भोपाल
मध्य प्रदेश में मार्च के आखिरी दिनों में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। प्रदेश में सक्रिय हुए नए मौसम सिस्टम के चलते अब अगले 4 से 5 दिनों तक आंधी, बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि का दौर बना रहेगा। रविवार को ग्वालियर सहित कई इलाकों में बादल छाए रहे और हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई, वहीं सोमवार से इसका असर और तेज होने की संभावना है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के साथ-साथ पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से यह स्थिति बनी है. मौसम विभाग ने आज 30 मार्च से 2 अप्रैल तक पूरे प्रदेश के लिए अलर्ट जारी किया है. इस दौरान इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, जबलपुर और रीवा समेत लगभग सभी संभागों में मौसम बदला रहेगा. हालांकि, इस आंधी-बारिश से लोगों को तपती गर्मी से राहत जरूर मिलेगी और दिन के तापमान में बड़ी गिरावट देखने को मिलेगी.
भट्टी की तरह तप रहें कई जिले
पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो प्रदेश के कई शहर भट्टी की तरह तप रहे हैं. मंडला में रविवार को पारा सबसे ज्यादा 39.8 डिग्री दर्ज किया गया. जबकि नौगांव में 39 डिग्री और दतिया में पारा 38.4 डिग्री तक पहुँच गया. इसी तरह नर्मदापुरम में 38.3°, खरगोन-सतना में 38.2°, और खंडवा में 38.1° के साथ भीषण गर्मी का असर रहा.
दिन में गर्मी से राहत मिलेगी आंधी-बारिश का दौर रहने की वजह से दिन के तापमान में गिरावट होगी। वर्तमान में अधिकांश शहरों में अधिकतम तापमान 38 डिग्री या इससे अधिक है। रविवार को मंडला में पारा सबसे ज्यादा 39.8 डिग्री रहा।
मंडला, नौगांव में 39 डिग्री, दतिया में 38.4 डिग्री, नर्मदापुरम में 38.3 डिग्री, खरगोन-सतना में 38.2 डिग्री, खंडवा में 38.1 डिग्री, सिवनी, गुना-उमरिया में 38 डिग्री, टीकमगढ़ में 37.8 डिग्री, रतलाम-दमोह में 37.6 डिग्री, मलाजखंड में 37.5 डिग्री, रीवा, नरसिंहपुर-रायसेन में 37.4 डिग्री और छिंदवाड़ा में 37.2 डिग्री सेल्सियस रहा।
प्रदेश के 5 बड़े शहरों की बात करें तो जबलपुर में 37.5 डिग्री, भोपाल में 36.6 डिग्री, इंदौर में 35.8 डिग्री, ग्वालियर में 38.2 डिग्री और उज्जैन में पारा 36.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मार्च में चौथी बार बदला मौसम मार्च में गर्मी के सीजन की शुरुआत हो गई। पहले पखवाड़े में तेज गर्मी वाला मौसम रहा। दूसरे पखवाड़े में बारिश शुरू हो गई। एक दौर लगातार 4 दिन तक रहा। इस दौरान 45 से ज्यादा जिलों में आंधी-बारिश हुई। वहीं, 17 जिलों में ओले भी गिरे।
इससे गेहूं, पपीता और केले की फसलें बर्बाद हुई हैं। अब तीसरा दौर 26-27 मार्च को रहा। 27 मार्च को सतना, रीवा, दतिया और भिंड में बारिश हुई। सतना के चित्रकूट में आंधी चलने और बारिश होने की वजह से दीप सज्जा के कार्यक्रम पर असर पड़ा था। चौथी बार रविवार से मौसम ने फिर करवट बदली है। यह सिस्टम अप्रैल के पहले सप्ताह में भी असर दिखाएगा।
फरवरी में 4 बार ओले गिरे इस बार फरवरी में मौसम का मिजाज चार बार बदला। शुरुआत में ही प्रदेश में दो बार ओले, बारिश और आंधी का दौर रह चुका है। इससे फसलों को खासा नुकसान हुआ था। इसके बाद सरकार ने प्रभावित फसलों का सर्वे भी कराया था। 18 फरवरी से तीसरी बार प्रदेश भीग गया है। 19, 20 और 21 फरवरी को भी असर रहा। फिर चौथी बार 23-24 फरवरी को भी ओले-बारिश का दौर रहा।
30 मार्च को कहां कहां होगी बारिश?
प्रदेश में आज दतिया-भिंड में ओले का अलर्ट है.ग्वालियर, भोपाल, उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, सीहोर, विदिशा, सागर, रायसेन, नर्मदापुरम, नरसिंहपुर, जबलपुर, दमोह, कटनी, पन्ना, सतना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, गुना और अशोकनगर में गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं.
31 मार्च को भीगेंगे एमपी के ये जिले
ग्वालियर, जबलपुर, भोपाल, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, अशोकनगर, विदिशा, सीहोर, देवास, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, हरदा, सागर, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, पांढुर्णा, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, दमोह, कटनी, उमरिया, शहडोल, सिंगरौली, सीधी, मऊगंज, रीवा, सतना, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी.
1 अप्रैल को आंधी-बारिश का अलर्ट
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सागर, गुना, अशोकनगर, विदिशा, रायसेन, राजगढ़, आगर-मालवा, शाजापुर, सीहोर, हरदा, देवास, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, बड़वानी, धार, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर में आंधी, बारिश का अलर्ट है.
इस तरह रहा बड़े शहरों अधिकतम तापमान
भोपाल में 36.6°C
इंदौर में 35.8°C
जबलपुर में 37.5°C
ग्वालियर में 38.2°C
उज्जैन में 36.4°C
बड़े शहरों का न्यूनतम तापमान
भोपाल में 22.2°C
इंदौर में 22.4°C
जबलपुर में 20.4°C
ग्वालियर में 21.6°C
उज्जैन में 22.0°C
















