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  • सरकारी कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले: सरकार का बड़ा फैसला, सैलरी-पेंशन में राहत

    सरकारी कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले: सरकार का बड़ा फैसला, सैलरी-पेंशन में राहत

    नई दिल्ली
    केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए बड़ी राहत की खबर है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय (MoHFW) ने मेडिकल रीइम्बर्समेंट यानी इलाज के खर्च की प्रतिपूर्ति की अधिकतम सीमा बढ़ा दी है। अब मंत्रालयों/विभागों के हेड ऑफ डिपार्टमेंट 10 लाख रुपये तक के मेडिकल क्लेम बिना इंटीग्रेटेड फाइनेंस डिविजन (IFD) से सलाह लिए मंजूर कर सकेंगे। पहले यह सीमा 5 लाख रुपये थी। यह फैसला 16 फरवरी 2026 को जारी ऑफिस मेमोरेंडम (OM) के जरिए बताया गया है।

    क्या है डिटेल
    मंत्रालय ने एक और अहम बदलाव किया है। जिन मामलों में किसी तरह के नियमों में छूट (relaxation) नहीं दी जाती और पूरा भुगतान तय CGHS रेट्स के हिसाब से होता है, ऐसे मामलों में निपटान की सीमा 2 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है। यानी अगर क्लेम पूरी तरह नियमों के तहत है और दरें स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय (CGHS) के मुताबिक हैं, तो अब ज्यादा राशि का भुगतान आसान होगा। इससे कर्मचारियों को लंबे इंतजार और फाइलों की देरी से राहत मिलने की उम्मीद है।

    हालांकि 10 लाख रुपये की नई सीमा के साथ दो साफ शर्तें भी जोड़ी गई हैं। पहली, क्लेम में CGHS या CS(MA) नियमों में कोई ढील नहीं दी जाएगी। दूसरी, रीइम्बर्समेंट की रकम पूरी तरह CGHS/CS(MA) की तय दरों के अनुसार ही होगी। मतलब साफ है—अगर अस्पताल का बिल तय रेट से ज्यादा है और नियमों में छूट चाहिए, तो मामला पहले की तरह उच्च स्तर पर ही जाएगा। मंत्रालय ने अपने पुराने 23 नवंबर 2016 के आदेश का भी जिक्र किया है, जिसमें बिना नियमों में छूट वाले मामलों की सीमा 2 लाख से बढ़ाकर 5 लाख की गई थी।

    कहां होता है आवेदन
    CGHS मेडिकल क्लेम की प्रक्रिया भी साफ कर दी गई है। पेंशनर्स को इलाज या डिस्चार्ज के छह महीने के भीतर अपने वेलनेस सेंटर के CMO के पास आवेदन देना होता है। इसके साथ मेडिकल रीइम्बर्समेंट क्लेम फॉर्म, चेकलिस्ट, डिस्चार्ज समरी की कॉपी, रेफरल/परमिशन स्लिप, इमरजेंसी सर्टिफिकेट (यदि लागू हो), अस्पताल के ओरिजिनल बिल और रसीदें, वैध CGHS कार्ड की कॉपी और बैंक डिटेल्स के लिए कैंसल चेक या मंडेट फॉर्म जमा करना जरूरी है। दस्तावेज पूरे और सही होने पर प्रक्रिया तेज हो जाती है।

    जहां तक एंबुलेंस खर्च का सवाल है, वह भी रिइम्बर्सेबल है, लेकिन एक शर्त के साथ। शहर के भीतर एंबुलेंस का खर्च तभी मिलेगा, जब इलाज करने वाले डॉक्टर का प्रमाण पत्र हो कि किसी और माध्यम से ले जाने पर मरीज की जान को खतरा था या हालत और बिगड़ सकती थी। कुल मिलाकर, सरकार के इस फैसले से मेडिकल क्लेम की मंजूरी में तेजी आएगी और कर्मचारियों-पेंशनर्स को बड़ी रकम के मामलों में भी राहत मिलेगी।

  • जिम्बाब्वे का एक और बड़ा उलटफेर, ऑस्ट्रेलिया के बाद श्रीलंका भी हुआ ढेर

    जिम्बाब्वे का एक और बड़ा उलटफेर, ऑस्ट्रेलिया के बाद श्रीलंका भी हुआ ढेर

    कोलंबो

    जिम्बाब्वे ने किया एक और उलटफेर, ऑस्ट्रेलिया के बाद अब श्रीलंका को भी रौंदा

    गुरुवार (19 फरवरी) को कोलंबो के आर. प्रेमदासा स्टेडियम में खेले गए टी20 वर्ल्ड कप 2026 के 36वें मुकाबले में जिम्बाब्वे ने श्रीलंका को 6 विकेट से हराकर एक और बड़ा उलटफेर किया है। इससे पहले जिम्बाब्वे ने विश्व चैंपियन ऑस्ट्रेलिया कौ रौंदा था और अब श्रीलंका पर जीत हासिल करके ग्रुप स्टेज में अजेय रहते हुए सुपर-8 के लिए धमाकेदार एंट्री मारी है।

    मैच में श्रीलंका के कप्तान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। टीम ने 20 ओवरों में 7 विकेट पर 178 रनों का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। सलामी बल्लेबाज पथुम निसांका ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 41 गेंदों में 8 चौकों की मदद से 62 रनों की बेहतरीन पारी खेली। मध्यक्रम में पावन रत्नायके ने केवल 25 गेंदों में 3 चौकों और 2 छक्कों के साथ 44 रन बनाकर टीम के स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाया। कुसल परेरा ने भी शुरुआत में 14 गेंदों पर 22 रन जोड़कर टीम को एक अच्छी शुरुआत दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। श्रीलंका की टीम ने पावरप्ले में 61 रन जोड़े थे, लेकिन वे अंतिम ओवरों में जिम्बाब्वे की सधी हुई गेंदबाजी के सामने और बड़ा स्कोर नहीं बना सके।

    जिम्बाब्वे के गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में अनुशासित प्रदर्शन किया और श्रीलंकाई बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। अनुभवी लेग स्पिनर ग्रीम क्रेमर सबसे सफल गेंदबाज रहे जिन्होंने अपने 4 ओवरों में मात्र 27 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए। तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुजरबानी ने भी अपनी गति का अच्छा इस्तेमाल किया और 38 रन देकर श्रीलंका के 2 खिलाड़ियों को पवेलियन का रास्ता दिखाया। ब्रैड इवांस ने अपनी गेंदबाजी से 2 विकेट लिए जबकि रयान बर्ल ने भी एक विकेट लेकर श्रीलंका की रन गति पर लगाम लगाई। जिम्बाब्वे की फील्डिंग भी काफी चुस्त रही जिसके कारण उन्होंने सह-मेजबान श्रीलंका को 180 के स्कोर के नीचे रोकने में सफलता प्राप्त की। श्रीलंकाई पारी के अंत में दुनिथ वेलालगे ने नाबाद 15 रन बनाकर अपनी टीम को एक लड़ने लायक लक्ष्य तक पहुंचाया था।

    179 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और पावरप्ले में 55 रन बनाए। सलामी बल्लेबाज ब्रायन बेनेट ने एक छोर संभालकर रखा और 48 गेंदों में नाबाद 63 रनों की मैच जिताऊ पारी खेली जिसमें 8 चौके शामिल थे। तदिवानाशे मारुमनी ने 34 रन और रयान बर्ल ने 23 रन बनाकर मध्यक्रम में रन गति को बनाए रखने में बेनेट का अच्छा साथ निभाया। कप्तान सिकंदर रजा ने मात्र 26 गेंदों में 4 छक्कों और 2 चौकों की मदद से 45 रनों की तूफानी पारी खेलकर मैच का मैच का पासा पलट दिया। कप्तान रजा को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुना गया। श्रीलंका के लिए दुशान हेमंथा ने 2 विकेट लेकर मैच में वापसी की कोशिश की लेकिन वे जिम्बाब्वे की जीत को टाल नहीं सके।

    मैच के आखिरी ओवर में जिम्बाब्वे को जीत के लिए 8 रनों की जरूरत थी और गेंदबाजी का जिम्मा महीश तीक्षणा के हाथों में था। टोनी मुनयोंगा ने तीक्षणा की पहली ही गेंद पर शानदार छक्का लगाकर श्रीलंकाई समर्थकों को पूरी तरह खामोश कर दिया। अगली दो गेंदों के बाद ब्रायन बेनेट ने एक्स्ट्रा कवर की ओर बेहतरीन चौका लगाकर जिम्बाब्वे को 19.3 ओवरों में ही यादगार जीत दिला दी। यह टी20I इतिहास में जिम्बाब्वे का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज है जिसने विश्व क्रिकेट में उनकी बढ़ती ताकत का अहसास कराया है। इस जीत के साथ जिम्बाब्वे ग्रुप बी में अजेय रहते हुए शीर्ष पर पहुंच गया है और उन्होंने ऑस्ट्रेलिया और आयरलैंड जैसी टीमों को पीछे छोड़ दिया है। 2024 में वर्ल्ड कप के लिए क्वालीफाई ना कर पाने वाली जिम्बाब्वे की टीम ने इस साल शानदार वापसी कर सुपर-8 में अपनी जगह पक्की कर ली है।

  • युद्ध का खतरा! इस देश ने अपने नागरिकों से कहा– तुरंत छोड़ दें ईरान

    युद्ध का खतरा! इस देश ने अपने नागरिकों से कहा– तुरंत छोड़ दें ईरान

    तेहरान
    मिडिल ईस्ट में एक बार फिर से तनाव चरम पर पहुंच गया है। रिपोर्ट्स सामने आई हैं कि इस हफ्ते के आखिर में अमेरिका ईरान पर हमला कर सकता है, जिससे दुनियाभर में टेंशन बढ़ गई है। इस बीच, विभिन्न देश ईरान में बिगड़ती स्थिति को देखते हुए वहां से अपने नागरिकों को सुरक्षित निकालने में लग गए हैं। पोलैंड के प्रधानमंत्री ने गुरुवार को ईरान में रह रहे अपने नागरिकों से तुरंत वहां से निकलने के लिए कह दिया है।

    पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने गुरुवार को कहा कि ईरान में मौजूद पोलिश नागरिकों को तुरंत निकल जाना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि हथियारों से लैस लड़ाई की संभावना के कारण कुछ ही घंटों में निकलना मुमकिन नहीं होगा। टस्क ने कहा, "प्लीज तुरंत ईरान छोड़ दें… और किसी भी हालत में इस देश में न जाएं।"

    इस बीच, ईरान ने अमेरिका पर पलटवार किया है। ईरान के एटॉमिक एनर्जी चीफ मोहम्मद इस्लामी ने कहा कि कोई भी देश इस्लामिक रिपब्लिक को न्यूक्लियर एनरिचमेंट के उसके अधिकार से वंचित नहीं कर सकता। गुरुवार को एतेमाद डेली में पब्लिश हुए एक वीडियो के मुताबिक, इस्लामी ने कहा, "न्यूक्लियर इंडस्ट्री का आधार एनरिचमेंट है। न्यूक्लियर प्रोसेस में आप जो कुछ भी करना चाहते हैं, उसके लिए आपको न्यूक्लियर फ्यूल की जरूरत होती है।"

    उन्होंने आगे कहा, "ईरान का न्यूक्लियर प्रोग्राम इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी के नियमों के मुताबिक चल रहा है, और कोई भी देश ईरान को इस टेक्नोलॉजी से शांति से फायदा उठाने के अधिकार से वंचित नहीं कर सकता।" यह कमेंट्स मंगलवार को जिनेवा में तेहरान और वाशिंगटन के बीच ओमान की मध्यस्थता वाली बातचीत के दूसरे राउंड के बाद आए हैं। बुधवार को, ट्रंप ने अपनी ट्रुथ सोशल साइट पर एक पोस्ट में फिर से इशारा किया कि अमेरिका ईरान पर हमला कर सकता है।

    एक और एयरक्राफ्ट बहुत जल्द होगा रवाना
    वॉशिंगटन ने बार-बार ज़ीरो एनरिचमेंट की मांग की है, लेकिन ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल प्रोग्राम और इलाके में मिलिटेंट ग्रुप्स को उसके सपोर्ट पर भी बात करने की कोशिश की है। पश्चिमी देश इस्लामिक रिपब्लिक पर न्यूक्लियर हथियार हासिल करने की कोशिश करने का आरोप लगाते हैं। तेहरान ऐसी मिलिट्री महत्वाकांक्षाओं से इनकार करता है, लेकिन सिविलियन मकसदों के लिए इस टेक्नोलॉजी पर अपने अधिकार पर जोर देता है। ट्रंप, जिन्होंने ईरान पर समझौते के लिए दबाव बढ़ाया है, ने इलाके में एक बड़ी नेवी फोर्स तैनात की है, जिसे उन्होंने आर्मडा बताया है। जनवरी में एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन और एस्कॉर्ट बैटलशिप को गल्फ में भेजने के बाद, उन्होंने हाल ही में इशारा किया कि एक दूसरा एयरक्राफ्ट कैरियर, गेराल्ड फोर्ड, बहुत जल्द मिडिल ईस्ट के लिए रवाना होगा।

  • यातायात नियमों के प्रति आमजनों को करें जागरूक: मंत्री  रामविचार नेताम

    यातायात नियमों के प्रति आमजनों को करें जागरूक: मंत्री रामविचार नेताम

    रायपुर

    पीएम जनमन की सड़कों का मापदंडों के अनुरूप हो निर्माण: सांसद  चिंतामणि महाराज

    बलरामपुर जिले के जनपद पंचायत राजपुर के सभाकक्ष में जिला खनिज संस्थान न्यास की शासी परिषद, सांसद सड़क सुरक्षा समिति एवं जिला पशु रोगी कल्याण समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में आदिम जाति विकास मंत्री  रामविचार नेताम वर्चुअल रूप से जुड़े। इस दौरान सरगुजा सांसद  चिंतामणि महाराज, सामरी विधायक मती उद्देश्वरी पैंकरा, प्रतापपुर विधायक मती शकुंतला पोर्ते, जिला पंचायत अध्यक्ष मती हीरामुनी निकुंज, कलेक्टर  राजेंद्र कटारा, पुलिस अधीक्षक  वैभव बैंकर, वनमंडलाधिकारी  आलोक वाजपेयी, जिला पंचायत सीईओ मती नयनतारा सिंह तोमर, अपर कलेक्टर  आर.एन. पाण्डेय, जनपद एवं नगरीय निकायों के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

    पीएम जनमन की सड़कों का मापदंडों के अनुरूप हो निर्माण: सांसद  चिंतामणि महाराज

    मंत्री  नेताम ने सांसद सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में कहा कि शराब पीकर और तेज गति से वाहन चलाने वालों पर सख्ती के साथ कार्रवाई करने के निर्देश दिए, जिससे सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण किया जा सके। उन्होंने कहा कि यातायात नियमों के संबंध में विस्तार से जानकारी देने के साथ-साथ लोगों को जागरूक करने की आवश्यकता है। उन्होंने हाट-बाजारों में भी प्रचार-प्रसार कर लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने सुझाव दिए। उन्होंने सड़क दुर्घटना से बचने के लिए अनिवार्य रूप से हेलमेट एवं चार पहिया वाहनों में सीट बेल्ट की उपयोगिता सुनिष्चित करने को कहा।

    उन्होंने बैठक में पिछले वर्ष स्वीकृत कार्यों में से पूर्ण हो चुके कार्यों की भी जानकारी ली। जिला पंचायत सीईओ मती नयनतारा सिंह तोमर ने वित्तीय वर्ष 2024-25 के महत्वपूर्ण कार्यों एवं आगामी वित्तीय वर्ष 2025-26 की कार्ययोजना के अनुमोदन की जानकारी दी। उन्होंने डीएमएफ मद के अंतर्गत प्राप्त राशि एवं व्यय, कार्यों की प्रगति और महत्वपूर्ण कार्यों की जानकारी प्रस्तुत की। 

    सांसद  चिंतामणि महाराज ने कहा कि जिले में सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए एक प्रभावी कार्ययोजना बनाया जाए। उन्होंने सड़क सुरक्षा के संबंध में जनजागरूकता लाने और राष्ट्रीय राजमार्ग के निर्माण कार्यों में तेजी लाने को कहा। उन्होंने नाली निर्माण और पानी निकासी की उचित व्यवस्था के लिए भी आवश्यक निर्देश दिए।

    उन्होंने कहा कि सभी वाहन चालक आवष्यक दस्तावेजों के साथ यातायात नियमों का पालन करते हुए वाहन चलाए यह सुनिश्चित किया जाए। सांसद ने पीएम जनमन योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन सड़कों को निर्धारित मापदंडों के अनुरूप बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की शिथिलता ना बरती जाए। पुलिस अधीक्षक  वैभव बैंकर ने आगामी कार्ययोजना के बारे में अवगत कराते हुए जानकारी दी कि योजनाबद्ध तरीके से अंतर्राज्यीय चेक पोस्ट और दुर्घटना जन्य क्षेत्रों में सीसीटीवी के माध्यम से सतत निगरानी रखी जाएगी।

    जिला पशु रोगी कल्याण समिति की बैठक में उप संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं ने अब तक हुए कार्यों एवं प्रस्तावित कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान पंजीयन शुल्क के निर्धारण, आवश्यक संसाधनों के क्रय और विभागीय कार्यों के लिए तकनीकी मशीनों की खरीदी के संबंध में चर्चा कर इनके अनुमोदन हेतु प्रस्ताव रखे गए। 

  • बोर्ड परीक्षाओं के पहले विद्यार्थियों को उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने दिया शुभकामना संदेश

    बोर्ड परीक्षाओं के पहले विद्यार्थियों को उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने दिया शुभकामना संदेश

    रायपुर

    परीक्षाएँ केवल अंक प्राप्त करना नहीं, बल्कि संयम, समर्पण और आत्मबल की कसौटी – उपमुख्यमंत्री  शर्मा

    उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की आगामी बोर्ड परीक्षाओं के पूर्व विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर विद्यार्थियों को दिए शुभकामना संदेश में सभी परीक्षार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रिय विद्यार्थियों छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की परीक्षाएँ आरंभ होने जा रही हैं। इस महत्वपूर्ण अवसर पर आप सभी को मेरी हार्दिक शुभकामनाएँ और आशीर्वाद। यह परीक्षाएँ केवल अंकउ प्राप्त करने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि आपके संयम, समर्पण और आत्मबल की भी कसौटी हैं।

    मुझे पूर्ण विश्वास है कि पूरे वर्ष आपने जो लगन और परिश्रम किया है, वह निश्चित ही आपको उत्कृष्ट सफलता दिलाएगा। ईश्वर से प्रार्थना है कि माँ सरस्वती का आशीर्वाद आप सभी पर बना रहे और आप आत्मविश्वास के साथ श्रेष्ठ प्रदर्शन करें। उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा के दौरान आत्मविश्वास बनाए रखें और सकारात्मक सोच के साथ परीक्षा दें। उन्होंने अभिभावकों और शिक्षकों से भी आग्रह किया कि वे विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाएँ और उन्हें शांत एवं संतुलित वातावरण प्रदान करें।

  • कोर्ट रूम में हड़कंप: महिला ने जज के सामने निकाला चाकू, वकील को दी धमकी

    कोर्ट रूम में हड़कंप: महिला ने जज के सामने निकाला चाकू, वकील को दी धमकी

    वाराणसी
    वाराणसी कचहरी परिसर स्थित एसीजेएम षष्ठम (ACJM VI) के कोर्ट रूम में गुरुवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब एक महिला ने जज के सामने ही अपने बैग से चाकू निकाल लिया। महिला एक पुराने मारपीट के मामले में पैरवी के लिए पहुंची थी। इसी दौरान एक महिला अधिवक्ता से उसकी तीखी नोकझोंक हुई तो चाकू निकाल लिया। गनीमत रही कि वहां मौजूद सुरक्षाकर्मियों और वकीलों ने तत्परता दिखाते हुए महिला को काबू में कर लिया। पुलिस ने फिलहाल महिला को हिरासत में ले लिया है।

    मिली जानकारी के अनुसार, मिर्जामुराद थाने के चंगवार बेनीपुर की रहने वाली महिला एसीजेएम षष्ठम की अदालत में पहुंची थी। बताया जा रहा है कि करीब दो माह पहले महिला के परिजनों ने उसके साथ मारपीट की थी। महिला इसी मामले का मेडिकल रिपोर्ट (मुआयना) बनवाकर कोर्ट में अपनी बात रखने पहुंची थी।

    कोर्ट रूम के भीतर वह एक महिला अधिवक्ता से मिली और उनसे अपने मामले में कड़ी कार्रवाई कराने की जिद करने लगी। जब महिला अधिवक्ता ने कानूनी प्रक्रिया का हवाला देते हुए तुरंत कार्रवाई से असमर्थता जताई तो महिला उग्र हो गई। बहस के दौरान ही उसने अचानक अपने बैग से चाकू निकाल लिया और वकील को धमकाने लगी। जज के सामने हुई इस घटना से कोर्ट रूम में खलबली मच गई।

    घटना की सूचना मिलते ही कैंट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने उसके पास से मिले चाकू को कब्जे में ले लिया है। शुरुआती जांच और पूछताछ के बाद पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महिला की मानसिक स्थिति ठीक नहीं लग रही है।

    कैंट पुलिस के अनुसार, महिला अपने पारिवारिक विवाद को लेकर काफी तनाव में थी। वह बार-बार अपने साथ हुई मारपीट का जिक्र कर रही थी। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इतनी कड़ी सुरक्षा के बावजूद महिला चाकू लेकर कोर्ट रूम के भीतर तक कैसे पहुंच गई। फिलहाल पुलिस आगे की विधिक कार्रवाई में जुटी है।

    सुरक्षा में बड़ी चूक
    महिला का चाकू लेकर कचहरी परिसर ही नहीं कोर्ट रूम में पहुंचना सुरक्षा में बड़ी चूक माना जा रहा है। पिछले कुछ दिनों से लगातार कोर्ट में बम धमाके की धमकी मिल रही है। इसे देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था चौकस रखने का दावा किया जा रहा है। पिछले तीन चार दिनों से लगातार चेकिंग अभियान भी चलाने की बात कही जा रही है। इसके बाद भी महिला का चाकू लेकर पहुंचना गंभीर सवाल खड़ा कर रहा है।

  • अविमुक्तेश्वरानंद का तीखा प्रहार: 101 बटुकों के पूजन से माघ मेले की घटना का पाप नहीं धुलेगा

    अविमुक्तेश्वरानंद का तीखा प्रहार: 101 बटुकों के पूजन से माघ मेले की घटना का पाप नहीं धुलेगा

    वाराणसी

    प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक द्वारा 101 बटुकों को घर पर बुलाकर अंगवस्त्रम और तिलक लगाकर पैर छूकर सम्मान करने पर शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। कहा कि उन्होंने ये करके अपनी भावना दिखाई है और जताया कि जो प्रयागराज में हुआ वह पाप था उसको धोने के लिए मैं अपना प्रयास कर रहा हूं। इससे प्रयागराज में घटना का पाप नहीं धुल सकता है। 101 बटुकों पर पुष्पवर्षा कर और तिलक कर सम्मानित करना कोई कार्रवाई नहीं है, ये राजनीति है।

    कहा कि जो वास्तविक पीड़ित है, जिस बटुक की चोटी खींची गई उसके पास जाते कि अपने पसंद के बटुक बुला लिए और चंदन लगा दिए। ये राजनीति नहीं है तो क्या है। उन्होंने कहा कि 20 दिन का अल्टीमेटम 11 मार्च को पूरा हो रहा है। इस दिन लखनऊ जाएंगे और वहीं जांच के बाद जो निष्कर्ष निकलेगा वही घोषित करेंगे।

    कहा कि गोरक्षा की मांग को लेकर 11 मार्च को लखनऊ में साधु- संतों और सनातनियों के साथ जाएंगे। कहा कि भाजपा के 100 से ज्यादा कार्यकर्ता, पूर्व विधायक, अध्यक्ष जैसे पदाधिकारी रक्षा को लेकर प्रदेश सरकार की मनसा स्पष्ट न होने के कारण मेरे शरण में आ रहे हैं और पार्टी को भी छोड़ रहे हैं।

  • गंगा क्रूज पर विधान परिषद में हंगामा, मंत्री का जवाब—पारदर्शिता से नहीं होगा समझौता

    गंगा क्रूज पर विधान परिषद में हंगामा, मंत्री का जवाब—पारदर्शिता से नहीं होगा समझौता

    लखनऊ
    उत्तर प्रदेश विधान परिषद में वाराणसी की गंगा नदी पर संचालित सरकारी और निजी क्रूजों को लेकर बुधवार को जोरदार चर्चा हुई। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने विपक्ष के सवालों का विस्तृत जवाब देते हुए कहा कि राज्य सरकार पूरी पारदर्शिता और निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य कर रही है। समाजवादी पार्टी के सदस्य आशुतोष सिन्हा ने सदन में प्रश्न उठाते हुए पूछा कि वाराणसी में कितने सरकारी और निजी क्रूज संचालित हो रहे हैं, उनके संचालन के मानक क्या हैं और क्या संबंधित विवरण सदन के पटल पर रखा जाएगा। इस पर मंत्री जयवीर सिंह ने स्पष्ट किया कि वाराणसी में 5 सरकारी और 2 निजी क्रूज संचालित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि इनके संचालन के मानक भारतीय अन्तर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण तथा उत्तर प्रदेश अन्तर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण द्वारा निर्धारित किए गए हैं और उनका पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित कराया जा रहा है।
    मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि 6 दिसंबर 2023 को अधिसूचना जारी कर उत्तर प्रदेश अन्तर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण संबंधी विधेयक पारित किया गया, जिसमें परिवहन विभाग को नोडल विभाग बनाया गया। इसके बाद 6 दिसंबर 2024 से अग्रिम कार्यवाही प्रारंभ कर दी गई। उन्होंने कहा कि इस संबंध में सभी आवश्यक जानकारियां सार्वजनिक रूप से उपलब्ध हैं और सदन को उपलब्ध कराने में कोई आपत्ति नहीं है। चर्चा के दौरान मंत्री ने विपक्ष पर पर्याप्त जानकारी के अभाव में सवाल उठाने का आरोप लगाया और तंज कसते हुए कहा कि अगर थोड़ा पढ़ लेते तो यह प्रश्न नहीं उठता।
    उनके इस बयान से सदन में कुछ देर के लिए राजनीतिक तल्खी बढ़ गई। मंत्री जयवीर सिंह ने पर्यटन के आंकड़े प्रस्तुत करते हुए दावा किया कि वर्ष 2017 के बाद प्रदेश में पर्यटन क्षेत्र में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है।
    उन्होंने कहा कि यह बढ़ोतरी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व और मार्गदर्शन का परिणाम है। उनके अनुसार, वाराणसी समेत प्रदेश के धार्मिक और आध्यात्मिक नगर पर्यटन के नए आयाम स्थापित कर रहे हैं।

  • फिल्म टॉक्सिक: ए फेयरीटेल फॉर ग्रोन-अप्स का टीज़र 20 फरवरी को होगा रिलीज

    फिल्म टॉक्सिक: ए फेयरीटेल फॉर ग्रोन-अप्स का टीज़र 20 फरवरी को होगा रिलीज

    मुंबई,

    फिल्म टॉक्सिक: ए फेयरीटेल फॉर ग्रोन-अप्स के मेकर्स ने नया पोस्टर जारी करते हुए ऐलान किया है कि फिल्म का टीज़र 20 फरवरी सुबह 9:35 बजे रिलीज होगा। पोस्टर में यश अपने किरदार राया के रूप में खून से लथपथ बर्फीले तूफान के बीच खड़े दिखते हैं। चेहरा आधा छुपा हुआ, हाथ में बोतल, और चारों तरफ बिखरा हुआ अनदेखी तबाही का मंजर। पूरा फ्रेम ऐसा लगता है जैसे किसी मदहोश, खतरनाक और रहस्यमयी दुनिया की झलक हो, जहाँ हर कदम पर सस्पेंस है।

    टीज़र की घोषणा ऐसे वक्त आई है जब टॉक्सिक देश की सबसे ज्यादा चर्चित और बेसब्री से इंतज़ार की जाने वाली फिल्मों में शामिल है। मेकर्स ने किरदारों को धीरे-धीरे सामने लाकर और सीमित जानकारी साझा करके उत्सुकता को चरम पर पहुँचा दिया है। 20 फरवरी को दर्शकों को पहली बार इस अंधेरी दुनिया की करीबी झलक मिलेगी। खास बात यह है कि टीज़र सिर्फ एक ही भाषा में रिलीज होगा, जिससे फिल्म की कच्ची, तीखी और प्रभावशाली तस्वीरें खुद दर्शकों से बात कर सकें।

    फिल्म में कियारा आडवाणी नादिया के रूप में सधे हुए और भावनात्मक अंदाज़ में नजर आएंगी। हुमा कुरैशी एलिज़ाबेथ बनकर दमदार और खतरनाक छवि में दिखेंगी। नयनतारा गंगा के किरदार में एंट्री लेते ही कहानी की ताकत का समीकरण बदल देती हैं। तारा सुतारिया रेबेका के रूप में खूबसूरत लेकिन रहस्यमयी हैं, वहीं रुक्मिणी वसंत मेलिसा के किरदार में संतुलित और प्रभावशाली आभा के साथ नजर आएंगी। आखिरी और सबसे धमाकेदार खुलासा था यश के किरदार राया का, जिनका डायलॉग “डैडीज़ होम…” सिर्फ कहानी में एंट्री नहीं, बल्कि बड़े पर्दे पर उनकी वापसी का ऐलान भी है।

    फिल्म की कहानी यश और गीतू मोहनदास ने मिलकर लिखी है और निर्देशन भी गीता मोहनदास ने किया है। इसे कन्नड़ और अंग्रेजी में साथ-साथ शूट किया गया है, जबकि हिंदी, तेलुगु, तमिल, मलयालम समेत कई भाषाओं में डब किया जाएगा।
    तकनीकी टीम भी बेहद मजबूत है। राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता सिनेमैटोग्राफर राजीव रवि कैमरे के पीछे हैं, संगीत दिया है रवि बसरूर ने, एडिटिंग की कमान संभाली है उज्ज्वल कुलकर्णी ने और प्रोडक्शन डिजाइन तैयार किया है टीपी आबिद ने। एक्शन सीक्वेंस हॉलीवुड के मशहूर एक्शन डायरेक्टर जे जे पेरी की देखरेख में तैयार हुए हैं, साथ ही राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता एक्शन डायरेक्टर्स अंबारीव और केचा खम्फकडी भी इस भव्यता को नई ऊंचाई देते नजर आएंगे।

    फिल्म को वेंकट के नारायण और यश ने केवीएन प्रोडक्शंस और मॉन्स्टर माइंड क्रिएशन्स के बैनर तले प्रोड्यूस किया है। टॉक्सिक 19 मार्च 2026 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

     

  • शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय में स्वच्छता के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों का संकल्प

    शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय में स्वच्छता के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों का संकल्प

    रायपुर

    शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय में स्वच्छता के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों का संकल्प

    नवा रायपुर स्थित शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का आज प्रमुख सचिव  सोनमणी बोरा ने निरीक्षण किया। उन्होंने कहा राज्य के नवा रायपुर में बेहतरीन डिजिटल संग्रहालय बनकर तैयार हुआ है। इनका रख-रखाव तथा रंगरोदन करना भी हमारी जिम्मेदारी है। उन्होंने संग्रहालय को स्वच्छ और साफ-सुथरे (नीट एण्ड क्लीन) रखने पर भी विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि संग्रहालय का अवलोकन करने राज्य के विभिन्न जिलों, देश के अन्य राज्यों सहित विदेशों से भी पर्यटक आ रहे हैं। संग्रहालय के बनने से प्रदेश का मान सम्मान देश-दुनिया में बढ़ा है। 

     बोरा ने कहा कि विभाग के सभी अधिकारी-कर्मचारी संकल्प ले कि महीने में कम से कम एक दिन संग्रहालय में श्रम दान करेंगें और स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करेंगें। उन्होंने कहा कि वे स्वयं भी श्रमदान करने आएंगे। प्रमुख सचिव  बोरा ने कहा कि जनजातीय संग्रहालय फेस-2 निर्माण के लिए जल्द ही कार्य प्रक्रिया शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही कन्वेंशन सेंटर का भी निर्माण किया जाएगा। 

    इस दौरान आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, छत्तीसगढ राज्य अंत्याव्यवसायी विकास निगम के संचालक डॉ. जगदीश सोनकर, आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान की संचालक मती हिना अनिमेष नेताम, सयुक्त सचिव  बी. के. राजपूत, कार्यपालन अभियंता  त्रिदिप चक्रवर्ती, रायपुर जिला के सहायक आयुक्त  शरदचन्द्र शुक्ला सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, आर्किटेक्ट, इंजीनियर्स तथा आर्टिस्ट उपस्थित थे।

    गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ निर्माण के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती वर्ष एक नवंबर को राज्योत्सव के अवसर पर प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के कर कमलों से जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का शुभारंभ हुआ था। इसके पहले जनजातीय जीवन शैली एवं परम्पराओं पर आधारित संग्रहालय का उद्घाटन मई 2025 में मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने किया था। इन संग्रहालयों की तेजी से बढ़ती लोकप्रियता के बाद अब शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय फेस-2 का कार्य शीघ्र ही प्रारंभ किया जाएगा। 

    प्रमुख सचिव  बोरा ने बैठक में कहा कि संग्रहालय में कैफेटेरिया, गढ़ कलेवा एवं अन्य दुकानें भी खोली जानी हैं इस संबंध में अंतिम रूपरेखा पर चर्चा की गई है। उन्होंने संग्रहालय फेस-2 के अंतर्गत ही आकर्षक बागवानी, परिसर के भीतर स्थित नंद सागर का सौंदर्यीकरण, फॉउंटेन एवं पार्किंग की बेहतर व्यवस्था के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने इस दौरान आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान परिसर में नवनिर्मित छात्रावास के उद्घाटन की तैयारियों का जायजा भी लिया।