगंज के अपर कलेक्टर ओएसडी चेतन बोरघरिया के खाते में 170 अलग-अलग लेनदेन के जरिए कुल 66.64 लाख रुपये नकद जमा हुए थे। ईडी की जांच में सामने आया है कि बोरघरिया और उत्कर्ष चंद्राकर के बीच भी कई वित्तीय लेनदेन हुए हैं। ईडी ने 11 सितंबर को पीएमएलए के तहत चेतन को गिरफ्तार किया है। उन्हें रायपुर की विशेष पीएमएलए अदालत ने छह दिन की ईडी हिरासत में भेजा है।

    छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) की राज्य सेवा परीक्षा 2021 में अभ्यर्थियों को चयन का भरोसा दिलाकर तीन करोड़ रुपये से अधिक की अवैध रकम वसूले जाने की ईडी जांच कर रही है। ईडी की जांच में सामने आया है कि उत्कर्ष चंद्राकर, अनिल चंद्राकर और डाॅ. विकास चंद्राकर ने सीजीपीएससी राज्य सेवा परीक्षा 2021 में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों से कथित तौर पर तीन करोड़ रुपये से अधिक की रकम जुटाई।

     

    बघेल के ओएसडी रहे चेतन के नाम और पद का इस्तेमाल

    अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने और चयन सुनिश्चित कराने का भरोसा दिया गया था। इस भरोसे के लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के कार्यालय में ओएसडी रहे चेतन बोरघरिया के नाम और पद का कथित तौर पर इस्तेमाल किए जाने की बात जांच में सामने आई है।

    पहले पेपर, फिर चयन का भरोसा

    ईडी के मुताबिक यह पूरा मामला केवल पैसे के लेनदेन तक सीमित नहीं था, बल्कि अभ्यर्थियों को परीक्षा में फायदा पहुंचाने के लिए कथित तौर पर एक पूरा नेटवर्क तैयार किया गया था। जांच में सामने आया कि प्रारंभिक परीक्षा से पहले कुछ अभ्यर्थियों को रायपुर के सिद्धि विनायक मैरिज पैलेस में एकत्र किया गया। यहां उन्हें कथित रूप से लीक प्रश्नपत्र उपलब्ध कराया गया।

    रिसोर्ट में ठहराए गए अभ्यर्थी

    इसके बाद अभ्यर्थियों को बारनवापारा अभयारण्य स्थित रिसार्ट में ठहराने और मुख्य परीक्षा की तैयारी कराने की बात सामने आई है। ईडी का दावा है कि वहां मुख्य परीक्षा से संबंधित लीक प्रश्नपत्र के आधार पर कथित तौर पर कोचिंग दी गई।

    खाते में 66.64 लाख की नकद जमा

    ईडी की वित्तीय जांच में चेतन बोर्घरिया के बैंक खाते से जुड़े लेनदेन को अहम कड़ी माना गया है। एजेंसी के मुताबिक संबंधित अवधि में उनके खाते में 170 अलग-अलग लेनदेन के जरिए कुल 66.64 लाख रुपये नकद जमा हुए। जांच में बोर्घरिया और उत्कर्ष चंद्राकर के बीच भी कई वित्तीय लेनदेन सामने आने का दावा किया गया है।

    कड़ियां जोड़ रही ईडी

    अब ईडी इन रकम के स्रोत और उपयोग की कड़ियां जोड़ रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि अभ्यर्थियों से कथित तौर पर जुटाई गई तीन करोड़ रुपये से अधिक की रकम किस-किस व्यक्ति तक पहुंची और उसे किन खातों या माध्यमों से आगे भेजा गया।

    मोबाइल ने खोली पैसों के लेनदेन की कड़ी

    बोरघरिया के खिलाफ कार्रवाई से पहले ईडी ने एक सितंबर को उनके परिसरों में तलाशी ली थी। तलाशी के दौरान मोबाइल फोन समेत कई डिजिटल उपकरण जब्त किए गए। इनकी फोरेंसिक जांच में चेतन बोर्घरिया और उत्कर्ष चंद्राकर के बीच हुई बातचीत सामने आई।

    वित्तीय लेनदेन का खुलासा हुआ

    ईडी के अनुसार इन संवादों में वित्तीय लेनदेन के साथ रकम वापस करने और भुगतान की मांग से संबंधित बातचीत भी मिली है। एजेंसी ने डिजिटल साक्ष्यों को बैंकिंग लेनदेन और पीएमएलए के तहत दर्ज बयानों के साथ जोड़कर जांच आगे बढ़ाई है।

    फिगरकेव कंपनी के लेनदेन भी जांच के घेरे में

    जांच के दौरान फिगरकेव ई-कॉम (ओपीसी) प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े वित्तीय लेनदेन भी सामने आए हैं। ईडी को संदेह है कि कंपनी का इस्तेमाल कथित तौर पर रकम की लेयरिंग और उसे अलग-अलग माध्यमों से आगे बढ़ाने के लिए किया गया हो सकता है। कंपनी से जुड़े लेनदेन और उसमें शामिल लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

    ईओडब्ल्यू-एसीबी की एफआइआर से शुरू हुई कार्रवाई

    सीजीपीएससी की राज्य सेवा परीक्षा 2020 और 2021 में कथित भ्रष्टाचार, हेरफेर और अनियमितताओं को लेकर रायपुर ईओडब्ल्यू-एसीबी में एफआइआर दर्ज की गई थी। बाद में मूल अपराध की जांच सीबीआई ने अपने हाथ में ली। सीबीआई ने तत्कालीन सीजीपीएससी अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी और अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर मामले में आरोपपत्र भी पेश किया है।

    ईडी भी कर रही जांच

    प्रकरण से जुड़े अपराध से अर्जित रकम की जांच ईडी कर रही है। एजेंसी का कहना है कि अब तक जुटाए गए डिजिटल साक्ष्य, बैंकिंग रिकॉर्ड और बयानों से चेतन बोर्घरिया की कथित भूमिका सामने आई है। इसी आधार पर उन्हें पीएमएलए की धारा 19 के तहत गिरफ्तार किया गया। मामले में आगे की जांच जारी है।

  • लीबिया के मिसराता एयरपोर्ट पर VVIP को ले जा रहा विमान क्रैश, सभी सुरक्षित

    लीबिया के मिसराता एयरपोर्ट पर VVIP को ले जा रहा विमान क्रैश, सभी सुरक्षित

     मिसराता
    लीबिया के मिसराता एयरपोर्ट पर सोमवार को एक विमान हादसे का शिकार हो गया. विमान में एक VVIP के सवार होने की बात सामने आई है. हादसे के बाद इलाके का एयर स्पेस बंद कर दिया गया है. हालांकि अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि विमान में सवार वह प्रमुख व्यक्ति कौन था और हादसा किस वजह से हुआ.

    VVIP पैसेंजर था सवार
    अल अरबिया न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को एक विमान लीबिया के मिसराता एयरपोर्ट पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया. विमान में एक प्रमुख शख्सियत सवार था. हादसे की खबर सामने आते ही इलाके में हलचल बढ़ गई और हवाई क्षेत्र को बंद कर दिया गया. फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि विमान में सवार वह प्रमुख व्यक्ति कौन था. रिपोर्ट में अभी उसकी पहचान का खुलासा नहीं किया गया है.

    लीबिया की मीडिया के मुताबिक सेसना 650 प्लेन में तीन क्रू मेंबर सवार थे. इसमें पायलट जर्मन था और को पायलट और एक फ्लाइट अटेंडेंट तुर्की के थे. शुरुआती जांच के मुताबिक जब प्लेन हवाई अड्डे पर लैंड करने वाला था, तभी उसमें तकनीकी खराबी आ गई. इसी कारण पायलट को रनवे से बाहर जाने के लिए इमरजैंसी लैंडिंग करनी पड़ी. शुरुआती जानकारी से पुष्टि हुई कि इस घटना में किसी के मौत की खबर नहीं है. विमान के मलबे के कारण रनवे पर उड़ानों को बंद कर दिया गया.

    प्लेन क्रैश में जा चुकी है लीबिया के आर्मी चीफ की जान
    लीबिया को पिछले साल भी प्लेन क्रैश के कारण झटका लग चुका है. दिसंबर 2025 में प्लेन करैश में लीबिया के आर्मी चीफ समेत कुल 8 लोगों की मौत हुई थी. हालांकि ये हादसा लीबिया की जमीन पर नहीं हुआ था, बल्कि तुर्की में हुआ था. 23 दिसंबर को तुर्की के एसेनबोगा एयरपोर्ट से त्रिपोली जा रहा प्राइवेट विमान फैल्कन-50 जेट उड़ान के कुछ ही समय बाद क्रैश हुआ था. विमान में तकनीकी खराबी बताई गई थी.

    लीबिया के मिसराता एयरपोर्ट पर एक सेसना 650 (Cessna 650) विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ है, जिसमें एक वीवीआईपी (VVIP) यानी महत्वपूर्ण हस्ती सवार थीं। हालांकि, विमान में सवार इस प्रमुख व्यक्ति की पहचान अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। इस विमान में चालक दल के तीन सदस्य भी शामिल थे, जिनमें पायलट जर्मन और को-पायलट व फ्लाइट अटेंडेंट तुर्की के नागरिक थे।

     

  • 4000 करोड़ की ‘रामायण’ का पहला गाना ‘जय जय राम’ रिलीज, भक्ति के बीच उठे ये बड़े सवाल

    4000 करोड़ की ‘रामायण’ का पहला गाना ‘जय जय राम’ रिलीज, भक्ति के बीच उठे ये बड़े सवाल

    नितेश तिवारी की 4000 करोड़ वाली 'रामायण' से उम्मीदें सिर्फ एक फिल्म जितनी नहीं हैं. ये वो कहानी है जिसे भारत का बच्चा-बच्चा जानता है, जिसके किरदारों से करोड़ों लोगों की आस्था जुड़ी है और जिसके हर नए रूप से लोगों की उम्मीदें भी जुड़ जाती हैं. ऐसे में गणेश चतुर्थी के शुभ मौके पर जब फिल्म का पहला गाना 'जय जय राम' रिलीज हुआ, तो जाहिर है उत्सुकता भी जबरदस्त थी.

    एआर रहमान का संगीत, अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल की आवाज और डॉ. कुमार विश्वास के बोल… कागज पर ये कॉम्बिनेशन किसी म्यूजिकल धमाके से कम नहीं लगता. गाना शुरू होता है और पहली ही सुनवाई में मन को सुकून देता है. राम-सिया की प्रेम कहानी, शादी, अयोध्या की गलियां, फूल बरसाती प्रजा, राम का योद्धा रूप… विजुअल्स भी भव्य हैं. रणबीर कपूर और साई पल्लवी की जोड़ी स्क्रीन पर खूबसूरत लगती है.

    लेकिन यहीं से मेरे मन में एक सवाल उठता है- इसमें नया क्या है?
    क्योंकि गाने की सबसे बड़ी ताकत ही इसकी सबसे बड़ी कमजोरी बन जाती है. 'राम सिया राम… सिया राम जय जय राम' की वही जानी-पहचानी धुन कानों में पड़ते ही बचपन की यादें ताजा हो जाती हैं. ये वही भाव है जिससे हम सालों से जुड़े हुए हैं. 1975 में जसपाल सिंह की आवाज और रवींद्र जैन के लिखे-संगीतबद्ध भजन की लोकप्रियता ऐसी है कि इसे सुनते ही भावुक होना लगभग तय है.

    रामायण के गाने जय जय राम का एक सीन
    तो फिर सवाल ये है कि हमें गाना पसंद आया या उस पुरानी धुन से जुड़ी हमारी भावनाओं ने इसे पसंद करवा दिया?

    मेरी नजर में 'जय जय राम' यहीं थोड़ा फिसल जाता है. मैं ये नहीं कहती कि ये पूरा गाना ही नाउम्मीदी वाला है या कॉपी किया है लेकिन जैसे ही वो पार्ट आता है जिसे हमने बचपन से सुना है, मन में अलग ही भावनाएं उमड़ने लगती हैं. फिर मैं इस गाने को रणबीर की रामायण के रूप में नहीं देख पाती.

    क्योंकि जिस 4000 करोड़ के बजट, इतनी बड़ी स्टारकास्ट और एआर रहमान जैसे ऑस्कर विजेता संगीतकार के साथ इतना बड़ा संसार रचा है, वहां संगीत में भी अपनी एक अलग पहचान की उम्मीद थी. लेकिन पुरानी धुन का सहारा लेते ही गाना कहीं न कहीं री-क्रिएशन जैसा महसूस होने लगता है.

    ऊपर से टीजर और ट्रेलर की तरह गाने में भी कहानी के लगभग हर बड़े पड़ाव को ठूंस दिया गया है. सीता स्वयंवर से राम-सिया विवाह, राज्याभिषेक की तैयारी से वनवास और फिर लक्ष्मण-भरत के त्याग तक… सब कुछ दिखाने की कोशिश है. यानी गाना कम और पूरी रामायण की झलक ज्यादा लगती है. ये वही दिक्कत है जो फिल्म के टीजर और ट्रेलर में भी नजर आई थी- हर चीज दिखा देने की बेचैनी. 'रामायण' जैसी कहानी में तो शायद ठहराव ज्यादा खूबसूरत होता.

    रामायण के गाने जय जय राम का एक सीन
    गणेश चतुर्थी पर दर्शकों को गाने के रूप में 'भेंट' देने की भावना अच्छी है. लेकिन इस भेंट में मेकर्स की अपनी मौलिक छाप उतनी साफ नहीं दिखती, जितनी इस फिल्म से उम्मीद है. रणबीर का राम, साई पल्लवी की सीता और पूरी दुनिया भले ही नई हो, लेकिन संगीत सुनते ही हम पुराने राम के पास लौट जाते हैं.

    और शायद यही 'जय जय राम' की सबसे बड़ी विडंबना है- गाना सुनकर रोंगटे तो खड़े होते हैं, लेकिन फिल्म की अपनी आवाज सुनाई नहीं देती. अगर यही भक्ति, वही भाव और वही जुड़ाव किसी बिल्कुल नई धुन के साथ पैदा होता, तो शायद इस 4000 करोड़ की 'रामायण' के पहले गाने की बात ही कुछ और होती.

  • राम मंदिर दर्शन के बाद कबीर दुहन सिंह का बड़ा संकेत, अयोध्या पर बन सकती है नई फिल्म

    राम मंदिर दर्शन के बाद कबीर दुहन सिंह का बड़ा संकेत, अयोध्या पर बन सकती है नई फिल्म

    अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद शहर की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान के साथ-साथ यहां फिल्म इंडस्ट्री की दिलचस्पी भी बढ़ती दिखाई दे रही है. ‘हनुमान अंश’ जैसी फिल्मों को मिल रहे दर्शकों के प्यार के बीच अब साउथ के एक्टर कबीर दुहन सिंह भी अयोध्या पहुंचे हैं. लखनऊ में एक अहम मीटिंग के बाद अयोध्या पहुंचे कबीर ने हनुमानगढ़ी और राम मंदिर में दर्शन-पूजन किया और अपनी अगली फिल्म को लेकर भी बड़ा संकेत दिया.

    लखनऊ की मीटिंग के बाद पहुंचे अयोध्या
    कबीर दुहन सिंह ने बताया कि वह लखनऊ में एक मीटिंग के सिलसिले में आए थे. अयोध्या इतनी करीब हो और हनुमान जी के दर्शन किए बिना लौट जाएं, ऐसा वह नहीं कर सकते. उन्होंने कहा- लखनऊ में एक मीटिंग के लिए आया था. इतने पास होने के बाद भी हनुमान जी को बिना राम-राम बोले नहीं जा सकता था. चाहे मैं 200 या 300 किलोमीटर की दूरी पर रहूं, हनुमान जी के दर्शन के लिए जरूर आऊंगा.

    कबीर ने बताया कि वह पिछले महीने भी अयोध्या आए थे. इस बार भी उन्होंने हनुमानगढ़ी में दर्शन किए और इसके बाद राम मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की.

    अयोध्या और राम मंदिर पर बन सकती है नई फिल्म
    कबीर की इस अयोध्या यात्रा को उनकी अगली फिल्म से जोड़कर भी देखा जा रहा है. एक्टर ने लखनऊ में हुई मीटिंग को लेकर कहा कि बातचीत काफी अच्छी रही है और जल्द ही वह दोबारा यहां आ सकते हैं.

    उन्होंने कहा- लखनऊ में बहुत अच्छी मीटिंग हुई है. हनुमान जी की कृपा से सब हो रहा है. बहुत जल्द दोबारा आएंगे. उनके इस बयान से साफ संकेत मिल रहे हैं कि अयोध्या और राम मंदिर की पृष्ठभूमि से जुड़ा कोई नया फिल्मी प्रोजेक्ट पाइपलाइन में हो सकता है. हालांकि, अभी फिल्म के नाम, कहानी या बाकी कलाकारों को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.

    ‘हनुमान अंश’ को लेकर कबीर ने कही ये बात
    अयोध्या में कबीर ने हालिया फिल्म ‘हनुमान अंश’ का भी जिक्र किय. उन्होंने फिल्म की तारीफ करते हुए कहा कि यह बेहद शानदार मूवी है. एक्टर ने बताया कि शुरुआत में उन्होंने फिल्म को दो-तीन हफ्ते तक नहीं देखा था, लेकिन जब लोगों ने इसे देखना शुरू किया तो फिल्म को लेकर माहौल बदल गया और यह सिनेमाघरों में चलने लगी.

    ‘हनुमान अंश’ बाबा नीम करौली की कहानी से प्रेरित फिल्म है और इसमें आध्यात्मिकता के साथ आस्था और भक्ति का पहलू देखने को मिलता है. फिल्म को दर्शकों से मिल रहे रिस्पॉन्स के बीच अब धार्मिक और आध्यात्मिक कहानियों पर बनने वाली फिल्मों को लेकर भी इंडस्ट्री में नया उत्साह नजर आ रहा है.

    कौन हैं कबीर दुहन सिंह?
    कबीर दुहन सिंह साउथ की कई फिल्मों में काम कर चुके हैं, वो खासतौर से विलेन का किरदार निभाने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने साल 2015 में तेलुगु फिल्म 'जिल' (Jil) से अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत की थी. इसके अलावा उनकी फिल्मों की लिस्ट में 'वेदलम्' (Vedalam), 'सरदार गब्बर सिंह', 'बंगाल टाइगर', 'पैलवान' (Pailwaan) और समांथा स्टारर 'शकुंतलम' (जिसमें उन्होंने किंग असुर का रोल निभाया था) शामिल हैं.

    आगे बनेंगी महाप्रभु जगन्नाथ और राधा-कृष्ण से जुड़ी फिल्में
    ‘हनुमान अंश’ के बाद धार्मिक और आध्यात्मिक सिनेमा का दायरा और बड़ा होता नजर आ रहा है. आने वाले समय में महाप्रभु जगन्नाथ पर आधारित फिल्म भी दर्शकों के सामने आएगी. इसके अलावा प्रेमानंद महाराज के जीवन और विचारों से प्रेरित ‘राधा अंश’ नाम की फिल्म बनने की तैयारी है.

    इतना ही नहीं, राधा-कृष्ण की अमर प्रेम कहानी को बड़े पर्दे पर दिखाने की तैयारी भी चल रही है. आने वाले दिनों में बॉलीवुड और भारतीय फिल्म इंडस्ट्री में भक्ति, अध्यात्म और भारतीय संस्कृति से जुड़ी कहानियों का एक नया फिल्मी दौर देखने को मिल सकता है.

  • गणेश चतुर्थी पर बप्पा की भक्ति में डूबे बॉलीवुड सितारे, अनन्या से काजोल तक ने शेयर की झलकियां

    गणेश चतुर्थी पर बप्पा की भक्ति में डूबे बॉलीवुड सितारे, अनन्या से काजोल तक ने शेयर की झलकियां

    आज 14 सितंबर को देशभर में गणेश चतुर्थी का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है. आम लोगों के साथ-साथ बॉलीवुड सेलेब्स भी बप्पा की भक्ति में डूबे नजर आए. सितारों ने सोशल मीडिया पर गणपति बप्पा के साथ तस्वीरें और वीडियो शेयर कर फैंस को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दी हैं.

    अनन्या पांडे ने शेयर किया पोस्ट
    एक्ट्रेस अनन्या पांडे ने इंस्टाग्राम पर गणेश चतुर्थी के सेलिब्रेशन की कुछ झलकियां शेयर की हैं. फोटोज में वो अपनी फैमिली संग गणपति बप्पा की पूजा करती नजर आईं. अनन्या सूट में बेहद ही खूबसूरत लग रही थी.

    रितेश देशमुख और जेनेलिया ने मनाई गणेश चतुर्थी
    एक्टर रितेश देशमुख और जेनेलिया ने भी अपने घर में बप्पा का स्वागत किया. उन्होंने इंस्टाग्राम पर गणेश चतुर्थी के सेलिब्रेशन की तस्वीरें शेयर की हैं. फोटोज में दोनों अपने बच्चों और परिवार संग इस त्यौहार को मनाते नजर आ रहे हैं.

    काजोल ने शेयर की फोटो
    एक्ट्रेस काजोल ने भी अपने घर गणपति बप्पा का वेलकम किया. गणेश चतुर्थी के मौके पर काजोल ने इंस्टाग्राम पर एक फोटो शेयर की है, जिसमें वो बप्पा की मूर्ति के साथ सेल्फी लेती नजर आईं.

    महिमा मकवाना ने दिखाई सेलिब्रेशन की झलक
    एक्ट्रेस महिमा मकवाना ने भी अपने परिवार संग गणेश चतुर्थी मनाई. उन्होंने इंस्टाग्राम पर सेलिब्रेशन की कई तस्वीरें शेयर की हैं. साड़ी पहने महीमा हाथ जोड़कर पोज देती नजर आईं.

     दिशा परमार ने भी शेयर की फोटो
     दिशा परमार और राहुल वैद्य ने भी हर साल की तरह इस बार अपने घर बप्पा का स्वागत किया. दिशा ने इंस्टाग्राम पर फोटो भी शेयर की है.

    सुनीता आहूजा ने बच्चों संग मनाई गणेश चतुर्थी
    गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा के कई फोटोज और वीडियो सामने आए हैं, जिसमें गणपति बप्पा की आरती करती नजर आ रही हैं. इस दौरान उनके बेटे यशवर्धन और बेटी टीना भी मौजूद थे. उन्होंने पैप्स को प्रसाद भी बांटा.

  • दक्षिण अफ्रीका में भीषण सड़क हादसा, दो मिनीबसों की टक्कर में 21 लोगों की मौत

    दक्षिण अफ्रीका में भीषण सड़क हादसा, दो मिनीबसों की टक्कर में 21 लोगों की मौत

    केप टाउन
    दक्षिण अफ्रीका के वेस्टर्न केप प्रांत में एक भीषण सड़क हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया। N1 हाईवे पर दो मिनीबस टैक्सियों की आमने-सामने टक्कर के बाद एक तीसरा वाहन भी दुर्घटनाग्रस्त वाहनों के मलबे से जा टकराया। हादसे में कम से कम 21 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। दुर्घटना रविवार रात करीब 11:30 बजे वेस्टर्न केप प्रांत में Prince Albert और Leeu-Gamka के बीच N1 हाईवे पर हुई। यह स्थान केप टाउन से करीब 380 किलोमीटर दूर है। दक्षिण अफ्रीका की सड़क यातायात प्रबंधन निगम और स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक हादसे में दो मिनीबस टैक्सियां आमने-सामने टकरा गईं।

    इसके बाद एक तीसरा वाहन, जिसे अधिकारियों ने एसयूवी बताया, दुर्घटनाग्रस्त वाहनों से जा भिड़ा। टक्कर इतनी भीषण थी कि मौके पर बड़ी संख्या में लोग हताहत हुए। बचाव दल ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया। पुलिस के अनुसार, तीन लोगों को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वहां पहुंचने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। हादसे में कई अन्य लोगों को गंभीर चोटें आई हैं।  हादसे के बाद N1 हाईवे के दुर्घटनास्थल वाले हिस्से को बंद कर दिया गया।
     
    बचाव, मलबा हटाने और दुर्घटना की जांच का काम जारी रहा। स्थानीय अधिकारियों ने वाहन चालकों को प्रभावित मार्ग से बचने और यातायात अधिकारियों के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी। अधिकारियों ने अभी दुर्घटना की अंतिम वजह स्पष्ट नहीं की है। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि दोनों मिनीबस की आमने-सामने टक्कर किन परिस्थितियों में हुई और तीसरा वाहन दुर्घटनास्थल तक कैसे पहुंचा।