Author: Admin

  • 30 साल में 10 वर्ग किमी सिमटा भोपाल का बड़ा तालाब, भू-माफियाओं पर सांसद सख्त

    30 साल में 10 वर्ग किमी सिमटा भोपाल का बड़ा तालाब, भू-माफियाओं पर सांसद सख्त

    भोपाल

    शहर की लाइफ लाइन बड़ा तालाब 30 साल में 10 वर्ग किलोमीटर छोटा हो गया और जिम्मेदार जिला प्रशासन, नगर निगम के अधिकारी आंख बंद कर बैठे रहे। कैचमेंट क्षेत्र में भूमाफिया ने कब्जा कर फार्म हाउस, रिसार्ट, पक्के मकान, बंगले, मैरिज गार्डन आदि बनाए हैं, जिनमें ड्रग्स की पार्टियां चलती हैं। सेप्ट की रिपोर्ट के आधार पर सीमा बताने वाली पीले कलर की मुनारें लगाई गई थीं, उन्हें उखाड़कर फेंक दिया है। यह जानकारी सांसद आलोक शर्मा ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में एक विशेष बैठक के दौरान दी। उन्होंने बताया कि पूर्व में बड़ा तालाब का क्षेत्रफल 39.8 वर्ग किलोमीटर था, जो कि घटकर 30 वर्षों में यह 29.8 वर्ग किलोमीटर रह गया है। इसका उन्होंने जिला प्रशासन, नगर निगम के अधिकारियों से जवाब मांगा।

    एनजीटी की सख्ती के बाद भी सुस्त रहा सीमांकन का कार्य

    बैठक में कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह, चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष गोविंद गोयल, क्रेडाई अध्यक्ष मनोज मीक, पर्यावरणविद, एडीएम, एसडीएम, नगर निगम अपर आयुक्त, पूर्व बीडीए अध्यक्ष सहित एप्को, मप्र प्रदूषण बोर्ड, राजस्व, नगर निगम के अधिकारी उपस्थित थे। जानकारी के अनुसार चार महीने पहले एनजीटी की सख्ती के बाद बैरागढ़ एसडीएम ने कोहेफिजा और खानूगांव में बड़े तालाब का सीमांकन शुरू किया गया था, लेकिन दो दिन बाद ही काम रोक दिया गया। अधिकारियों का तर्क था कि वर्षा की वजह से तालाब किनारे कीचड़-दलदल होने की वजह से काम रोका गया है। इसके साथ टीटीनगर और हुजूर एसडीएम ने सीमांकन ही शुरू नहीं किया।

    अतिक्रमणों को तोड़ने और नए मास्टर प्लान के निर्देश

    इस पर चर्चा करते हुए बड़ा तालाब के कैचमेंट क्षेत्र 50 मीटर दायरे में आने वाले बड़े अतिक्रमणों को तोड़ने के लिए कहा है। उन्होंने अधिकारियों से बड़ा तालाब को लेकर सवाल पूछते हुए कहा कि बड़ा तालाब की गहराई और क्षेत्र को लेकर सेप्ट की रिपोर्ट, केपीएमजी की रिपोर्ट, कुमार एसोसिएट्स द्वारा किए गए सर्वे की रिपोर्ट, यह सारी रिपोर्ट सार्वजनिक की जाना चाहिए। जब अधिकारियों से कोई ठोस जवाब नहीं मिला तो सांसद ने कहा कि बड़ा तालाब को भूमाफिया से बचाने के लिए नए सिरे से सर्वे करवाएं और मास्टर प्लान बनाएं।

    कलेक्टर ने सात दिन का दिया समय, अधिकारियों ने मांगे 15 दिन

    कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने बताया कि तालाब किनारे कई निजी जमीनों पर अवैध रूप से निर्माण करने की जानकारी मिली है। जिसको लेकर एसडीएम हुजूर, संत हिरदरामनगर, टीटीनगर और शहर वृत्त को एक सप्ताह में कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस पर सभी एसडीएम ने कहा कि तालाब का सीमांकन टीएंडसीपी के नक्शे के आधार पर किया जाएगा, जिसके लिए 15 दिन का समय दिया जाए। कलेक्टर ने कहा कि सीमांकन की कार्रवाई कर सभी प्रमुख अतिक्रमणों को जमींदोज किया जाए, जिसको लेकर प्रति सप्ताह समीक्षा बैठक की जाएगी।

    प्रेमपुरा से नहीं हटी 26 झुग्गियां, भोपाल वक्फ की जागीर

    भदभदा डैम के पास प्रेमपुरा से 227 झुग्गियां हटाई गई थीं, लेकिन आज तक 26 झुग्गियां नहीं हट सकी हैं ।यह चिंता का विषय है।सांसद ने कहा कि भोपाल वक्फ बोर्ड की जागीर हो गया है। मेट्रो ट्रेन की लाईन डालो, पालिटेक्निक चौराहा से डिपो चौराहा तक स्मार्ट रोड बनवाओ, भोपाल के हमीदिया रोड स्थित सब्जी मंडी की जगह पर बस स्टैंड बनाना चाहो तो वक्फ बोर्ड की जगह बताई जाती है।

    सांसद आलोक शर्मा ने यह सवाल अधिकारियों से पूछे

    •     अतिक्रमण हटाने के लिए एनजीटी ने अब कितने आदेश जारी किए?
    •     उनका पालन जिला प्रशासन और नगर निगम ने कितना किया ?
    •     अतिक्रमण रोकने कोई टीम गठीत की, टीम ने क्या-क्या कार्रवाई की ?
    •     कितने गंदे नालों के पानी को रोकने के लिए कितने एसटीपी बनाए हैं?
    •     वर्तमान में कितने शेष गंदे नालों का पानी बड़ा तालाब में मिल रहा है?
    •     गंदे पानी को बड़े तालाब में जाने से रोकने के लिए क्या प्लानिंग है?

     

  • भोपाल गैंगरेप केस: युवतियों से दोस्ती कर बुलाया, आरोपियों ने किया दुष्कर्म

    भोपाल गैंगरेप केस: युवतियों से दोस्ती कर बुलाया, आरोपियों ने किया दुष्कर्म

    भोपाल

    फिल्म 'द केरल स्टोरी' की तर्ज पर मप्र की राजधानी भोपाल में मुस्लिम युवतियों द्वारा हिंदू युवतियों के मतांतरण और देह व्यापार में ढकेलने की कोशिश का सनसनीखेज मामला भोपाल में सामने आया है। यहां एक मुस्लिम युवती और उसके गिरोह ने रोजगार के नाम पर जरूरतमंद युवतियों से दोस्ती गांठी। उन्हें सहारा दिया और फिर भरोसा जीतकर उन्हें अपने भाई और प्रेमी के सामने परोस दिया। इतना ही नहीं, उन पीड़िताओं को जिस्मफरोशी के दलदल में फंसाया और फिर  ने किया दुष्कर्म धर्मांतरण का दबाव बनाया।

    दो पीड़िताओं ने की शिकायत 

    दो पीड़िताओं की शिकायत पर बागसेवनिया थाने में मामला दर्ज हुआ है। पुलिस के अनुसार अमरीन खान उर्फ माहिरा नाम की महिला ऐशबाग क्षेत्र की रहने वाली है। वह इस गिरोह की सरगना है। फिलहाल वह सागर रॉयल विला में किराये से रहती है और आशिमा मॉल में संचालित एक स्पा सेंटर से जुड़ी है। हिंदू युवक चंदन यादव से उसका प्रेम संबंध है और उसे भी अमरीन ने धर्मातरित  कर मुस्लिम बना लिया है।

    तलाकशुदा है पीड़िता

    पहली पीड़िता एक 30 वर्षीय तलाकशुदा महिला है और दो बच्चों की मां है। वह केटरिंग का काम करती थी। वर्ष 2024 में आशिमा माल में उसका संपर्क अमरीन से हुआ था। तब अमरीन ने उसे घर में दस हजार रुपये में बेबीसिटर की नौकरी का प्रस्ताव दिया। पीड़िता ने उसे स्वीकार किया और कुछ दिन बाद अमरीन के साथ उनके घर में ही रहने लगी।

    पीड़िता से अलग-अलग जगह दुष्कर्म

    इसी दौरान मौका पाकर अमरीन के प्रेमी चंदन ने चाय में नशीला पदार्थ मिलाकर पीड़िता से दुष्कर्म किया। इसके बाद अमरीन ने उसे जहांगीराबाद निवासी दोस्त चानू और फिर अहमदाबाद ले जाकर अपने भाई यासिर को सौंपा। इतना ही नहीं अमरीन और चंदन ने पीड़िता को नमाज पढ़ने, बुर्का पहनने पर भी मजबूर किया और और मुस्लिम युवक से उसके पुनर्विवाह का दबाव डाला। फरवरी 2025 में पीड़िता किसी तरह उनके चंगुल से छूटी थी।

    ब्यूटीशियन को भी फांसा

    इसी तरह की शिकायत छत्तीसगढ़ की रहने वाली एक ब्यूटीशियन ने की है। उसने बताया कि एक दोस्त के जन्मदिन पर उसकी मुलाकात अमरीन की भाभी संजना से हुई थी। तब उसे संजना के मुस्लिम होने की जानकारी नहीं थी। संजना ने उसे बेहतर नौकरी के लालच में आशिमा मॉल में अमरीन से मिलवाया था। उसी के जरिए वह अमरीन के प्रेमी चंदन के संपर्क में आई।

    बार-बार दुष्कर्म, मतांतरण के लिए दबाव

    वहां पहले चंदन ने उससे जबरन संबंध बनाए, फिर अमरीन के भाई बिलाल और अहमदाबाद में यासिर ने शारीरिक शोषण किया। पीड़िता ने जब अपनी सहेली संजना से इसकी शिकायत की तो मालूम हुआ कि वह स्वंय अमरीन के भाई हैदर से शादी कर जन्नत बन चुकी है। संजना भी उससे कहने लगी कि कुछ नहीं होता, मैं भी हिन्दू से मुसलमान बनी हूं।

    पाटियों में छोटे कपडे पहनाकर ले जाते

    अमरीन और चंदन ने जमकर पीड़िता को प्रताड़ित किया। उसे पार्टियों में छोटे कपड़े पहनाकर ले जाते थे। अमरीन उसे किसी मुस्लिम युवक से शादी करने का दबाव बनाती थी, साथ ही दोनों उसे कुरान पढ़ने को कहते थे। पीड़िता से कहती थी कि हमारे यहां के लडके अच्छे रहते है वह लडकियों को मारते नहीं है, शराब नहीं पीते है तुम भी हमारा धर्म अपना लो और हमारे यहां के लडके से शादी कर लो।

     

     

  • बेंगलुरु एयरपोर्ट पर ₹315 की इडली, दाम देखकर भड़के लोग

    बेंगलुरु एयरपोर्ट पर ₹315 की इडली, दाम देखकर भड़के लोग

    बेंगलुरु   

    बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से सामने आए एक बिल ने एयरपोर्ट पर खाने की कीमतों को लेकर नई बहस छेड़ दी है. टर्मिनल-1 पर स्थित रामेश्वरम कैफे में एक यात्री ने घी पोड़ी इडली की एक प्लेट के लिए ₹315 चुकाए. बिल की रसीद सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या एयरपोर्ट पर खाने-पीने की कीमतों पर कोई नियंत्रण होता है.

    कैसे शुरू हुआ पूरा विवाद?

    यह पूरा मामला तब चर्चा में आया जब एक यात्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट पर अपने खाने का बिल शेयर किया. यात्री ने बताया कि वह बेंगलुरु एयरपोर्ट पर स्थित रामेश्वरम कैफे गया था. वहां उसने एक प्लेट घी पोड़ी इडली ऑर्डर की, जिसका बिल 315 रुपये आया. यात्री ने इस बिल की रसीद पोस्ट करते हुए लिखा कि शहर के अंदर इसी कैफे के दूसरे आउटलेट्स पर इसी इडली की कीमत लगभग 90 रुपये होती है.

    यानी एयरपोर्ट के अंदर उससे करीब चार गुना ज्यादा दाम वसूले गए. यात्री ने हैरानी जताते हुए पूछा कि क्या एयरपोर्ट अथॉरिटी इन कीमतों पर कोई लगाम लगाती है या रेस्टोरेंट अपनी मर्जी से दाम तय करने के लिए पूरी तरह स्वतंत्र हैं.

    वायरल हो रही इस रसीद ने यात्रियों के बीच कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या एयरपोर्ट जैसे सार्वजनिक स्थानों पर खाने-पीने की चीजों की कीमतों की कोई ऊपरी सीमा होनी चाहिए? यात्री का कहना था कि चार गुना कीमत वसूलना किसी भी तर्क से सही नहीं लगता. लोग अक्सर यह सवाल पूछते हैं कि जब वही ब्रांड शहर में कम कीमत पर सामान बेचता है, तो एयरपोर्ट की बाउंड्री के अंदर घुसते ही ऐसा क्या बदल जाता है कि कीमतें आसमान छूने लगती हैं?

    सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग

    सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस पोस्ट के आते ही लोगों ने अपनी-अपनी प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दीं. इंटरनेट की जनता इस मुद्दे पर दो गुटों में बंट गई है. एक पक्ष उन लोगों का है जो इस बढ़ी हुई कीमत को सरासर गलत मान रहे हैं. उनका तर्क है कि भोजन एक बुनियादी जरूरत है और एयरपोर्ट जैसी जगह पर इसका इतना महंगा होना उन यात्रियों के लिए मुश्किल पैदा करता है जो बजट में सफर करते हैं. एक यूजर ने लिखा कि अगर लागत बढ़ती भी है, तो वह 10 से 20 प्रतिशत तक बढ़नी चाहिए, न कि सीधे चार गुना.

    वहीं, दूसरा पक्ष उन लोगों का है जो बिजनेस के नजरिए से इसे सही ठहरा रहे हैं. उनका कहना है कि हवाई अड्डे के अंदर दुकान चलाने का हिसाब बिल्कुल अलग होता है. एक यूजर ने कमेंट किया, "एयरपोर्ट पर दुकान का किराया शहर के मुकाबले कई गुना ज्यादा होता है. इसके अलावा दुकान को 24 घंटे खुला रखना पड़ता है, सुरक्षा के कड़े नियमों का पालन करना होता है और सामान को टर्मिनल के अंदर लाने का लॉजिस्टिक्स खर्च भी बहुत अधिक होता है. इन सब खर्चों को निकालने के बाद ही दुकानदार अपना मुनाफा देख पाता है."

    रामेश्वरम कैफे बेंगलुरु का एक बहुत ही लोकप्रिय नाम है. इसकी आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, इनके आउटलेट्स पर एक समय के भोजन की औसत कीमत लगभग 200 रुपये के आसपास रहती है. 

  • एमपी को मिली भोपाल-धनबाद और भोपाल-चोपन एक्सप्रेस की सौगात, सीएम मोहन देंगे हरी झंडी, देखें शेड्यूल

    एमपी को मिली भोपाल-धनबाद और भोपाल-चोपन एक्सप्रेस की सौगात, सीएम मोहन देंगे हरी झंडी, देखें शेड्यूल

     भोपाल

     मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव आज शाम 7:30 बजे भोपाल स्टेशन से दो नई ट्रेनों जिनमें भोपाल-धनबाद एक्सप्रेस और भोपाल-चोपन एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। भोपाल रेलवे स्टेशन पर होने वाले इस कार्यक्रम में केंद्रीय रेल मंत्री वर्चुअली शामिल होंगे।

    भोपाल-धनबाद-भोपाल त्रि-साप्ताहिक एक्सप्रेस 27 फरवरी से भोपाल से और 1 मार्च से धनबाद से नियमित रूप से संचालित होगी। वहीं, दूसरी तरफ भोपाल-चोपन-भोपाल साप्ताहिक ट्रेन 1 मार्च से भोपाल से और 2 मार्च 2026 से चोपन से चलेगी। इन ट्रेनों के शुरू होने से यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधा मिलेगी।

    भोपाल-धनबाद एक्सप्रेस- देखें शेड्यूल

    भोपाल-धनबाद नई ट्रेन मंगलवार से नियमित रूप से चलेगी। ये ट्रेन शाम 7.30 बजे भोपाल रेलवे स्टेशन से रवाना होगी और अगले दिन शाम 7.20 बजे पर धनबाद पहुंचेगी। यानी लगभग 24 घंटे से थोड़ा कम समय में ये अपनी यात्रा पूरी करेगी।

    वापसी में ये ट्रेन रात 11 बजे धनबाद से चलेगी और अगले दिन रात 10.35 बजे भोपाल पहुंचेगी। इस नए शेड्यूल से यात्रियों को यात्रा की बेहतर योजना बनाने में सुविधा मिलेगी।

    रेलवे की ओर से दोनों नई ट्रेनों का शेड्यूल पहले ही जारी किया जा चुका है। टिकटों की बुकिंग भी शुरू हो चुकी है। ऐसे में जो यात्री एमपी से झारखंड या झारखंड से एमपी आवाजाही करना चाहते हैं, उन्हें यात्रा में बड़ी राहत रहेगी।

    भोपाल-चोपन एक्सप्रेस- देखें शेड्यूल

    भोपाल-धनबाद नई ट्रेन के अलावा भोपाल-चोपन एक्सप्रेस भी शुरू हो रही है। ये ट्रेन भी साप्ताहिक है। ट्रेन नंबर 11633/11634 के रूप में इसका संचालन होगा। ट्रेन रविवार को भोपाल से चलेगी और सोमवार को चोपन से वापस भोपाल के लिए रवाना होगी। लंबे समय से इस रूट पर ट्रेन की मांग चल रही थी, क्योंकि इस मार्ग पर अबतक सीधी सुविधा सीमित थी। अब भोपाल-चोपन एक्सप्रेस के शुरू होने से यात्रियों को नया विकल्प मिलेगा।
    एमपी में कहां-कहां होगा स्टॉपेज

    भोपाल से चलने वाली दोनों ट्रेनें एमपी के कई प्रमुख स्टेशनों पर रुकेंगी। इनमें विदिशा, गंजबासौदा, बीना, सागर, दमोह, कटनी, मुड़वारा और ब्यौहारी शामिल हैं। इन स्टॉपेज से छोटे शहरों और जिलों के यात्रियों को भी फायदा होगा। पहले इन क्षेत्रों के लोगों को लंबी दूरी तय कर बड़ी ट्रेन पकड़नी पड़ती थी।
    इन्हें होगा फायदा

    अब उनके अपने नजदीकी स्टेशन से सीधा कनेक्शन मिलेगा। भोपाल-धनबाद नई ट्रेन और भोपाल-चोपन एक्सप्रेस के इन स्टॉपेज से पूरे रूट की कनेक्टिविटी मजबूत होगी। इससे छात्रों, कामकाजी लोगों और व्यापारियों को खास फायदा होगा।

  • कनाडा पीएम कार्नी का ‘गुडविल गिफ्ट’, इंडिया दौरे से पहले भारत के दुश्मन को करेंगे ‘बेमुल्क’

    कनाडा पीएम कार्नी का ‘गुडविल गिफ्ट’, इंडिया दौरे से पहले भारत के दुश्मन को करेंगे ‘बेमुल्क’

     नई दिल्ली

    मुंबई आतंकी हमले का एक खूंखार किरदार अब बेमुल्क हो जाएगा. इस आतंकी का नाम तहव्वुर राणा है. मुंबई हमले की साजिश रहने वाला आतंकी तहव्वुर राणा कनाडा का निवासी है. लेकिन कनाडा ने अब पाकिस्तान में जन्मे इस टेररिस्ट की नागरिकता छीनने का फैसला किया है. कनाडा ने ये फैसला वहां के पीएम मार्क कार्नी की प्रस्तावित भारत यात्रा से ठीक पहले लिया है. 

    तहव्वुर राणा पर 2008 के मुंबई आतंकी हमले में अहम भूमिका निभाने का आरोप है. 64 साल का आतंकी राणा पाकिस्तान में जन्मा कनाडाई नागरिक है और 2008 के मुंबई आतंकी हमलों के मुख्य साज़िश करने वालों में से एक डेविड कोलमैन हेडली उर्फ ​​दाऊद गिलानी का करीबी साथी है. डेविड कोलमैन हेडली उर्फ ​​दाऊद गिलानी अमेरिकी नागरिक है. 

     ग्लोबल न्यूज़ को मिले डॉक्यूमेंट्स के हवाले से लिखा है कि इमिग्रेशन अधिकारियों ने राणा को बताया है कि वे उसकी 2001 में मिली कनाडाई नागरिकता छीनने जा रहे हैं. 

    राणा 1997 में कनाडा आया था और बाद में उसे डेनमार्क के एक अखबार के स्टाफ पर हमला करने की साजिश रचने के लिए US में दोषी ठहराया गया था.

    26/11 हमले का अहम किरदार

     26/11 हमले का मास्टरमाइंड राणा ने मुंबई हमले का अहम किरदार था. इस हमले में 166 लोग मारे गए थे. आतंकी राणा को अप्रैल 2025 में यूनाइटेड स्टेट्स से भारत लाया गया था. नई दिल्ली पहुंचते ही उसे नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी ने गिरफ्तार कर लिया था. 

    रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि अपने फैसले में इमिग्रेशन, रिफ्यूजी और सिटिज़नशिप कनाडा (IRCC) ने लिखा कि राणा की सिटीजनशिप आतंकवाद की वजह से नहीं, बल्कि इसलिए रद्द की जा रही है क्योंकि उसने अपने एप्लीकेशन फॉर्म में झूठ बोला था. 

    शिकागो में रहने की बात छिपाई
    IRCC ने एक रिपोर्ट में लिखा कि जब राणा ने 2000 में सिटीज़नशिप के लिए अप्लाई किया था, तो उसने दावा किया था कि वह पिछले चार साल से ओटावा और टोरंटो में रह रहा है, और देश से सिर्फ़ छह दिन बाहर रहा है.

    हालांकि, RCMP की जांच में पता चला कि उसने असल में लगभग पूरा समय शिकागो में बिताया था, जहां उसकी कई प्रॉपर्टी और बिज़नेस था, जिसमें एक इमिग्रेशन फर्म और एक किराने की दुकान भी शामिल थी.

    रद्द करने के फैसले में उस पर "एक गंभीर और जानबूझकर धोखा" देने का आरोप लगाया गया है. कहा गया है कि उसने "कनाडा के सिटीज़नशिप कानूनों का सम्मान नहीं किया" और इमिग्रेशन अधिकारियों ने उसे गलत तरीके से सिटीज़नशिप दे दी थी. 

    तुमने जानबूझकर कनाडा से अपनी गैर-मौजूदगी नहीं बताई

    IRCC ने 31 मई, 2024 को उसे लिखा, "तुम्हारा मामला ऐसा है जिसमें ऐसा लगता है कि तुमने नागरिकता के लिए एप्लीकेशन प्रोसेस के दौरान कनाडा में अपने रहने की जगह के बारे में गलत जानकारी दी, क्योंे कि तुमने जानबूझकर कनाडा से अपनी गैर-मौजूदगी नहीं बताई."

    "तुम्हारी गलत जानकारी की वजह से फैसला लेने वालों को लगा कि तुमने नागरिकता के लिए रहने की जरूरतें पूरी कर ली हैं, जबकि ऐसा लगता है कि ये सच नहीं था"

    कनाडा की फेडरल कोर्ट करेगी फैसला
    सरकार ने कहा कि वह उसके केस को फेडरल कोर्ट को भेज रही है, जिसका इस बारे में आखिरी फैसला होगा कि नागरिकता "गलत जानकारी या धोखाधड़ी या जानबूझकर ज़रूरी हालात छिपाकर" ली गई थी या नहीं.ग्लोबल रिपोर्ट में कहा गया है कि तहव्वुर राणा का केस लड़ रहे टोरंटो के एक इमिग्रेशन वकील ने इस फैसले के खिलाफ अपील की है और कहा है कि यह गलत था और उनके अधिकारों का उल्लंघन था.

    पिछले हफ्ते फेडरल कोर्ट में नागरिकता रद्द करने से जुड़ी एक सुनवाई हुई थी.
    सरकारी वकीलों ने 19 दिसंबर को कोर्ट से केस से सेंसिटिव नेशनल सिक्योरिटी जानकारी छिपाने की इजाज़त मांगी थी.
    इमिग्रेशन डिपार्टमेंट के एक स्पोक्सपर्सन ने ग्लोबल न्यूज़ को बताया कि गलत जानकारी के लिए नागरिकता रद्द करना "कनाडाई नागरिकता की इंटेग्रिटी बनाए रखने का एक ज़रूरी तरीका है."

    मैरी रोज़ सबेटर ने कहा कि यह पक्का करने के लिए कि प्रोसेस फेयर हो, फेडरल कोर्ट ऐसे मामलों में आखिरी फैसला लेता है.
     

  • उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने किया चौदहवीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ

    उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने किया चौदहवीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ

    रायपुर

    खेल से सुदृढ़ होता है राष्ट्र निर्माण – उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा

    प्रथम वाहिनी छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल, भिलाई में चौदहवीं अखिल भारतीय पुलिस तीरंदाजी प्रतियोगिता 2025-26 का सोमवार को विधिवत शुभारंभ उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा द्वारा किया गया। उद्घाटन समारोह रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ खेल और संस्कृति का सुंदर संगम देखने को मिला।

    यह राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता 24 से 27 फरवरी तक आयोजित की जाएगी। प्रतियोगिता में देशभर की पुलिस एवं केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की कुल 30 टीमें भाग ले रही हैं, जिनमें लगभग 450 खिलाड़ी शामिल हैं। विशेष बात यह है कि 10 राज्यों के 30 से अधिक ओलंपिक, वर्ल्ड कप, एशियन गेम्स और साउथ एशियन गेम्स जैसी प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी भी हिस्सा ले रहे हैं। जिसमें अर्जुन पुरस्कार विजेता असम के डीएसपी  जनता तालुकार एवं राजस्थान के डीएसपी  रजत चौहान भी प्रतियोगी के रूप में शामिल हुए।

    अपने संबोधन में उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने कहा कि पुलिस बल केवल कानून – व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि खेल और अनुशासन के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान देता है। उन्होंने कहा कि अखिल भारतीय स्तर की इस प्रतियोगिता से पुलिस बलों के बीच समन्वय, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना को मजबूती मिलेगी। छत्तीसगढ़ को इसकी मेजबानी मिलना राज्य के लिए गर्व का विषय है।

    पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम ने कहा कि खेल गतिविधियां पुलिस बलों में शारीरिक दक्षता, मानसिक संतुलन और अनुशासन को मजबूत करती हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को निष्पक्षता एवं खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन करने की शुभकामनाएं दीं और आयोजन समिति के प्रयासों की सराहना की।

    इस कार्यक्रम में दुर्ग नगर की महापौर मती अलका बाघमार, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, एडीजी  एस.आर.पी. कल्लूरी, एडीजी छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल  विवेकानंद सिन्हा, आईजी  ओ.पी. पाल, आईजी  अजय यादव, आईजी  अभिषेक शांडिल्य, आईजी  बी.एस. ध्रुव, डीआईजी  कमलोचन कश्यप, डीआईजी  एम.आर. आहिरे, डीआईजी मध्य रेंज एवं आयोजन सचिव  सदानंद कुमार, डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग  विजय अग्रवाल, कलेक्टर  अभिजीत सिंह, नगर निगम आयुक्त  राठौर तथा प्रथम वाहिनी छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के डीआईजी कमांडेंट एवं पुलिस खेल अधिकारी  राजेश कुकरेजा सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

    इसके साथ ही पद्म सम्मानित समसाद बेगम,  भारती बंधू,  आलोक निरंजन एवं पूर्व अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी सबा अंजुम भी विशेष अतिथि के रूप में मौजूद रहीं।

  • ऑस्ट्रेलिया के सहयोग से दिल्ली में पैरा तैराकी कार्यशाला शुरू

    ऑस्ट्रेलिया के सहयोग से दिल्ली में पैरा तैराकी कार्यशाला शुरू

    नई दिल्ली
    ऑस्ट्रेलियाई उच्चायोग के सहयोग से तीन दिवसीय पैरा तैराकी कोचिंग कार्यशाला यहां शुरू हो गई। डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी तैराकी परिसर में आयोजित की जा रही इस कार्यशाला के दौरान विशेषज्ञ और कोच भारत में पैरा तैराकी को बेहतर बनाने पर चर्चा करेंगे।

    ग्वालियर स्थित लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान (एलएनआईपीई) में भी तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया जाएगा। भारतीय पैरालंपिक समिति के अध्यक्ष देवेंद्र झाझरिया ने उद्घाटन समारोह के दौरान ऑस्ट्रेलियाई उच्चायुक्त फिलिप ग्रीन को शॉल भेंट की। ग्रीन ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया पैरा खेलों में अपनी विशेषज्ञता भारत के साथ साझा करने के लिए तैयार है।

    ग्रीन ने कहा, ‘‘पैरा तैराकी को बढ़ावा देने के लिए भारत में विशेषज्ञता लाने से हम बेहद खुश हैं। ऑस्ट्रेलिया और भारत का संबंध मुख्य रूप से क्रिकेट से जुड़ा रहा है, लेकिन जैसे-जैसे भारत वैश्विक खेल प्रतियोगिताओं की मेजबानी कर रहा है उसे देखते हुए ऑस्ट्रेलिया उसके साथ एक भागीदार के रूप में बने रहना चाहता है।’’ भारतीय खेल प्राधिकरण की उप महानिदेशक मंजुश्री दयानंद ने इस पहल का स्वागत किया।

     

  • गिरफ्तारी की आशंका में शंकराचार्य! अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट पहुँचे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद

    गिरफ्तारी की आशंका में शंकराचार्य! अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट पहुँचे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद

    प्रायगराज 

    शंकराचार्य को गिरफ्तारी का डर? अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट पहुंचे स्वामी अविमुक्‍तेश्‍वरानंद

    यौन शोषण मामले में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की है। उन्हें डर है कि पुलिस उनकी गिरफ्तारी कर सकती है। शंकराचार्य स्‍वामी अविमुक्‍तेश्‍वरानंद पर दर्ज यौन शोषण का मामला अब इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गया है। मंगलवार को शंकराचार्य ने अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर में अग्रिम जमानत याचिका दायर की है। उन्हें डर है कि पुलिस उनको गिरफ्तार कर सकती है। सीनियर एडवोकेट दिलीप गुप्ता ने बतौर वकील जमानत की याचिका दाखिल की है। याचिका का संज्ञान लेकर शासकीय अधिवक्ता को नोटिस जारी किया गया है। इस याचिका पर जल्‍द सुनवाई हो सकती है। इस बीच, प्रयागराज पुलिस शंकराचार्य से इस मामले में पूछताछ भी कर सकती है। स्‍वामी अविमुक्‍तेश्‍वरानंद के खिलाफ दर्ज मुकदमे में आरोप है कि नाबालिगों के साथ यौन शोषण हुआ था। शाकुंभरी पीठाधीश्‍वर आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज की याचिका पर लोअर कोर्ट ने शंकराचार्य पर एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था।

    इससे पहले ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने मंगलवार को पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि किसी नाबालिग ने आरोप लगाया था तो पुलिस ने पहले पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज क्यों नहीं किया? उन्होंने कहा कि 18 फरवरी को मौनी अमावस्या के दिन उन्हें संगम नोज पर रोका गया था। उसी दिन शाम को एक तथाकथित महाराज ने उनके खिलाफ मुकदमा दायर किया और आरोप लगाया कि उनके शिष्य मुकुंदानंद ने उन्हें पटककर गला दबाया। उन्होंने कहा कि मौनी अमावस्या जैसे पर्व पर, जब भारी भीड़ होती है, ऐसे गंभीर आरोप लगाना संदेह पैदा करता है। दूसरा आरोप यह लगाया गया कि उन्होंने पालकी से कोई वजनदार वस्तु फेंकी, जिससे बड़ी घटना हो सकती थी।

    स्वामी ने कहा कि वे दिनभर मीडिया कैमरों के सामने मौजूद थे और कोई साक्ष्य नहीं मिलने के कारण पुलिस ने प्रारंभ में मामला दर्ज नहीं किया। बाद में नया मामला यौन उत्पीड़न का सामने लाया गया। उन्होंने प्रश्न उठाया कि यदि कोई लड़का आरोप लगा रहा था तो उसी दिन पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर मेडिकल परीक्षण क्यों नहीं कराया गया। उनका कहना था कि अदालत के आदेश के बाद ही प्राथमिकी दर्ज की गई।
    अजय राय ने की निष्पक्ष जांच की मांग

    उधर, अजय राय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ दर्ज मामले की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि जांच किसी स्वतंत्र या केंद्रीय एजेंसी से कराई जानी चाहिए। अजय राय ने पत्र में लिखा कि यदि किसी शीर्ष धर्माचार्य के विरुद्ध ऐसी परस्थितिियां बनती हैं, जिससे शासन और आध्यात्मिक परंपरा के बीच टकराव की धारणा बने, तो व्यापक धार्मिक समाज में असंतोष उत्पन्न हो सकता है। उन्होंने कहा कि यह विषय केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि आस्था, संवैधानिक अधिकार और शासन की निष्पक्षता से जुड़ा हुआ है।

  • शतकवीर शुभम पुंडीर ने जमाया रंग, रणजी ट्रॉफी फाइनल में मजबूत हुई जम्मू-कश्मीर

    शतकवीर शुभम पुंडीर ने जमाया रंग, रणजी ट्रॉफी फाइनल में मजबूत हुई जम्मू-कश्मीर

    नई दिल्ली
    कर्नाटक के सामने जम्मू-कश्मीर ने रणजी ट्रॉफी 2025-26 फाइनल के पहले दिन 2 विकेट के नुकसान पर 284 रन बोर्ड पर लगा दिए हैं। शुभम पुंडीर ने शानदार शतक जड़ा। शुभम पुंडीर के अलावा यावर हसन ने 88 रनों की शानदार पारी खेली वहीं अब्दुल समद 52 रन बनाकर क्रीज पर शुभम के साथ मौजूद हैं। शुभम ने अभी तक एक छोर को संभाला हुआ है। वह 117 रन बनाकर नाबाद है। वह अभी तक 12 चौके और 1 गगनचुंबी छक्का लगा चुका है।

    8 बार अब तक कर्नाटक की टीम रणजी ट्रॉफी की चैंपियन बन चुकी है, क्या 9वीं बार ये टीम खिताब जीतेगी या फिर जम्मू-कश्मीर की टीम पहली बार इस ट्रॉफी पर कब्जा करेगी? ये अगले कुछ दिनों में तय होगा। कामरन इकबाल और यावर हसन जम्मू-कश्मीर के लिए ओपनर के तौर पर उतरे। दोनों ने पहले 10 ओवर में सिर्फ 18 रन बनाए, लेकिन कोई विकेट नहीं दिया। 11वें ओवर की दूसरी गेंद पर प्रसिद्ध कृष्णा ने कर्नाटक को पहली सफलता दिलाई, जब उन्होंने कामरान इकबाल को 6 रन के निजी स्कोर पर चलता किया। उन्होंने 36 गेंदों का सामना किया। कैच केएल राहुल ने पकड़ा।

    77 गेंदों में यावर हसन ने अर्धशतक पूरा किया। लंच तक जम्मू-कश्मीर की टीम ने 34 ओवर में 104 रन बनाए हैं और सिर्फ एक विकेट गंवाया है। दूसरे सेशन का खेल शुरू हो चुका है। शुभम पुंडीर ने 100 गेंदों में रणजी ट्रॉफी के फाइनल में अर्धशतक पूरा किया। 8 चौके वे अब तक लगा चुके हैं। स्कोर 130 के पार हो गया है।

    कर्नाटक के खिलाफ जम्मू-कश्मीर टीम के कप्तान पारस डोगरा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है। कर्नाटक की टीम में केएल राहुल, मयंक अग्रवाल, देवदत्त पडिक्कल, करुण नायर और प्रसिद्ध कृष्णा शाामिल हैं, जो इंटरनेशनल क्रिकेट खेल चुके हैं।

     

  • रूस ने टेलीग्राम CEO पावेल डुरोव पर आतंकी गतिविधियों का आरोप, दर्ज किया केस

    रूस ने टेलीग्राम CEO पावेल डुरोव पर आतंकी गतिविधियों का आरोप, दर्ज किया केस

     मास्को

    रूस ने लोकप्रिय मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम (Telegram) के फाउंडर पावेल डुरोव के खिलाफ आतंकी गतिविधियों को बढ़ावा देने के आरोप में आपराधिक मामला दर्ज किया है. रूस के सरकारी अखबार 'रोस्सिस्काया गजेटा' (Rossiyskaya Gazeta) ने यह जानकारी दी है. रिपोर्ट के मुताबिक, यह जांच रूस की सुरक्षा एजेंसी फेडरल सिक्योरिटी सर्विस (FSB) के सबूतों के आधार पर शुरू की गई है.

    अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक, पावेल डुरोव की भूमिका की जांच रूस की आपराधिक संहिता की धारा 205.1 (आतंकी गतिविधियों में सहायता) के तहत की जा रही है. फिलहाल डुरोव की ओर से इस मामले पर कोई त्वरित प्रतिक्रिया नहीं मिल पाई है. हालांकि, टेलीग्राम ने रूस के उन आरोपों को खारिज किया है, जिनमें कहा गया था कि यह ऐप आपराधिक गतिविधियों का अड्डा है और उस पर पश्चिमी व यूक्रेनी खुफिया एजेंसियों का प्रभाव है.

    टेलीग्राम का दावा है कि उसके दुनिया भर में 1 अरब से अधिक एक्टिव यूजर्स हैं और वह अपने यूजर्स की निजता और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करता है. रूस के स्टेट कम्युनिकेशन रेगुलेटर ने टेलीग्राम पर कुछ प्रतिबंध लगाए हैं. अधिकारियों का कहना है कि कंपनी अपने प्लेटफॉर्म से 'कट्टरपंथी सामग्री' हटाने में विफल रही है. रूस में टेलीग्राम सार्वजनिक और निजी संवाद के लिए बेहद लोकप्रिय प्लेटफॉर्म है, जिसका उपयोग आम नागरिकों के साथ-साथ पत्रकार और सरकार के आलोचक भी करते हैं.

    इसी बीच, मास्को प्रशासन रूसियों को एक नए, सरकारी समर्थन वाले मैसेजिंग ऐप MAX की ओर स्थानांतरित करने की कोशिश कर रहा है, जिसे लगभग एक साल पहले लॉन्च किया गया था. पावेल डुरोव के खिलाफ कार्रवाई को टेलीग्राम पर दबाव बढ़ाने और घरेलू विकल्प को बढ़ावा देने की रणनीति के तौर पर भी देखा जा रहा है. डुरोव फिलहाल दुबई में रहते हैं. टेलीग्राम ऐप का हेडक्वार्टर भी यहीं है.