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  • IND vs NED  भारत ने रखा 194 रन का टारगेट, शिवम-हार्दिक की तूफानी पारियां

    IND vs NED भारत ने रखा 194 रन का टारगेट, शिवम-हार्दिक की तूफानी पारियां

    अहमदाबाद 

    भारतीय टीम ने नीदरलैंड के खिलाफ टी20 विश्व कप 2026 के 36वें मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 193 रन बनाए। भारत की ओर से शिवम दुबे ने सर्वाधिक 66 रन बनाए। नीदरलैंड की ओर से वीक ने दो विकेट लिए।

    पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम को अभिषेक शर्मा के रूप में पहला झटका लगा। अभिषेक बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। जारी विश्व कप में लगातार तीसरे मैच में अभिषेक शर्मा का खाता नहीं खुला। सलामी बल्लेबाज ईशान किशन 7 गेंद में 18 रन बनाकर आउट हुए। तिलक वर्मा 27 गेंद में 31 रन बनाकर पवेलियन लौटे। उन्होंने अपनी पारी में तीन चौके और एक छक्का लगाया। कप्तान सूर्यकुमार यादव 28 गेंद में 34 रन बनाकर पवेलियन लौटे। शिवम दुबे 31 गेंद में 66 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी पारी में चार चौके और 6 छक्के लगाए। हार्दिक पांड्या ने 21 गेंद में 30 रन का योगदान दिया। रिंकू ने 6 रन बनाए।

    भारतीय टीम ने नीदरलैंड के खिलाफ टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है। भारत ने प्लेइंग इलेवन में बदलाव किए हैं। भारत ने दो बदलाव करते हुए अक्षर पटेल और कुलदीप यादव की जगह वॉशिंगटन सुंदर और अर्शदीप सिंह को एकादश में शामिल किया है। नीदरलैंड ने एक बदलाव करते हुए नोह क्रोस को एकादश में जगह दी है।

    भारतीय टीम लगातार तीन मुकाबला जीतकर सुपर-8 के लिए क्वालीफाई कर चुकी है। जहां उसका पहली भिड़ंत साउथ अफ्रीका से होगी, जोकि शानदार फॉर्म में हैं। वहीं दूसरी तरफ नीदरलैंड की टीम दो मैच हारकर बाहर हो गई है।

    दोनों टीमों की प्लेइंग इलेवन इस प्रकार हैं:

    भारत (प्लेइंग XI): इशान किशन (विकेट कीपर), अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा, सूर्यकुमार यादव (कप्तान), हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, रिंकू सिंह, वॉशिंगटन सुंदर, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह

    नीदरलैंड्स (प्लेइंग XI): माइकल लेविट, मैक्स ओ'डॉड, बास डी लीडे, कॉलिन एकरमैन, स्कॉट एडवर्ड्स (विकेट कीपर), ज़ैक लायन-कैशेट, रोएलोफ़ वैन डेर मर्व, लोगान वैन बीक, आर्यन दत्त, काइल क्लेन, नोआ क्रोस

  • राज्यपाल डेका से छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस की नवगठित प्रबंध समिति की सौजन्य भेंट

    राज्यपाल डेका से छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस की नवगठित प्रबंध समिति की सौजन्य भेंट

    रायपुर.

    राज्यपाल  डेका से छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस सोसायटी की नवगठित प्रबंध समिति ने की सौजन्य भेंट

    राज्यपाल  रमेन डेका से आज यहां लोकभवन में छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस सोसायटी की नवगठित प्रबंध समिति के सदस्यों ने सौजन्य भेंट की। इस अवसर पर रेडक्रॉस की वर्तमान गतिविधियों तथा भावी योजनाओं पर चर्चा की गई।

    राज्यपाल  डेका ने रेडक्रॉस की सदस्यता बढ़ाकर अधिक से अधिक युवाओं को संगठन से जोड़ने पर बल दिया। उन्होंने सिकल सेल बीमारी की रोकथाम के लिए जनजागरूकता अभियान चलाने के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन और दिशा-निर्देश दिए।

    राज्यपाल ने रायपुर में शीघ्र ब्लड बैंक प्रारंभ करने हेतु ठोस प्रयास करने को कहा। उन्होंने जानकारी दी कि सर्व सुविधा युक्त एम्बुलेंस सेवा के लिए एसईसीएल से स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है और जल्द ही एम्बुलेंस उपलब्ध होगी।
    साथ ही, जिलों में रेडक्रॉस के लिए भवन, एम्बुलेंस और ब्लड बैंक की स्थापना हेतु जिला कलेक्टरों एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों से सहयोग लेने का सुझाव भी दिया।

    इस अवसर पर छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस सोसायटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  एम. के. राउत, अध्यक्ष  टोमन साहू सहित प्रबंध समिति के अन्य सदस्य उपस्थित थे।

  • खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी हमला: पुलिस स्टेशन और कस्टम ऑफिस निशाने पर, दो अधिकारियों की मौत

    खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी हमला: पुलिस स्टेशन और कस्टम ऑफिस निशाने पर, दो अधिकारियों की मौत

    खैबर पख्तूनख्वा

    पाकिस्तान का खैबर पख्तूनख्वा प्रांत एक बार फिर भीषण आतंकी हमले से दहल उठा है। बुधवार को डेरा इस्माइल खान जिले में विद्रोहियों ने यारिक पुलिस स्टेशन और उसके पास स्थित कस्टम्स ऑफिस को निशाना बनाया। इस सुनियोजित हमले में एक कस्टम्स अधिकारी और एक पुलिस कांस्टेबल की मौत हो गई, जबकि दो अन्य सुरक्षाकर्मी गंभीर रूप से घायल हैं।

    विद्रोहियों ने अत्याधुनिक ऑटोमैटिक हथियारों से पुलिस स्टेशन और कस्टम्स ऑफिस पर एक साथ धावा बोला। हमले की गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि आतंकियों ने न केवल सरकारी इमारतों को निशाना बनाया, बल्कि चीन-पाकिस्तान इकोनॉमिक कॉरिडोर (CPEC) रूट पर चल रही यात्री बसों पर भी अंधाधुंध फायरिंग की। इस दौरान आतंकियों ने कस्टम्स विभाग के एक वाहन को आग के हवाले कर दिया, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई।

    पुलिस के अनुसार, मरने वालों में कस्टम्स अधिकारी इसरार खान और पुलिस कांस्टेबल मोहम्मद बिलाल शामिल हैं। घायल सुरक्षाकर्मियों, हजरत उमर और खयाल मोहम्मद को जिला मुख्यालय अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। सुरक्षाबलों की जवाबी कार्रवाई के बाद हमलावर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए, जिनकी तलाश में बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

    यह हमला सामरिक रूप से महत्वपूर्ण CPEC रूट पर हुआ है, जो सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जाता है। बता दें कि इसी महीने की शुरुआत में एक पुलिस पार्टी पर हुए हमले में SHO समेत चार पुलिसकर्मी मारे गए थे। वहीं, 18 जनवरी को एक सुसाइड अटैक में पांच लोगों की जान चली गई थी।

  • श्रमिकों का सशक्तिकरण ही समृद्ध और विकसित छत्तीसगढ़ की आधारशिला- श्रम मंत्री  लखन लाल देवांगन

    श्रमिकों का सशक्तिकरण ही समृद्ध और विकसित छत्तीसगढ़ की आधारशिला- श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन

    रायपुर

    श्रमिकों के खून-पसीने की मेहनत से ही प्रदेश विकास की नई ऊँचाइयों को छू रहा

    श्रमिकों के सम्मान और उनके सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से कोरबा शहर के टीपी नगर स्थित राजीव गांधी ऑडिटोरियम में श्रमिक सम्मेलन का गरिमामय आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्य, उद्योग, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम मंत्री लखन लाल देवांगन मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

     सम्मेलन में श्रमिक कल्याण एवं सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा करते हुए श्रमिकों को विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई तथा पात्र हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत सहायता राशि भी वितरित की गई।
    इस अवसर महापौर मती संजू देवी राजपूत, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ पवन सिंह, सभापति नगर निगम  नूतन ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रमवीर उपस्थित थे।

    श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने श्रमिक सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि श्रमवीर प्रदेश की रीढ़ हैं। उनके अथक परिश्रम और समर्पण से ही बड़े निर्माण कार्य, अधोसंरचना विकास एवं औद्योगिक प्रगति संभव हो पा रही है। श्रमिकों के खून-पसीने की मेहनत से ही प्रदेश विकास की नई ऊँचाइयों को प्राप्त कर रहा है।   

    मंत्री  देवांगन ने कहा कि श्रमिकों के सम्मान, सुरक्षा एवं सर्वांगीण विकास के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन एवं मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के कुशल नेतृत्व में विभाग अंतर्गत श्रमिकों एवं उनके परिजनों के हित में अनेक कल्याणकारी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से श्रमिकों को प्रत्यक्ष लाभ मिल रहा है। उन्होंने बताया कि श्रमवीरों और उनके परिवार को कल्याणकारी योजनाओं का लाभ देते हुए विगत दो वर्षों में 800 करोड़ की राशि डीबीटी के माध्यम से अंतरित की जा चुकी है।

    श्रमिकों के लिए आवास निर्माण सहायता, सुरक्षा उपकरण सहायता, महतारी जतन योजना, मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता, नोनी सुरक्षा योजना, नौनिहाल छात्रवृत्ति, श्रमिक सियान सहायता योजना सहित विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाएँ संचालित हैं। इन योजनाओं के माध्यम से श्रमिक परिवारों को आर्थिक संबल प्रदान किया जा रहा है। श्रम मंत्री ने कहा कि श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा को विशेष प्राथमिकता दी गई है। उत्कृष्ट खेल प्रोत्साहन, छात्रवृत्ति, गणवेश एवं साइकिल वितरण जैसी सुविधाओं के साथ बोर्ड परीक्षा में मेरिट में आने वाले श्रमिकों के बच्चों  को 1 लाख रुपये की मेधावी छात्रवृत्ति तथा विदेश में अध्ययन हेतु 50 लाख रुपये तक की छात्रवृत्ति का प्रावधान है। उन्होंने श्रमवीरों से अपील की कि वे अपने बच्चों को उच्च शिक्षा हेतु प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सुशासन और पारदर्शिता के सिद्धांत पर कार्य कर रही है। अब योजनाओं की सहायता राशि सीधे डीबीटी के माध्यम से श्रमिकों के बैंक खातों में अंतरित की जा रही है, जिससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो गई है। आज भी विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत सहायता राशि सीधे हितग्राहियों के खातों में प्रेषित की गई है।

    मंत्री  देवांगन ने कहा कि कोरबा श्रमिक बाहुल्य जिला है, यहां बाल्को, एनटीपीसी एवं एसईसीएल जैसे प्रमुख औद्योगिक प्रतिष्ठान स्थापित हैं। श्रमिकों के हित में वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना संचालित है, जिसके अंतर्गत मात्र 5 रुपये में भरपेट भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। नई औद्योगिक नीति के माध्यम से उद्योगों को प्रोत्साहन देकर रोजगार के नए अवसर सृजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि श्रमिकों की समस्याओं के त्वरित निराकरण हेतु श्रमेव जयते पोर्टल एवं कॉल सेंटर संचालित है। श्रमिक इन माध्यमों से अपनी शिकायत दर्ज कर समाधान प्राप्त कर सकते हैं। श्रम मंत्री ने उपस्थित सभी श्रमिकों से विभागीय योजनाओं का अधिकतम लाभ लेने तथा अन्य श्रमिक साथियों को भी जागरूक करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि श्रमिकों का सशक्तिकरण ही समृद्ध और विकसित छत्तीसगढ़ की आधारशिला है।

    महापौर मती राजपूत ने कहा कि छत्तीसगढ़ की भूमि में श्रमिकों का योगदान अहम है। उनके बिना विकास की परिकल्पना भी संभव नही है। उन्होंने कहा कि श्रमवीरों एवं उनके परिवार के हित में सरकार द्वारा अनेक योजनाएं संचालित की गई है। उन्होंने श्रमिकों को इन योजनाओं की जानकारी रखने एवं उनका लाभ उठाने का आग्रह किया।    

    जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ पवन  तथा नगर निगम सभापति  ठाकुर ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि शासन द्वारा संचालित योजनाएँ श्रमिकों के कल्याण के लिए महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती हैं। उन्होंने श्रमिकों को योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर सक्रिय रूप से उनका लाभ लेने हेतु प्रेरित किया, जिससे वे शासकीय सुविधाओं से अधिकतम रूप से लाभान्वित हो सकें।

    सम्मेलन में मुख्य अतिथि  देवांगन द्वारा छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल, असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल एवं श्रम कल्याण मंडल अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं के तहत  3110 श्रमिकों को कुल एक करोड़ 23 लाख रूपये की सहायता राशि वितरित की गई है। जिसमें मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के तहत 2840 श्रमिक परिवार के बच्चों को कुल 59 लाख 63 हजार रुपए,  मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना अंतर्गत 190 श्रमिकों को 38 लाख रुपए, मिनीमाता महतारी जतन योजना के 44 हितग्राहियो को 08 लाख 80 हजार रूपए, मुख्यमंत्री श्रमिक सियान सहायता योजना के 20 हितग्राहियों को 04 लाख रूपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना के 13 हितग्राहियों को 13 लाख रुपये, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के  3 हितग्राहियों को 26 हजार रूपये राशि से लाभान्वित किया गया।

    स्टॉल के माध्यम से श्रमिकों का किया गया पंजीयन/नवीनीकरण, पहुँचाया गया स्वास्थ्य लाभ

    सम्मेलन स्थल पर विभाग द्वारा स्टॉल लगाया गया, जिसमें छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के तहत पंजीकृत श्रमिकों के लिए संचालित कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई। इस दौरान श्रमिकों का पंजीकरण एवं नवीनीकरण किया गया, साथ ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा श्रमिको का स्वास्थ्य परीक्षण कर निःशुल्क दवाइयाँ भी वितरित की गईं, जिससे उन्हें प्रत्यक्ष लाभ सुनिश्चित हुआ।

  • मुख्यमंत्री साय से आईएमए के प्रतिनिधिमंडल ने की सौजन्य मुलाकात

    मुख्यमंत्री साय से आईएमए के प्रतिनिधिमंडल ने की सौजन्य मुलाकात

    रायपुर,

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज महानदी भवन में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन छत्तीसगढ़ स्टेट के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की।इस दौरान डॉक्टरों ने 7 व 8 मार्च 2026 राजधानी रायपुर में स्थित श्री बालाजी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में "आईएमए सीजीकॉन 2026" 21 वां स्टेट कॉन्फ्रेंस का न्यौता दिया।  मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए अग्रिम बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

    इस अवसर पर आईएमए छत्तीसगढ़ राज्य शाखा अध्यक्ष एवं चेयरमेन डॉ अनूप वर्मा, अध्यक्ष हॉस्पिटल बोर्ड डॉ सुरेंद्र शुक्ला, आईएमए सचिव डॉ संजीव श्रीवास्तव, डॉ गंभीर सिंह उपस्थित थे।

  • किसान कल्याण वर्ष में पशुपालन और दूध उत्पादन से बढ़ाएंगे किसानों की आय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    किसान कल्याण वर्ष में पशुपालन और दूध उत्पादन से बढ़ाएंगे किसानों की आय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    भोपाल.

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश सरकार सभी वर्गों के कल्याण के लिए दृढ़संकल्पित होकर कार्य कर रहे है। मध्यप्रदेश विधानसभा में 4 लाख 38 हजार करोड़ रुपए से अधिक का ऐतिहासिक बजट प्रस्तुत किया गया है। कृषि कल्याण वर्ष में प्रदेश के किसानों के लिए एक लाख करोड़ से अधिक राशि का प्रावधान किसान हितैषी योजनाओं के लिये किया गया है। प्रदेश सरकार का किसानों के कल्याण के प्रति प्रतिबद्धता का यह प्रमाण है। उन्होंने कहा गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी कल्याण के साथ हम प्रदेश को प्रगति पथ पर आगे बढ़ा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश कृषि उत्पादन में लंबे समय से अग्रणी है। किसानों की आय बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने पशुपालन और दूध उत्पादन बढ़ाने का संकल्प लिया है। डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना से प्रदेश में दूध उत्पादन को 9 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत तक पहुंचाने का लक्ष्य तय किया गया है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार को किसान कल्याण वर्ष के उपलक्ष में ग्वालियर जिले में भगवान जगन्नाथ की पुण्य भूमि ग्राम कुलैथ में आयोजित हुए विशाल किसान सम्मेलन में किसान भाईयों को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने 87 करोड़ 21 लाख रुपए से अधिक लागत के 41 विकास कार्यों के लोकार्पण और भूमि-पूजन किया। साथ ही कुलैथ क्षेत्र के विकास के लिये बड़ी-बड़ी सौगातों की घोषणा भी की। उन्होंने किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों की जानकारी देने के लिये लगाई गई प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया।

    किसानों की पट्टों वाली जमीन की अपने खर्चे पर सरकार कराएगी रजिस्ट्री

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों की जमीन के पट्टों की रजिस्ट्री का पूरा खर्च सरकार उठाएगी, इसके लिए बजट में पर्याप्ट धनराशि का प्रावधान किया गया है। इससे किसानों को बैंकों से योजनाओं का लाभ मिल सकेगा। उन्होंने कहा किसानों की जिंदगी बेहतर बनाने के लिए सरकार द्वारा हर संभव कार्य किए जा रहे हैं। प्रदेश के किसानों को सोलर पंप वितरित कर उन्हें बिजली उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। बुंदेलखंड की केन-बेतवा लिंक परियोजना का लाभ चंबल क्षेत्र के किसानों को भी मिलने वाला है। सिंचाई की सुविधा मिलने से यहां खेतों में फसलें लहलहाएंगी।

    सुपोषण के लिये सरकार स्कूली बच्चों को नि:शुल्क दूध उपलब्ध कराएगी

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में पहली से 8वीं कक्षा तक के बच्चों के सुपोषण के लिये सरकार नि:शुल्क दूध उपलब्ध कराएगी। इस साल के बजट में यह योजना प्रस्तावित की गई है। साथ ही बजट में लाड़ली बहनों के लिए 23 हजार करोड़ से अधिक राशि आवंटित की गई है।

    कन्हैया लोकगीतों का लिया आनंद और पुष्पवर्षा कर किया अभिनंदन

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान कृष्ण का स्मरण करने से जीवन की अनेक कठिनाइयां खत्म हो जाती हैं। बाबा महाकाल ने सभी के जीवन का समय निश्चित किया है, इसलिए समाज कल्याण के लिए सदैव तत्पर रहना चाहिए। इस अवसर पर स्थानीय ग्रामीण पारंपरिक लोक गायकों द्वारा प्रस्तुत कन्हैया लोकगीतों का आनंद भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लिया। उन्होंने मनमोहक कन्हैया लोक गीत प्रस्तुत करने वाले लोक गायकों का पुष्प वर्षा कर अभिनंदन और उत्साहवर्धन किया। लोक गायन में भाग लेने वाली सभी 18 टीमों को 5 – 5 हजार रुपए का पुरस्कार देने की घोषणा की।

    बैलगाड़ी दौड़ में शामिल लोगों का किया उत्साहवर्धन

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किसान सम्मेलन स्थल के समीप स्थानीय किसानों द्वारा आयोजित पारंपरिक बैलगाड़ी दौड़ भी देखी। उन्होंने बैलगाड़ी दौड़ में शामिल हुईं 28 बैलगाड़ियों को प्रोत्साहन स्वरूप 5-5 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान करने की घोषणा की। साथ ही बैलगाड़ी दौड़ में प्रथम और द्वितीय पुरस्कार के लिए क्रमश: 21 व 11 हजार रुपए प्रदान करने की घोषणा भी की।

    रोड-शो में स्थानीय निवासियों ने पुष्प वर्षा कर किया अभिनंदन

    ग्वालियर के कुलैथ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव जब हैलीपेड से रथ पर सवार होकर रोड-शो करते हुए आगे बढ़े तो मार्ग के दोनों ओर बड़ी संख्या में मौजूद जनसमुदाय द्वारा उनका पुष्प वर्षा कर भव्य एवं आत्मीय स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भी जनता का अभिवादन किया।

    कुलैथ क्षेत्र के लिये की बड़ी-बड़ी सौगातों की घोषणा

    भगवान जगन्नाथ की पुण्य भूमि कुलैथ में आयोजित विशाल किसान सम्मेलन में शामिल होने आए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कुलैथ क्षेत्र को विकास कार्यों की बड़ी-बड़ी सौगातें देने की घोषणा की। इनमें डंडे वाले बाबा मंदिर तक एक किलोमीटर लम्बी सड़क व ट्रांसफार्मर, भगवान जगन्नाथ मंदिर के दर्शन के लिये आने वाले श्रृद्धालुओं को ठहरने के लिये सामुदायिक भवन, युवाओं के लिये खेल मैदान व कुलैथ क्षेत्र में उद्योग की स्थापना शामिल है। साथ ही ग्राम पंचायत सुसैरा, ब्रह्मपुरा, साईंपुरा व ग्राम पंचायत सोजना के बंजारे का पुरा को आबादी क्षेत्र बनाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस क्षेत्र की महेश्वरा पत्थर खदान को फिर से चालू कराने के लिये आशवस्त किया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ग्वालियर क्षेत्र के लिये हमेशा सौगातें लेकर आते हैं – सांसद  कुशवाह

    सांसद  भारत सिंह कुशवाह ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ग्वालियर क्षेत्र के लिये हमेशा बड़ी-बड़ी सौगातें लेकर आते हैं। उन्होंने आज भी 87 करोड़ से अधिक लागत के विकास कार्यों की सौगातें दी हैं। साथ ही विधानसभा में प्रस्तुत हुए बजट में विकास के लिये लगभग 4 लाख करोड़ से अधिक धनराशि का प्रावधान किया है। सांसद  कुशवाह ने कहा कि खुशी की बात है कि ग्वालियर संसदीय क्षेत्र में पुल-पुलियाओं व सड़कों के निर्माण के लिये भी लगभग 500 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। उन्होंने इसके लिये मुख्यमंत्री डॉ. यादव के प्रति क्षेत्रीय जनता की ओर से धन्यवाद व्यक्त किया।

    हितलाभ वितरण एवं प्रदर्शनी का अवलोकन

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किसान सम्मेलन में सरकार की किसान हितैषी व अन्य योजनाओं के तहत मुख्य मंच से प्रतीक स्वरूप हितलाभ भी वितरित किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम स्थल पर लगी कृषि प्रदर्शनी में लगाए गए 16 स्टॉलों का भ्रमण कर विभिन्न विभागों एवं संस्थाओं द्वारा प्रदर्शित योजनाओं, नवाचारों एवं तकनीकी जानकारी का अवलोकन किया। प्रदर्शनी में उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग द्वारा विभागीय योजनाओं के प्रचार-प्रसार के साथ फूलों की खेती एवं ड्रिप स्प्रिंकलर का लाइव डेमो प्रस्तुत किया गया।

    किसान सम्मेलन में जिले के प्रभारी एवं जल संसाधन मंत्री  तुलसीराम सिलावट, विधायक  मोहन सिंह राठौर, जिला पंचायत अध्यक्ष  दुर्गेश कुँवर सिंह जाटव व उपाध्यक्ष  प्रियंका सिंह घुरैया, संत  राजेश्वरानंद, मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष  सीताराम मांझी, लोकमाता अहिल्याबाई बोर्ड के अध्यक्ष  राजेन्द्र सिंह पाल,  आशीष अग्रवाल,  प्रेम सिंह राजपूत, बीज निगम के पूर्व अध्यक्ष  महेन्द्र सिंह यादव,  शिवराज सिंह यादव व  देवेन्द्र प्रताप सिंह तोमर सहित जनप्रतिनिधि मंचासीन थे।

     

  • असम में एसआर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का बयान: ‘योग्य मतदाताओं को शामिल करना ही उद्देश्य’

    असम में एसआर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का बयान: ‘योग्य मतदाताओं को शामिल करना ही उद्देश्य’

     गुवाहाटी

    असम में चल रही विशेष पुनरीक्षण (SR) प्रक्रिया को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा है कि असम में कराए गए विशेष पुनरीक्षण का उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना था कि सभी पात्र मतदाता सूची में शामिल हों और अपात्र नामों को हटाया जाए। तीन दिवसीय दौरे के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने बताया कि चुनाव से पहले मतदाता सूची का पुनरीक्षण कानूनन अनिवार्य है। असम में यह प्रक्रिया इसलिए कराई गई क्योंकि यह देश का एकमात्र राज्य है जहां राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है।

    बीहू को लेकर चुनाव तिथियों पर होगा विचार
    चुनाव तिथियों के निर्धारण पर पूछे गए सवाल के जवाब में ज्ञानेश कुमार ने कहा कि बीहू असम का अत्यंत महत्वपूर्ण पर्व है। इसलिए समीक्षा बैठकों के दौरान विभिन्न पक्षों से प्राप्त सुझावों और प्रस्तावों पर गंभीरता से विचार किया जाएगा। उन्होंने संकेत दिया कि चुनाव कार्यक्रम तय करते समय राज्य की सांस्कृतिक और सामाजिक परिस्थितियों को ध्यान में रखा जाएगा। ज्ञानेश कुमार के मुताबिक, आयोग की प्राथमिकता स्वतंत्र, निष्पक्ष और सुचारु चुनाव कराना है, लेकिन इसके साथ ही स्थानीय परंपराओं और जनभावनाओं का सम्मान करना भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी पक्षों से प्राप्त सुझावों का मूल्यांकन कर संतुलित और व्यावहारिक चुनाव कार्यक्रम घोषित किया जाएगा।

    12 राज्यों में SIR, असम में SR
    मुख्य चुनाव आयुक्त ने स्पष्ट किया कि चुनावी नियमों के अनुसार मतदान से पहले मतदाता सूची का अद्यतन जरूरी है। इसी के तहत 12 राज्यों में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कराया गया, जबकि असम में विशेष पुनरीक्षण (SR) आयोजित किया गया। उन्होंने बताया कि यह पूरी प्रक्रिया सफल रही है। राज्य के सभी जिलों से कुल लगभग 500 लोगों ने ही अपने नाम जोड़ने या किसी अन्य नाम को हटाने के लिए अपील दायर की है, जो इस बात का संकेत है कि सूची काफी हद तक सटीक है।

    चुनाव तैयारियों की व्यापक समीक्षा
    मुख्य चुनाव आयुक्त के साथ चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी भी तीन दिवसीय दौरे पर असम आए थे। इस दौरान आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। आयोग ने प्रशासनिक अधिकारियों और अन्य संबंधित पक्षों के साथ बैठक कर मतदान केंद्रों, सुरक्षा व्यवस्था, मतदाता सूची और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मुख्य चुनाव आयुक्त ने भरोसा जताया कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई जाएगी।

    1200 मतदाताओं की सीमा तय
    चुनाव आयोग ने प्रत्येक मतदान केंद्र पर अधिकतम 1,200 मतदाताओं की सीमा तय की है। इससे मतदान प्रक्रिया अधिक सुगम और व्यवस्थित होने की उम्मीद है। आयोग का मानना है कि इससे लंबी कतारों और भीड़भाड़ की समस्या कम होगी और मतदान प्रतिशत भी बढ़ सकता है।

    मोबाइल फोन रखने की नई सुविधा
    पहली बार असम में मतदाताओं को मतदान केंद्र के प्रवेश द्वार पर अपने मोबाइल फोन रखने की अनुमति दी जाएगी। अब तक कई जगहों पर मोबाइल फोन ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहता था, जिससे मतदाताओं को असुविधा होती थी। नई व्यवस्था के तहत प्रवेश द्वार पर सुरक्षित जमा करने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

    मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि चुनाव आयोग का उद्देश्य केवल स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराना ही नहीं, बल्कि मतदाताओं को अधिकतम सुविधा देना भी है। रंगीन फोटो, बड़े अक्षरों में नाम, सीमित मतदाता संख्या और मोबाइल जमा सुविधा जैसे कदम उसी दिशा में उठाए गए हैं। असम में चुनावी माहौल के बीच आयोग की ये घोषणाएं प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और मतदाता-हितैषी बनाने की कोशिश के तौर पर देखी जा रही हैं।

  • सड़क हादसों पर लगाम की मुहिम, लगातार आयोजित हो रहे रोड सेफ्टी मैनेजमेंट कोर्स

    सड़क हादसों पर लगाम की मुहिम, लगातार आयोजित हो रहे रोड सेफ्टी मैनेजमेंट कोर्स

    भोपाल 

    पुलिस परिवहन शोध संस्थान (पीटीआरआई) द्वारा मध्यप्रदेश में सड़क पर होने वाली वाहन दुर्घटना एवं दुर्घटनाओं में होने वाली मृत्यु की संख्या में कमी लाने के उद्देश्य से लगातार सड़क सुरक्षा प्रबंधन कोर्स हो रहे हैं।

    अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री विवेक शर्मा के निर्देशन पर पीटीआरआई में अतिरिक्‍त पुलिस अधीक्षक से उप निरीक्षक स्तर के अधिकारियों को सड़क सुरक्षा प्रबंधन कोर्स के माध्यम से दो दिवसीय प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य सड़क उपयोगकर्ताओं को एक सुरक्षित सड़क नेटवर्क उपलब्ध कराने, पदयात्रियों तथा सायकिल, वाहन चालकों को प्राथमिकता और भविष्य में सड़क दुर्घटनाओं की संख्‍या एवं सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मृत्यु की संख्‍या में कमी लाना है ।

    प्रशिक्षण सत्र के शुभारंभ पर उप पुलिस महानिरीक्षक पीटीआरआई श्री टी.के. विद्यार्थी ने सड़क दुर्घटनाओं की भयावहता को प्रशिक्षणार्थियों के सम्मुख रखा। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा को मूलभूत यातायात सेवा में अविभाज्य अंग के रूप में मान्यता देना है। उनके द्वारा यातायात प्रवर्तन को दृष्टिगत रखते हुये ई-इनफोर्समेंट पर जोर दिया गया। साथ ही ओवर स्‍पीडिंग से निदान के लिये इन्‍टरसेप्‍टर व्‍हीकल की उपयोगिता को बढ़ाए जाने का अनुरोध किया गया। वर्तमान में भारत सरकार की योजनाओं राहवीर एवं केशलैस उपचार के साथ गोल्‍डर ऑवर की अवधारणा से प्रशिक्षुओं को अवगत कराया। इस दौरान पीटीआरआई के सहायक पुलिस महानिरीक्षक श्री अभिजीत कुमार रंजन, श्री राजेश मिश्रा, उपुअ श्री मनोज खत्री एवं प्रशिक्षण टीम के अधिकारी उपस्थित थे।

    कोर्स के समापन के दौरान प्रशिक्षणार्थियों को पीटीआरआई द्वारा प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण करने पर प्रमाण-पत्र प्रदाय किया गया।

  • पोर्न स्टार बनने की चाह में अपराध: पति ने पत्नी का अश्लील वीडियो बनाकर किया वायरल, पहुंचा जेल

    पोर्न स्टार बनने की चाह में अपराध: पति ने पत्नी का अश्लील वीडियो बनाकर किया वायरल, पहुंचा जेल

    रीवा

    पोर्न स्टार बनने की चाहत ने एक पति को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। आरोपी ने अपनी ही पत्नी के साथ सेक्स का पोर्न वीडियो बनाया और उसे वायरल कर दिया। बताया गया आरोपी ने अपनी नवविवाहिता पत्नी के साथ संबंध बनाते हुए वीडियो रिकॉर्ड किया था। इसके बाद इन अश्लील वीडियो को सोशल मीडिया पर अपलोड किया था। 13 मिनट की क्लिप देखकर इंटरनेट पर सनसनी मच गई थी। वहीं पीड़िता ने इसकी शिकायत थाने में की थी। जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपी को दबोच लिया है।

    यह पूरा मामला मध्य प्रदेश के रीवा जिले का है। जहां दहेज लोभी पति शिवम साहू ने इंसानियत की सारी सीमाएं पार कर दी। उसने अपनी पत्नी को पहले दहेज के लिए शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया। बात नहीं बनी तो उसने अपनी पत्नी का दिल जीता और भरोसे में लेकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। सेक्स के दौरान के पलों को अपने मोबाइल कैमरे में रिकॉर्ड कर लिया। इसके बाद इस अश्लील क्लिप को फेसबुक, इंस्टाग्राम पर वायरल कर दिया था।

    पीड़िता ने थाने में शिकायत कर बताई पूरी कहानी

    सोशल मीडिया पर 13 मिनट का वीडियो वायरल होते ही सनसनी मच गई। जब पीड़िता और उसे घर वालों ने यह वीडियो देखा तो उनके भी पैरों तले जमीन खिस गई। कुछ समझ नहीं आ रहा था। इसके बाद उन्होंने पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता के मुताबिक, शादी से पहले ही उसके ससुराल वाले दहेज के लिए दबाव बना रहे थे। परिवार ने असमर्थता जताई थी। जिसके बाद विवाह सम्पन्न हुआ और उसे ससुराल विदा कर दिया गया।

    ससुराल पहुंचने के बाद पति शिवम साहू दहेज के लिए लगातार शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। पीड़िता ने शिकायत में बताया था कि जब शिवम को सफलता नहीं मिली तो उसने बहला फुसला कर संबंध बनाए और निजी पलों का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। इसके कुछ समय बाद एक बार फिर दहेज की मांग की। जब डिमांड पूरी नहीं हुई तो उसने वीडियो को वायरल कर दिया। आरोपी शिवम साहू ट्रक ड्राइवर है। फिलहाल पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

  • मुख्यमंत्री ने विशाल सतनाम सद्भाव पदयात्रा’ का किया शुभारंभ

    मुख्यमंत्री ने विशाल सतनाम सद्भाव पदयात्रा’ का किया शुभारंभ

    रायपुर.

    गुरु घासीदास के अनुयायियों का दल पावन गिरौदपुरी धाम के लिए हुआ रवाना

    मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के मोवा स्थित सतनाम भवन परिसर से “विशाल सतनाम सद्भाव पदयात्रा” का शुभारंभ किया। उन्होंने धार्मिक विधि-विधान के साथ पदयात्रा को हरी झंडी दिखाकर पावन गिरौदपुरी धाम के लिए रवाना किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पवित्र जैतखाम की पूजा-अर्चना कर गुरु घासीदास बाबा का पुण्य स्मरण किया तथा प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
               
    मुख्यमंत्री  साय ने पदयात्रा में शामिल श्रद्धालुओं और सामाजिक बंधुओं से आत्मीय संवाद करते हुए कहा कि गुरु घासीदास बाबा का “मनखे-मनखे एक समान” का संदेश संपूर्ण मानव समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पदयात्रा समाज में सद्भावना, समरसता और भाईचारे को और सुदृढ़ करेगी।  साय ने कहा कि राज्य सरकार समाज के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्ध है तथा सामाजिक हितों को गति देने हेतु विशेष प्राधिकरण का गठन भी किया गया है। पदयात्रा के उपरांत विशाल मेले के आयोजन की जानकारी भी उन्होंने दी।
                
    कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि यह पदयात्रा सामाजिक समरसता, मानव कल्याण और एकता के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है। उन्होंने सभी से सामाजिक भेदभाव और द्वेष से ऊपर उठकर राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने विश्वास जताया कि यह यात्रा गुरु घासीदास बाबा के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाएगी।

    कार्यक्रम में धर्मगुरु गुरु  बालदास साहेब, विधायक  ललित चंद्राकर, विधायक  मोतीलाल साहू, फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष सु मोना सेन, छत्तीसगढ़ रजककार विकास बोर्ड के अध्यक्ष  प्रहलाद रजक, जिला पंचायत अध्यक्ष  नवीन अग्रवाल, संत समाज के प्रतिनिधि एवं सर्व समाज के प्रबुद्धजन उपस्थित रहे।
                     
    गौरतलब है कि रायपुर से गिरौदपुरी धाम तक प्रस्तावित “विशाल सतनाम सद्भाव पदयात्रा” का आयोजन 18 से 22 फरवरी 2026 तक किया जाएगा। पदयात्रा का उद्देश्य सामाजिक समरसता, आपसी भाईचारा और सद्भाव का संदेश जन-जन तक पहुंचाना है। इस दौरान गिरौदपुरी धाम मेले में विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए।