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  • केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने राज्य के मंत्रिगणों के साथ मल्टीलेवल कार पार्किंग का किया निरीक्षण

    केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने राज्य के मंत्रिगणों के साथ मल्टीलेवल कार पार्किंग का किया निरीक्षण

    केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने राज्य के मंत्रिगणों के साथ मल्टीलेवल कार पार्किंग का किया निरीक्षण 

    पानी निकासी के स्थायी समाधान के लिए तकनीकी अध्ययन कराया जाए 

    ग्वालियर 
     केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने ग्वालियर के प्रमुख केंद्र महाराजा बाड़ा में बन रहे मल्टीलेवल कार पार्किंग का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परियोजना की प्रगति, निर्माण कार्य की गुणवत्ता तथा विशेष रूप से बेसमेंट-3 में पानी की समस्या और उसकी निकासी की व्यवस्थाओं की विस्तार से जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट, सामाजिक न्याय एवं उद्यानिकी मंत्री नारायण सिंह कुशवाह, विधायक मोहन सिंह राठौर, भाजपा जिला अध्यक्ष जयप्रकाश राजौरिया, कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह, नगर निगम आयुक्त अभिषेक चौधरी, सीईओ स्मार्ट सिटी प्रतीक राव सहित जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
        केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने कहा कि विकास कार्यों में गति जरूरी है, लेकिन गुणवत्ता और निर्माण की सावधानियों से किसी भी स्थिति में समझौता नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने बेसमेंट-3 में पानी की निकासी के संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूरे विषय का समग्र एवं तकनीकी अध्ययन किया जाए। उन्होंने कहा कि पानी के आउटलेट और निकासी व्यवस्था का ऐसा स्थायी एवं सुरक्षित समाधान सुनिश्चित किया जाए, जिससे भविष्य में किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो। उन्होंने कलेक्टर और नगर निगम आयुक्त सहित संबंधित अधिकारियों को इस विषय की लगातार मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
        केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने कहा कि महाराजा बाड़ा मल्टीलेवल कार पार्किंग ग्वालियर के लिए एक महत्वपूर्ण परियोजना है। स्मार्ट सिटी योजना के तहत विकसित की जा रही इस परियोजना से महाराजा बाड़ा क्षेत्र में पार्किंग व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्माण कार्य में आवश्यक गति लाने के साथ गुणवत्ता के उच्च मानकों को बनाए रखने के निर्देश दिए।
        परियोजना के तहत लगभग 77 करोड़ रुपये की लागत से 429 वाहनों की पार्किंग क्षमता विकसित की जा रही है। इसमें 353 चार-पहिया और 76 दो-पहिया वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था होगी।
        केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने निर्देश दिए कि बेसमेंट और ग्राउंड फ्लोर का कार्य जनवरी-फरवरी 2027 तक पूरा करने की दिशा में प्रभावी ढंग से कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य की नियमित समीक्षा और निगरानी सुनिश्चित की जाए, ताकि परियोजना समयबद्ध तरीके से पूर्ण हो सके। उन्होंने कहा कि पानी, सड़क और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं सीधे आमजन के जीवन से जुड़ी हैं। केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा विकास कार्यों के लिए उपलब्ध कराई जा रही राशि का सदुपयोग करते हुए ऐसी सुविधाएं विकसित की जानी चाहिए, जिनका लाभ लंबे समय तक आम नागरिकों को मिले। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों का अंतिम उद्देश्य जनता की सेवा, बेहतर सुविधाएं और ग्वालियर का सुनियोजित विकास सुनिश्चित करना है। 
     

  • यूपी को फिर बांटने की कोशिश कर रहे समाजवादी: नितिन नवीन

    यूपी को फिर बांटने की कोशिश कर रहे समाजवादी: नितिन नवीन

    यूपी को फिर बांटने की कोशिश कर रहे समाजवादी: नितिन नवीन
     
    मेरठ में भाजपा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कार्यकर्ताओं को दिया 2027 का मंत्र
     
    नितिन नवीन बोले- अंग्रेजों की ‘डिवाइड एंड रूल’ नीति को पहले कांग्रेस और बाद में समाजवादियों ने अपनाया
     
    कहा- पहले पश्चिमी यूपी में भय और अराजकता का वातावरण था, आज भरोसा और कानून का राज, विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा प्रदेश
     
    चौधरी चरण सिंह और बाबा साहेब आंबेडकर के सम्मान को लेकर कांग्रेस को घेरा, बोले- मोदी और अटल ने दिया बाबा साहेब को सम्मान
     
    राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा- 2027 में खेले जा रहे खेल को करना है खत्म, प्रदेश के विकास के रथ को रुकने नहीं देना है
     

    पंकज चौधरी बोले- शक्ति केंद्र प्रमुख बूथों का ठीक से अध्ययन करें तो चुनाव से पहले ही बता सकते हैं अपने क्षेत्र का पूरा परिणाम
     
    प्रदेश अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं को बताया भाजपा की रीढ़, बोले- मोदी और योगी के कार्यों को लेकर जनता के बीच जाएं
     
    मेरठ

    भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने रविवार को मेरठ की क्रांति धरा से कांग्रेस और समाजवादियों पर ‘डिवाइड एंड रूल’ की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अंग्रेज चले गए, लेकिन उनकी बांटो और राज करो की नीति को पहले कांग्रेस और बाद में समाजवादियों ने अपना लिया। भाजपा कार्यकर्ताओं को संकल्प लेना होगा कि इस नीति को उत्तर प्रदेश में दोबारा लागू नहीं होने देंगे और विकास के रथ को रुकने नहीं देंगे।
     
    भाजपा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित करते हुए नितिन नवीन ने कहा कि वह उस भूमि पर आए हैं, जो क्रांति की भूमि रही है। इस धरती ने कई ऐसे परिवर्तन दिए हैं, जिन्होंने देश के साथ पूरी दुनिया को संदेश दिया है। उन्होंने उत्तर प्रदेश में आए बदलाव का श्रेय कार्यकर्ताओं की मेहनत को देते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं ने प्रदेश को आतंक और जंगलराज से बाहर निकालकर उत्तम प्रदेश बनाने का काम किया है।
     
    पहले भय था, आज भरोसे का वातावरण
    नितिन नवीन ने कहा कि एक समय यहां भय का वातावरण था, लेकिन आज भाजपा सरकार में भरोसे का वातावरण है। पहले अराजकता का राज था, आज कानून का राज है। पहले विकास का ठहराव था और आज उत्तर प्रदेश विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है।
     
    उन्होंने कहा कि समाजवादी उत्तर प्रदेश में घूम-घूमकर फिर से प्रदेश को बांटने का काम कर रहे हैं। हम सभी यहां यह संकल्प लेने आए हैं कि बांटो और राज करो की नीति को उत्तर प्रदेश में दोबारा लागू नहीं होने देंगे।
     
    2027 में खेले जा रहे खेल को करना है खत्म

    राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि 2027 में उत्तर प्रदेश में जो खेल खेलने का प्रयास किया जा रहा है, उसे खत्म करना है। उत्तर प्रदेश के विकास के रथ को रुकने नहीं देना है।
     
    चौधरी चरण सिंह के सम्मान पर कांग्रेस को घेरा
    नितिन नवीन ने कहा कि चौधरी चरण सिंह ने किसानों के लिए संघर्ष किया, लेकिन कांग्रेस के लोगों ने उन्हें कभी सम्मान नहीं दिया। उनकी सरकारों को गिराने का काम किया गया। चौधरी चरण सिंह को सम्मान देने का काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया।
     
    उन्होंने बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर को लेकर भी कांग्रेस पर हमला बोला। कहा कि बाबा साहेब को अपमानित करने का काम कांग्रेस और उसके साथियों ने किया। उन्हें सम्मान दिलाने का काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने किया। नितिन नवीन ने संत कबीर दास का उल्लेख करते हुए कहा कि हम उनकी 640वीं वर्षगांठ मना रहे हैं। कांग्रेस के लोग केवल अपने परिवार के लोगों का जन्मदिन मनाते थे।
     
    कार्यकर्ता भाजपा की रीढ़: पंकज चौधरी

    प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने शक्ति केंद्र कार्यकर्ताओं से कहा कि भाजपा को मजबूत करने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण है। कार्यकर्ताओं की मेहनत के बल पर ही चुनाव जीता जा सकता है। उन्होंने कहा कि वह कार्यकर्ताओं का महत्व बखूबी जानते हैं। कार्यकर्ता उनके लिए सर्वोपरि है और उसके लिए कुछ भी करना पड़े तो वह तैयार रहते हैं।
     
    पंकज चौधरी ने कहा कि शक्ति केंद्र प्रमुख के अधीन जो बूथ आते हैं, उनका ठीक से अध्ययन कर लिया जाए तो वह चुनाव से पहले ही अपने शक्ति केंद्र का पूरा परिणाम बता सकता है।
     
    2017 से पहले पश्चिम की स्थिति जानती है जनता
    प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की जनता जानती है कि 2017 से पहले यहां क्या स्थिति थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डबल इंजन सरकार के माध्यम से पश्चिमी उत्तर प्रदेश की पहचान बदलने का काम किया है और उसी प्रकार पूरे उत्तर प्रदेश की पहचान बदलने का काम किया है।
     
    उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यों को लेकर जनता के बीच जाएं तो विरोधी भी उनसे आंख मिलाकर बात नहीं कर पाएंगे।
     
    पंकज चौधरी ने कार्यकर्ताओं को भाजपा की रीढ़ की हड्डी बताते हुए कहा कि 2027 में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कार्यकर्ता तन, मन और धन से लगकर यूपी में हैट्रिक सरकार बनाने का काम करेंगे।
     
    कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
    सम्मेलन में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री एवं प्रदेश सह प्रभारी जगदीश पटेल, राष्ट्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ. भोला सिंह, प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल, प्रदेश महामंत्री एवं पश्चिम क्षेत्र प्रभारी राम प्रताप सिंह, पश्चिम क्षेत्र अध्यक्ष नवाब सिंह नागर समेत राष्ट्रीय, प्रदेश और क्षेत्र के पदाधिकारी तथा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक मौजूद रहे।

  • समाज को जातियों में बांटने वालों से रहें सावधान, बूथ पर रहें तैयार: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

    समाज को जातियों में बांटने वालों से रहें सावधान, बूथ पर रहें तैयार: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

    समाज को जातियों में बांटने वालों से रहें सावधान, बूथ पर रहें तैयार: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
     
    मेरठ में भाजपा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को मुख्यमंत्री योगी ने किया संबोधित, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी रहे मौजूद
     
    हर बूथ की करें समीक्षा, एक-एक परिवार की मैपिंग रखें, प्रभावी टीम बनाकर पन्ना प्रमुखों की जिम्मेदारी करें तय
     
    बोले- पहले यूपी की पहचान थी ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन माफिया’, आज ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट’
     
    कहा- जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर समाज को बांटने की फिर होगी कोशिश, महापुरुष किसी जाति के नहीं बल्कि पूरे राष्ट्र के
     
    सपा, बसपा और कांग्रेस पर हमला, बोले- इन्होंने परिवारवाद और जातिवाद की बीमारी दी, भाजपा के लिए व्यक्ति से बढ़कर दल और दल से बढ़कर देश
     
    कहा- साढ़े नौ लाख युवाओं को दी सरकारी नौकरी, परंपरागत उद्यमों से 3.25 करोड़ नौजवानों को मिला रोजगार
     
    मेरठ से गिनाईं पश्चिमी यूपी की उपलब्धियां, एक्सप्रेसवे, नमो भारत, स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का किया जिक्र
     
    मेरठ

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को भाजपा कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि समाज को जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर बांटने वाली ताकतें फिर सक्रिय होंगी। शक्ति केंद्र संयोजक हर बूथ की समीक्षा करें, प्रभावी टीम बनाएं, पन्ना प्रमुखों की जिम्मेदारी तय करें और एक-एक परिवार की मैपिंग अपने पास रखें। एक-एक घर की स्क्रीनिंग कर लोगों को मतदान केंद्र तक पहुंचाने की जिम्मेदारी भी तय हो।
     
    सुभारती विश्वविद्यालय के जनरल मोहन सिंह प्लेग्राउंड में भाजपा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने सपा, बसपा और कांग्रेस पर परिवारवाद और जातिवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इन दलों ने सत्ता को परिवार और अपने हित साधने का माध्यम बनाया। भाजपा का मंत्र है कि व्यक्ति से बढ़कर दल और दल से बढ़कर राष्ट्र है। कार्यकर्ता यह न सोचे कि उसे क्या मिला, बल्कि यह सोचे कि वह देश के लिए क्या कर रहा है।
     
    महापुरुष किसी एक जाति के नहीं
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि नकारात्मक ताकतें समाज को जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर बांटने की कोशिश करेंगी। महापुरुषों को भी जातियों में बांटने का प्रयास होगा। उन्होंने कहा कि महापुरुष सबके होते हैं। कोतवाल धन सिंह गुर्जर स्वाधीनता आंदोलन के नायक हैं। महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज और गुरु गोविंद सिंह राष्ट्रनायक हैं। दुर्गा भाभी ने क्रांतिकारियों का उत्साह बढ़ाया, इसलिए वह भी पूरे समाज की आदर्श हैं।
     
    उन्होंने कहा कि सरकार ने मेरठ में कोतवाल धन सिंह गुर्जर का भव्य स्मारक बनाया है। बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर, संत रविदास और महर्षि वाल्मीकि से जुड़े स्थानों, मंदिरों और मूर्तियों के सौंदर्यीकरण के लिए धनराशि दी जा रही है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि सपा सरकार ने बाबा साहब के नाम पर बने मेडिकल कॉलेज का नाम बदल दिया था और सीर गोवर्धन में संत रविदास की जन्मभूमि पर आयोजन नहीं होने दिया।
     
    ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन माफिया’ से बदली पहचान
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश बीमारू राज्य माना जाता था, जबकि आज देश की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में है। पहले प्रदेश की पहचान ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन माफिया’ से होती थी। आज ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज’, ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन कुजीन’ नई पहचान बन रहे हैं।
     
    उन्होंने मेरठ की रेवड़ी, हापुड़ के पापड़ और मुजफ्फरनगर के गुड़ का उदाहरण देते हुए कहा कि स्थानीय उत्पादों और खान-पान को वैश्विक पहचान दिलाई जा रही है। पहले कट्टा और बम से प्रदेश की पहचान बनाई जाती थी। अब कोई कट्टा और बंदूक की राजनीति नहीं कर सकता।
     
    साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि प्रदेश में साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। परंपरागत उद्यमों को पुनर्जीवित करने से 3.25 करोड़ नौजवान रोजगार से जुड़े हैं। दंगाइयों की कमर तोड़ी गई और प्रदेश दंगा व कर्फ्यू मुक्त हुआ। इससे निवेश और रोजगार का रास्ता खुला।
     
    उन्होंने कहा कि पहले बेटी और व्यापारी सुरक्षित नहीं थे। महीनों कर्फ्यू रहता था, व्यापार प्रभावित होता था और युवाओं की नौकरियों पर डकैती पड़ती थी। कार्यकर्ताओं के परिश्रम से उत्तर प्रदेश को उसकी पहचान वापस मिली है।
     
    नमो भारत से स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी तक
    मुख्यमंत्री योगी ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हुए विकास कार्यों का जिक्र करते हुए एक्सप्रेसवे और दिल्ली-मेरठ के बीच नमो भारत ट्रेन का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि मेजर ध्यानचंद के नाम पर प्रदेश का पहला स्पोर्ट्स विश्वविद्यालय मेरठ में बन रहा है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तैयार है। फिल्म सिटी, मेडिकल डिवाइस पार्क और सेमीकंडक्टर यूनिट भी विकसित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं के 60 फीसदी कंपोनेंट उत्तर प्रदेश में बन रहे हैं और देश में बनने वाले 55 फीसदी मोबाइल फोन का उत्पादन भी प्रदेश में हो रहा है।
     
    राम मंदिर से काशी विश्वनाथ धाम तक
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि नया भारत अपनी विरासत पर गर्व करता है। अयोध्या में श्रीराम का भव्य मंदिर बना है और काशी विश्वनाथ धाम का नया स्वरूप सामने आया है। मथुरा-वृंदावन को सजाया-संवारा जा रहा है। शुकतीर्थ के पुनरुद्धार की कार्ययोजना बनाई गई है और विदुर कुटी के लिए धनराशि आवंटित की गई है।
     
    उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर कांवड़ यात्रा रोकने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब कोई कांवड़ यात्रा नहीं रोक सकता। वह स्वयं इसमें शामिल होते हैं और पुष्पवर्षा करते हैं। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी को भी कोई नहीं रोक सकता। मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यकर्ता आने वाली पीढ़ियों से कह सकेंगे कि उनके समय में राम मंदिर बना, काशी विश्वनाथ धाम मिला, एक्सप्रेसवे बना और नमो भारत चली। उन्होंने कहा, “मुझे पहचान मिली है, मुझे मेरे राम मिले हैं, मुझे मेरे कृष्ण मिले हैं और मुझे भोले शंकर मिले हैं।”
     
    हर परिवार की मैपिंग रखें
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि शक्ति केंद्र संगठन की ताकत हैं। हर शक्ति केंद्र के प्रत्येक बूथ की समीक्षा हो। बूथ की प्रभावी टीम बने और पन्ना प्रमुखों की जिम्मेदारी तय हो। बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने प्रत्येक नागरिक को वोट की ताकत दी है। इसलिए एक-एक परिवार की मैपिंग और सर्वे कार्यकर्ताओं के पास होना चाहिए।
     
    उन्होंने शक्ति केंद्र, बूथ संयोजक, प्रभारी और पन्ना प्रमुखों का शत-प्रतिशत गठन सुनिश्चित करने को कहा। मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं को भाजपा की यात्रा का सारथी बताते हुए कहा कि इतिहास ने शकुनि और मंथरा को सम्मान नहीं दिया, लेकिन भगवान कृष्ण जैसे सारथी को सम्मान दिया। कार्यकर्ता ‘राष्ट्र प्रथम’ के भाव से देश, समाज और अपने क्षेत्र के लिए काम करें।
     
    कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री एवं प्रदेश सह प्रभारी जगदीश पटेल, राष्ट्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ. भोला सिंह, प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल, प्रदेश महामंत्री एवं पश्चिम क्षेत्र प्रभारी राम प्रताप सिंह, पश्चिम क्षेत्र अध्यक्ष नवाब सिंह नागर समेत राष्ट्रीय, प्रदेश और क्षेत्र के पदाधिकारी तथा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक मौजूद रहे।

  • इंटरनेशनल ट्रेड शो में दिखेगी यूपी की एग्री ‘कल्चर’, 25 से 29 सितंबर तक आयोजन

    इंटरनेशनल ट्रेड शो में दिखेगी यूपी की एग्री ‘कल्चर’, 25 से 29 सितंबर तक आयोजन

    इंटरनेशनल ट्रेड शो में यूपी के एग्री 'कल्चर' के होंगे दर्शन 

    सीएम योगी के मार्गदर्शन में 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा में होगा यूपीआईटीएस 

    1000 स्क्वायर मीटर में प्रदर्शनी लगाएगा कृषि विभाग, कृषि उत्पादों, उपकरणों, बीज व रसायन निर्माताओं को मिलेगा मंच 

    20 एफपीओ, कृषि निवेशों से संबंधित 40 फर्म, अंतरराष्ट्रीय चावल अनुसंधान वाराणसी भी लेगा हिस्सा

    उत्तर प्रदेश की उन्नत कृषि संस्कृति से रूबरू होंगे आगंतुक, प्रदेश के प्रगतिशील किसान व कंपनियां भी होंगी शामिल 

    लखनऊ
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा में इंटरनेशनल ट्रेड शो का चतुर्थ संस्करण होगा। इसकी तैयारी पूरी की जा चुकी है। इसमें एक तरफ देश- विदेश से आए प्रतिनिधि जहां यूपी की समृद्ध विरासत का दीदार करेंगे तो वहीं एग्री 'कल्चर' के भी दर्शन करेंगे। ट्रेड शो के दौरान 20 एफपीओ, उत्तर प्रदेश बीज विकास निगम, कृषि निवेशों से संबंधित 40 फर्म, अंतरराष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान, दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र वाराणसी आदि भी हिस्सा लेंगे। कृषि संबधी उत्पादों, उपकरणों, बीज व रसायन निर्माताओं को मंच मिलेगा तो आगंतुकों को उत्तर प्रदेश की उन्नत कृषि संस्कृति और तकनीक से भी रूबरू कराया जाएगा। यहां प्रदेश के प्रगतिशील किसानों व कंपनियों को अंतरराष्ट्रीय प्लेटफॉर्म मिलेगा। पूरे उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व एक ही स्थान पर होगा। इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 में कृषि विभाग को एक हजार स्क्वायर मीटर आवंटित किया गया है। इसमें कृषि, कृषि शिक्षा, कृषि संबंधी संस्थाएं, मंडी परिषद-कृषि विपणन निदेशालय, कृषि उपकरण, उर्वरक, बीज व पौध संरक्षण रसायन निर्माता कंपनियां भी हिस्सा लेंगी। 

    कृषि विभाग के संवाद-समन्वय से 20 से अधिक एफपीओ करेंगे प्रतिभाग 
    इंटरनेशनल ट्रेड शो के आयोजन में कृषि विभाग की भी बड़ी हिस्सेदारी है। कृषि विभाग के संवाद व समन्वय से इसमें 20 से अधिक किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) हिस्सा लेंगे। इसमें अलीगढ़, सीतापुर, वाराणसी, लखनऊ, सिद्धार्थनगर, कुशीनगर, ललितपुर, मीरजापुर, हरदोई, बुलंदशहर, प्रतापगढ़, अलीगढ़, बहराइच, इटावा, गाजियाबाद, अमरोहा, कानपुर, सहारनपुर, गोंडा समेत विभिन्न जनपदों की सहभागिता रहेगी। कृषि विभाग की तरफ से लगने वाली प्रदर्शनी में सीड्स, फर्टिलाइजर, कृषि यंत्रों से जुड़ी कंपनियां भी प्रतिभाग करेंगी। इसमें एफपीओ के 20, कृषि निवेशों (बीज, पेस्टिसाइड, उर्वरक, यंत्र) आदि के 40 व एक शासकीय समेत कुल 61 स्टॉल लगेंगे। 

    संयुक्त कृषि निदेशक (ब्यूरो/नियोजन) एके सिंह बनाए गए नोडल अधिकारी 
    कृषि विभाग की ओर से संवाद, समन्वय व देखरेख के लिए नोडल अधिकारी भी नामित किए गए हैं। संपूर्ण व्यवस्था के लिए संयुक्त निदेशक (ब्यूरो/नियोजन) एके सिंह नोडल अधिकारी रहेंगे। बीज उत्पादन करने वाली कंपनियों से संवाद के लिए अपर कृषि निदेशक (बीज व प्रक्षेत्र) वाईपी सिंह तथा उर्वरक की कंपनियों की देखरेख के लिए संयुक्त कृषि निदेशक (उर्वरक) हरेंद्र कुमार मिश्र को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। वहीं कृषि रक्षा रसायनों के लिए अपर कृषि निदेशक (कृषि रक्षा) डॉ. आशुतोष कुमार मिश्र, कृषि उपकरण व ड्रोन बनाने वाली कंपनियों के लिए संयुक्त कृषि निदेशक (अभियंत्रण) बलराम वर्मा को नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। 

    वर्जन
    उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो के चतुर्थ संस्करण (25 से 29 सितंबर) के आयोजन में कृषि विभाग की भी महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। विभाग ने अपनी तैयारी पूरी कर ली है। यहां आने वाले अतिथि व आगंतुक उत्तर प्रदेश की उन्नत कृषि संस्कृति और कृषि क्षेत्र में उत्तर प्रदेश की प्रगति से रूबरू होंगे। आयोजन में एफपीओ, बीज कंपनी, उर्वरक कंपनी, कृषि यंत्रीकरण कंपनी आदि की भी सहभागिता रहेगी। 
    सूर्य प्रताप शाही
    कृषि मंत्री, उत्तर प्रदेश

  • एशियन गेम्स में सुचिका तारियाल का ऐतिहासिक ब्रॉन्ज, सेमीफाइनल के फैसले पर उठाए सवाल

    एशियन गेम्स में सुचिका तारियाल का ऐतिहासिक ब्रॉन्ज, सेमीफाइनल के फैसले पर उठाए सवाल

    नई दिल्ली
    हरियाणा के रोहतक जिले के किलोई गांव की सुचिका ने महिलाओं की ट्रेडिशनल 60 किग्रा MMA स्पर्धा में ब्रॉन्ज मेडल जीता. सेमीफाइनल में सिंगापुर की हुई हून तेओ के खिलाफ मुकाबला बेहद कांटे का रहा और दोनों का स्कोर बराबर रहा. फैसला कम वजन वाली खिलाड़ी के पक्ष में गया और सुचिका को फाइनल में पहुंचने का मौका नहीं मिला. लेकिन उनके लिए यह ब्रॉन्ज किसी गोल्ड से कम नहीं था.

    मेडल जीतने के बाद सुचिका ने पीटीआई से कहा, 'यह मेरी जिंदगी से भी बढ़कर है. मैं कभी नहीं भूलूंगी कि जापान आई और अपने देश के लिए मेडल जीता. अब मैं खुशी से मर सकती हूं.'

    यह सिर्फ भावुकता में कही गई लाइन नहीं थी. सुचिका के करियर में यह मेडल लंबे इंतजार के बाद आया है.

    सुचिका बोलीं- दोनों राउंड जीती थी, वजन को क्यों बनाया आधार?
    एशियन गेम्स 2026 में महिला ट्रेडिशनल MMA के 60 किग्रा वर्ग में कांस्य पदक जीतने वाली भारत की सुचिका तारियाल ने सेमीफाइनल के फैसले पर सवाल उठाए हैं. सिंगापुर की हुई हून तेओ के खिलाफ मुकाबला हारने के बाद सुचिका ने कहा कि उन्होंने पदक का रंग बदलने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी, लेकिन फैसला उनके पक्ष में नहीं रहा.

    सुचिका के मुताबिक, मुकाबले में वह लगातार बेहतर नजर आ रही थीं और टेकडाउन भी उन्हीं ने किए. उन्होंने कहा, 'मैंने पदक का रंग बदलने की पूरी कोशिश की, लेकिन कुछ परिस्थितियों की वजह से ऐसा नहीं कर पाई. शायद कहीं मैं थोड़ी कम पड़ गई या फिर फैसला मेरे पक्ष में नहीं था. मैं उस फैसले से सहमत भी नहीं हूं.'

    उन्होंने कहा कि मुकाबला देखने वाले कई लोगों ने भी उन्हें बताया कि उनका प्रदर्शन बेहतर था. सुचिका ने वजन से जुड़े नियम का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें नियमों की जानकारी है और ज्यादा वजन होने की स्थिति में हार का नियम लागू होता है, लेकिन सिर्फ वजन के आधार पर पूरे मुकाबले का आकलन नहीं होना चाहिए.

    ‘उसने एक बार भी टेकडाउन नहीं किया’
    सुचिका ने अपने प्रदर्शन का हवाला देते हुए कहा, 'अगर आप मुकाबला देखें तो मैं ही जीत रही थी. टेकडाउन मैं कर रही थी. उसने मुझे एक बार भी टेकडाउन नहीं किया. वह सिर्फ हवा में पंच कर रही थी.'

    उनका कहना था कि मुकाबला केवल वजन के अंतर तक सीमित नहीं होना चाहिए था. सुचिका ने आरोप लगाया कि मुकाबले का फैसला प्रदर्शन की बजाय वजन के आधार पर कर दिया गया.

    उन्होंने कहा, 'यह वजन तक नहीं जाना चाहिए था, लेकिन उन्होंने इसे वजन का मामला बना दिया. सिर्फ इसलिए उसे विजेता घोषित कर दिया गया क्योंकि उसका वजन कम था, जबकि मैंने दोनों राउंड जीते थे.'

    फैसले को लेकर सुचिका ने अपनी नाराजगी जाहिर की. उन्होंने कहा, 'हमारी अंतरराष्ट्रीय फेडरेशन सिंगापुर की है और वह खिलाड़ी भी सिंगापुर की थी'. उनका इशारा सेमीफाइनल के उस फैसले की ओर था, जिसमें कड़े मुकाबले के ड्रॉ रहने के बाद कम वजन के आधार पर सिंगापुर की हुई हून तेओ को विजेता घोषित किया गया.

    कॉमनवेल्थ में चूकीं, एशियन गेम्स में भी खाली हाथ रहीं
    सुचिका ने 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स में जूडो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था. वहां वह ब्रॉन्ज मेडल के मुकाबले में पहुंचीं, लेकिन पदक से चूक गईं. इसके बाद एशियन गेम्स में कुराश में भी उतरीं, लेकिन वहां भी मेडल हाथ नहीं आया. फिर MMA ने उन्हें एक और मौका दिया. और इस बार उन्होंने मौका हाथ से नहीं जाने दिया.

    सुचिका ने बताया, 'मैं चाहती थी कि अपने देश के लिए मेडल जीतूं, ताकि लोग मुझे जानें. मैं जिउ-जित्सु में वर्ल्ड चैम्पियन भी हूं. कुराश में एशियन गेम्स खेल चुकी हूं, लेकिन वहां मेडल नहीं मिला. फिर मुझे यहां खुद को साबित करने का दूसरा मौका मिला. मैंने इसके लिए बहुत मेहनत की.'

    जब खेलना महंगा था, तब भी नहीं छोड़ा मैदान
    सुचिका की कहानी सिर्फ खेल उपलब्धियों की नहीं, बल्कि उस संघर्ष की भी है जिसमें एक खिलाड़ी को अपने सपने के लिए आर्थिक मुश्किलों से लड़ना पड़ा.

    उनके पिता सरकारी नौकरी से रिटायर हैं और मां गृहिणी हैं. करियर के शुरुआती दौर में आर्थिक परेशानियां इतनी थीं कि ट्रेनिंग के लिए उन्हें अपने विभाग से बिना वेतन छुट्टी तक लेनी पड़ी.

    ऐसे वक्त में पति ने आर्थिक रूप से उनका साथ दिया.
    सुचिका ने कहा, 'आर्थिक रूप से मुझे बहुत समस्याएं थीं. मैंने ट्रेनिंग के लिए अपने विभाग से बिना वेतन छुट्टी ली. मेरे पति ने आर्थिक रूप से मेरा समर्थन किया और मुझे यहां तक पहुंचाया. इसलिए मैं यह मेडल अपने माता-पिता और पति को समर्पित करना चाहती हूं.'

    मैरी कॉम को दूर से देखा और बना लिया आदर्श
    सुचिका की प्रेरणा भी उसी जिद की कहानी कहती है. उनकी आदर्श हैं छह बार की वर्ल्ड चैम्पियन और ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट बॉ़क्सर मैरी कॉम. सुचिका ने उन्हें पहली बार राष्ट्रीय जूडो कैंप के दौरान भोपाल में देखा था.

    उन्होंने कहा,  'मैं बचपन से मैरी कॉम दीदी को पसंद करती हूं. शायद 2009-10 में भोपाल में जूडो के राष्ट्रीय कैंप में थीं. वह अपने कपड़ों और जिस तरह खुद को संभालती थीं, बहुत शानदार लगती थीं. वह मेरी आइडल हैं. मैंने उनसे कभी व्यक्तिगत रूप से बात नहीं की. अगर मौका मिला तो उनसे बात करना चाहूंगी.'

    जिस खिलाड़ी को उन्होंने कभी दूर से देखकर अपना आदर्श बनाया, उसी तरह सुचिका अब उन खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बन चुकी हैं जो मानते हैं कि खेल में उम्र किसी सपने की आखिरी तारीख नहीं होती.

    संन्यास लेने वाली थीं, अब फिर लड़ेंगी
    इस मेडल की सबसे दिलचस्प बात शायद यही है कि सुचिका एशियन गेम्स को अपने MMA करियर का आखिरी पड़ाव मानकर जापान आई थीं.

    उन्हें लगा था कि 36 की उम्र में अब खेल को अलविदा कह देना चाहिए. लकिन सेमीफाइनल तक पहुंचने के सफर ने उनकी सोच बदल दी.

    उन्होंने कहा, 'मैंने सोचा था कि एशियन गेम्स के बाद MMA छोड़ दूंगी. मैं अब उम्रदराज हो गई हूं और खेलना बंद करना चाहती थी. लेकिन अब मुझे लगता है कि मैं कर सकती हूं. आज के प्रदर्शन को देखकर लगता है कि मैं अभी और कर सकती हूं.'

    सुचिका प्रोफेशनल फाइटिंग भी करती हैं और Brave में अगली फाइट की तैयारी कर सकती हैं. यानी जिस दिन वह भारत के लिए MMA का पहला एशियन गेम्स मेडल लेकर खड़ी थीं, उसी दिन उनके करियर का अंत नहीं, एक नया अध्याय शुरू हो गया.

  • यूपीआईटीएस-2026 में दिखेगा यूपी का वैश्विक व्यापारिक विस्तार, छह देशों की भागीदारी से मजबूत होगा अंतरराष्ट्रीय कारोबारी कनेक्ट

    यूपीआईटीएस-2026 में दिखेगा यूपी का वैश्विक व्यापारिक विस्तार, छह देशों की भागीदारी से मजबूत होगा अंतरराष्ट्रीय कारोबारी कनेक्ट

    यूपीआईटीएस-2026 में दिखेगा यूपी का वैश्विक व्यापारिक विस्तार, छह देशों की भागीदारी से मजबूत होगा अंतरराष्ट्रीय कारोबारी कनेक्ट

    वियतनाम, जापान, सिंगापुर, रूस, ऑस्ट्रिया और बेलारूस होंगे पार्टनर कंट्री, विदेशी कंपनियां प्रदर्शित करेंगी उत्पाद, तकनीक और निवेश के अवसर

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ विदेशी प्रतिनिधिमंडलों का संवाद, बी2बी बैठकों से बनेगा व्यापार और निवेश का नया रास्ता

    ग्लोबल कंपनियों की मौजूदगी से यूपी के कारोबारियों को मिलेंगे नए अवसर, विदेशी निवेशकों और यूपी के उद्यमियों के बीच बनेगा सीधा कारोबारी संवाद

    पार्टनर कंट्रीज के पवेलियन में दिखेगी दुनिया की तकनीक और उत्पादों की विविधता, तकनीक, पर्यटन, फार्मा, मोबिलिटी और मैन्युफैक्चरिंग पर बनेगी कारोबारी साझेदारी

    लखनऊ/ग्रेटर नोएडा, 
     उत्तर प्रदेश अब केवल देश के बड़े बाजार के रूप में ही नहीं, बल्कि वैश्विक व्यापार, निवेश और विनिर्माण के प्रमुख केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा निवेश आकर्षित करने, निर्यात को बढ़ावा देने और प्रदेश के उद्यमियों को वैश्विक बाजार से जोड़ने के लिए किए जा रहे प्रयासों की झलक उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (यूपीआईटीएस)-2026 में भी देखने को मिलेगी। 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में होने वाले यूपीआईटीएस-2026 में वियतनाम, जापान, सिंगापुर, रूस, ऑस्ट्रिया और बेलारूस को पार्टनर कंट्री के रूप में शामिल किया गया है। छह देशों की भागीदारी वाला यह आयोजन यूपी के लिए ‘लोकल से ग्लोबल’ की अवधारणा को मजबूत करने का अवसर बनेगा। पार्टनर देशों के प्रतिनिधि अपने उत्पाद व तकनीक प्रदर्शित करने के साथ ही प्रदेश के उद्यमियों, निवेशकों और कारोबारियों से सीधे संवाद करेंगे। इससे व्यापारिक साझेदारी, तकनीकी सहयोग और नए कारोबारी अवसरों के लिए संभावनाएं बनेंगी।

    36 विदेशी प्रदर्शक और करीब 100 खरीदारों की प्रस्तावित भागीदारी
    यूपीआईटीएस-2026 के पार्टनर कंट्री प्लान के अनुसार, वियतनाम के लिए 54 वर्गमीटर, जापान के लिए 54 वर्गमीटर, सिंगापुर और रूस के लिए 36-36 वर्गमीटर तथा ऑस्ट्रिया के लिए 54 वर्गमीटर प्रदर्शनी क्षेत्र निर्धारित किया गया है। इन पांच देशों के लिए प्रस्तावित सूची में कुल 36 प्रदर्शक और 100 खरीदार शामिल हैं। बेलारूस को भी पार्टनर कंट्री के रूप में शामिल किया गया है और उसके लिए मुख्यमंत्री के साथ संवाद तथा बी2बी गतिविधियां प्रस्तावित हैं। इस भागीदारी का महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है क्योंकि यहां गतिविधियां केवल उत्पाद प्रदर्शन तक सीमित नहीं रहेंगी। बी2बी बैठकें, कंट्री सेशंस, राउंडटेबल और उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडलों के साथ संवाद के जरिए कारोबारी संबंधों को आगे बढ़ाने की रूपरेखा तैयार की गई है।

    मुख्यमंत्री के साथ संवाद से सीधे जुड़ेगा वैश्विक उद्योग जगत
    यूपीआईटीएस-2026 के पार्टनर कंट्री कार्यक्रम में विदेशी प्रतिनिधिमंडलों के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ संवाद के विशेष सत्र प्रस्तावित हैं। 25 सितंबर को अलग-अलग देशों के प्रतिनिधियों के लिए संवाद सत्र आयोजित किए जाने हैं। वियतनाम, जापान, सिंगापुर, रूस, ऑस्ट्रिया और बेलारूस से आने वाले प्रतिनिधिमंडलों में राजदूत, हाई कमिश्नर, ट्रेड कमिश्नर, आर्थिक एवं वाणिज्यिक प्रतिनिधि तथा उद्योग जगत के वरिष्ठ प्रतिनिधि शामिल हैं। इनमें भारत में जापान के राजदूत एच.ई. केइची ओनो, भारत में सिंगापुर के हाई कमिश्नर एच.ई. साइमन वोंग, रूस के ट्रेड कमिश्नर आंद्रे सोबोलेव और ऑस्ट्रिया के ट्रेड कमिश्नर एवं कमर्शियल काउंसलर हांस-जोर्ग होर्टनाग्ल समेत अन्य प्रतिनिधियों का उल्लेख किया गया है। 

    वियतनाम के पवेलियन में एविएशन से फार्मा और ईवी तक
    वियतनाम की भागीदारी में एविएशन, पर्यटन, कृषि, फार्मास्युटिकल एवं कॉस्मेटिक उत्पाद, खाद्य, टेक्सटाइल, गारमेंट, हस्तशिल्प और इलेक्ट्रिक वाहन जैसे विविध क्षेत्र शामिल हैं। इसमें वियतनाम एयरलाइंस, पर्यटन क्षेत्र की कंपनियों, फार्मा एवं हेल्थ से जुड़े उद्यमों तथा अन्य कंपनियों की भागीदारी प्रस्तावित है। इससे उत्तर प्रदेश के उद्यमियों को एविएशन, पर्यटन, फार्मा, कृषि आधारित उद्योग, टेक्सटाइल और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी जैसे क्षेत्रों में अंतरराष्ट्रीय कारोबार के संभावित साझेदारों के साथ संवाद का अवसर मिलेगा।

    जापान की तकनीक और औद्योगिक विशेषज्ञता भी बनेगी आकर्षण
    जापान के पवेलियन में तकनीक और औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े उत्पादों की व्यापक प्रस्तुति प्रस्तावित है। वाकॉम इंडिया, एयर एंड वॉटर इंडिया, आईटीओ एन, सुशी एंड मोर, कीटो इंडिया और टाइयो इंडिया जैसी कंपनियां सिग्नेचर डिवाइस, औद्योगिक गैस, जापानी चाय, जापानी खाद्य, लिफ्टिंग इक्विपमेंट और मशीनरी स्पेयर पार्ट्स जैसे क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करेंगी। जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन यानी जेट्रो की ओर से निवेश और प्रमोशन नीतियों से संबंधित जानकारी भी साझा की जाएगी। 

    सिंगापुर, रूस और ऑस्ट्रिया से तकनीक, परिवहन और औद्योगिक समाधान
    सिंगापुर की कंपनियां वीडियो सर्विलांस सॉल्यूशन, सोल्डरिंग उपकरण और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े उत्पादों के साथ भाग लेंगी। रूस से पेट्रोकेमिकल्स, औद्योगिक गैस, प्रयोगशाला उपकरण, डायग्नोस्टिक किट, ऑक्सीजन सॉल्यूशन और भर्ती एवं स्टाफिंग सेवाओं से जुड़ी कंपनियां प्रस्तावित हैं। वहीं ऑस्ट्रिया की भागीदारी में फोर्कलिफ्ट और वर्कशॉप इक्विपमेंट, इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्टेशन, डेकोरेटिव एवं लाइटिंग उत्पाद तथा मोबिलिटी और ट्रांसपोर्ट सिस्टम जैसे क्षेत्रों की कंपनियां शामिल होंगी।

    योगी सरकार की निवेश नीति को मिलेगा वैश्विक कारोबारी मंच
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार की निवेश रणनीति में निवेश आकर्षण के साथ निवेशकों को सुविधा, औद्योगिक बुनियादी ढांचे का विस्तार और वैश्विक कारोबारी नेटवर्क से प्रदेश को जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। यूपीआईटीएस-2026 इसी व्यापक निवेश एवं व्यापारिक कनेक्ट को जमीन पर आगे बढ़ाने का मंच बनेगा। पार्टनर देशों की भागीदारी के जरिए उत्तर प्रदेश के सामने विदेशी बाजारों तक पहुंच बढ़ाने, नई कारोबारी साझेदारियां विकसित करने और तकनीकी सहयोग के अवसर तलाशने की संभावना बनेगी।

    बी2बी बैठकों से कारोबार की संभावनाओं को मिलेगा विस्तार
    यूपीआईटीएस में होने वाली बी2बी बैठकें प्रदेश के उद्यमियों और विदेशी कारोबारियों के बीच सीधा संपर्क स्थापित करने का माध्यम बनेंगी। इससे केवल उत्पादों के प्रदर्शन तक सीमित रहने के बजाय कारोबारी साझेदारी और संभावित निवेश प्रस्तावों पर चर्चा का अवसर मिलेगा। वियतनाम के लिए ‘इनोवेशन टेक्नोलॉजीज एंड टूरिज्म’ विषय पर कंट्री सेशन प्रस्तावित है। वहीं ऑस्ट्रिया की ओर से ‘लेवरेजिंग इंडियाज फ्री ट्रेड एग्रीमेंट्स फॉर ग्लोबल बिजनेस ग्रोथ’ विषय पर नॉलेज सेशन प्रस्तावित है। इस तरह यूपीआईटीएस-2026 में व्यापार, निवेश, तकनीक, पर्यटन और निर्यात को एक ही मंच पर जोड़ने की कोशिश साकार होती दिखाई देती है।

    ओडीओपी, एमएसएमई और स्थानीय उत्पादों को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय बाजार का संपर्क
    उत्तर प्रदेश की बड़ी ताकत उसका व्यापक एमएसएमई नेटवर्क, पारंपरिक उद्योग और स्थानीय उत्पाद हैं। ऐसे में यूपीआईटीएस जैसे अंतरराष्ट्रीय मंच का एक महत्वपूर्ण पक्ष प्रदेश के स्थानीय उद्यमियों और उत्पादों को विदेशी खरीदारों से जोड़ना भी है। प्रदेश के विभिन्न जिलों के उत्पादों, हस्तशिल्प, टेक्सटाइल, कृषि आधारित उत्पादों, खाद्य प्रसंस्करण और अन्य विनिर्मित वस्तुओं को अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने के लिए ऐसे मंच कारोबारी संपर्क का माध्यम बन सकते हैं। पिछले संस्करण में भी यूपीआईटीएस में बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय खरीदार और प्रदेश के प्रदर्शक शामिल हुए थे। इसी तर्ज पर योगी सरकार के नेतृत्व में निवेश सुविधा, औद्योगिक विकास और वैश्विक कारोबारी संपर्क को एक साथ आगे बढ़ाने की दिशा में यूपीआईटीएस-2026 उत्तर प्रदेश की ‘लोकल से ग्लोबल’ यात्रा का महत्वपूर्ण मंच बनने जा रहा है।

  • खुले में मछली विक्रय पर नगर पालिका की कार्रवाई, छह दुकानदारों पर 1,500 रुपये जुर्माना

    खुले में मछली विक्रय पर नगर पालिका की कार्रवाई, छह दुकानदारों पर 1,500 रुपये जुर्माना

    खुले में मछली विक्रय पर नगर पालिका की कार्रवाई, छह दुकानदारों पर 1,500 रुपये जुर्माना

    शहडोल 
     ‘सेवा ही संकल्प अभियान-2026’ के तहत नगर पालिका परिषद शहडोल द्वारा नगर की स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए निरंतर कार्रवाई की जा रही है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी श्रीमती आशा जितेंद्र भंडारी के निर्देशन में रविवार को खुले में मछली विक्रय करने वाले दुकानदारों के विरुद्ध कार्रवाई की गई।

    नगर पालिका की टीम द्वारा भूसा तिराहा, सोहागपुर के पास खुले में मछली विक्रय करने वाली दुकानों को बंद कराया गया। वहीं न्यू बस स्टैंड के पास बिना ढके खुले में मछली विक्रय करने वाले छह दुकानदारों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए कुल 1,500 रुपये का जुर्माना लगाया गया।

    कार्रवाई के दौरान दुकानदारों को स्वच्छता बनाए रखने, मछली एवं अन्य खाद्य सामग्री को ढककर रखने तथा सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी नहीं फैलाने की समझाइश दी गई। नगर पालिका अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्वच्छता नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आगे भी नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।

    कार्रवाई में स्वच्छता निरीक्षक श्री अनिल महोबिया, श्री भूपेश कोहरे, श्री दुर्गेश गुप्ता, श्री संतोष लखेरा, श्री अंकुश सेन एवं फायर टीम की सहभागिता रही।

    नगर पालिका परिषद शहडोल ने नागरिकों एवं दुकानदारों से अपील की है कि वे अपने घरों एवं दुकानों से निकलने वाला कचरा निर्धारित कचरा संग्रहण वाहन में ही डालें तथा सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी न फैलाएं। स्वच्छ एवं सुंदर शहडोल के निर्माण में नागरिकों से सक्रिय सहभागिता की अपील की गई है।

  • एशियन गेम्स 2026: भारत ने पाकिस्तान को 3-0 से हराया, ग्रुप-F में टॉप पर पहुंचा

    एशियन गेम्स 2026: भारत ने पाकिस्तान को 3-0 से हराया, ग्रुप-F में टॉप पर पहुंचा

     नई दिल्‍ली
     भारतीय पुरुष टेबल टेनिस टीम ने एशियन गेम्‍स 2026 में सोमवार को चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्‍तान को 3-0 से मात दी। भारतीय टीम ने ईरान के खिलाफ मिली शिकस्‍त के बाद दमदार कमबैक किया। अब भारतीय पुरुष टेबल टेनिस टीम ग्रुप-एफ में शीर्ष पर पहुंच गई है।

    इससे पहले भारतीय महिला टीम ने चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्‍तान को 3-0 से मात देकर क्‍वार्टर फाइनल में अपनी जगह पक्‍की की। बता दें कि भारतीय पुरुष टीम की तरफ से हरमीत देसाई ने पहले सिंगल्‍स मैच में खान मोहम्‍मद को 11-4, 11-3 और 11-5 से मात दी। इसके बाद साथियान गनाशेखरन ने अब्‍बास खान को सीधे सेटों में 11-1, 11-8 और 11-9 से पटखनी दी।

    भारतीय पैडलर्स का दमदार प्रदर्शन
    पायस जैन ने पुरुषों की तरफ से खान मोहम्‍मद को 11-2, 11-5 और 11-7 से मात देकर पाकिस्‍तान का 3-0 से क्‍लीन स्‍वीप किया। याद दिला दें कि भारतीय पुरुष टेबल टेनिस टीम ने इंडोनेशिया को मात देकर अपने अभियान की विजयी शुरुआत की। इसके बाद उसे ईरान से शिकस्‍त मिली थी।

    बहरहाल, पाकिस्‍तान को मात देकर भारतीय टीम ग्रुप-एफ में शीर्ष पर पहुंच गई है। उसके तीन मैचों में पांच अंक हैं। इससे पहले भारतीय महिला टीम ने पाकिस्‍तान का 3-0 से क्‍लीन स्‍वीप किया था।

    भारतीय महिलाओं का शानदार प्रदर्शन
    स्‍काई हॉल में इंडोनेशिया और सिंगापुर को मात देने के बाद भारत ने पाकिस्‍तान को अपने निशाने पर लिया। सुतीर्थ मुखर्जी ने अलीना खान को 11-3, 11-3, 11-4 से मात दी। सुतीर्थ ने केवल 10 मिनट में मात दी।

    17 साल के सिंड्रेला दास ने कलसूम खान को सीधे गेमों में 11-6, 11-7, 11-5 से पटखनी दी। श्रीजा अकुला ने 11 मिनट के अंदर फातिमा खान को मात देकर पाकिस्‍तान का 3-0 से क्‍लीन स्‍वीप किया। अकुला ने 11-4, 11-4, 11-5 से मात देकर क्‍वार्टर फाइनल में जगह पक्‍की की।

  • मंत्री खुशवंत साहेब ने भाई के कांग्रेस में जाने पर दी प्रतिक्रिया

    मंत्री खुशवंत साहेब ने भाई के कांग्रेस में जाने पर दी प्रतिक्रिया

    रायपुर.

    छत्तीसगढ़ की सियासत में उस वक्त बड़ा उलटफेर हुआ, जब कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के बड़े ढाल दास ने कांग्रेस का हाथ थाम लिया. उनके कांग्रेस प्रवेश के बाद सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई. इस पर मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कांग्रेस पर परिवार और समाज को बांटने की राजनीति करने का आरोप लगाया है.

    मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि कांग्रेस की नीति हमेश से फूट डालो और राज करो की रही है. कांग्रेस आपस में लड़ाने का काम कर रही है. कांग्रेस एक परिवार, समाज और धर्म को एक-दूसरे से लड़ाने का काम कर रही है. लेकिन हम सभी दृढ़ संकल्पित हैं और राष्ट्र प्रथम, देश प्रथम की विचारधारा से जुड़े हुए हैं. हमारा लक्ष्य प्रदेश को विकसित बनाने का है.

    कांग्रेस में आपसी कलह
    पीसीसी चीफ बैज के कांग्रेस से सीएम उम्मीदवारों वाले बयान पर मंत्री खुशवंत साहेब ने निशाना साधा. उन्होंने कहा कि यह कांग्रेस का अंदरूनी मामला है. कांग्रेस में सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है. आपसी कलह साफ दिखाई दे रही है. उन्होंने कहा कि जनता ने कांग्रेस को पहले ही अपनी पसंद से हटा दिया है. कांग्रेस कितना भी प्रयास कर ले, जनता का विश्वास खो चुकी है.

    कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर पर तंज कसते हुए खुशवंत साहेब ने कहा कि प्रशिक्षण शिविर से कुछ नहीं होने वाला. कांग्रेस ग्राउंड में कितना भी मेहनत कर ले, वहां पैसों का खेल और भ्रष्टाचार चलता है. 20 निष्कासित नेताओं की कांग्रेस में वापसी को लेकर खुशवंत साहेब ने कांग्रेस पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि जितने भी अपराध होते हैं, उनमें कांग्रेस का नाम सामने आता है. कांग्रेस पहले निष्कासन का पत्र जारी करती है और फिर उसे वापस ले लेती है.

  • नकारात्मक ताकतें जाति के नाम पर समाज और महापुरुषों को बांटेंगी, हमें विभाजन नहीं होने देना है: मुख्यमंत्री

    नकारात्मक ताकतें जाति के नाम पर समाज और महापुरुषों को बांटेंगी, हमें विभाजन नहीं होने देना है: मुख्यमंत्री

    नकारात्मक ताकतें जाति के नाम पर समाज और महापुरुषों को बांटेंगी, हमें विभाजन नहीं होने देना है: मुख्यमंत्री

    व्यक्ति से बढ़कर दल और दल से बढ़कर देश, ‘राष्ट्र प्रथम’ के भाव के साथ कार्य करना है: सीएम योगी

    अब यूपी की पहचान ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया’ नहीं, ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ है: सीएम

    जो 500 वर्षों में नहीं हो पाया, वह अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर के निर्माण के रूप में संभव हुआ

    शक्ति केंद्र प्रमुख हर बूथ की समीक्षा करें, पन्ना प्रमुखों का दायित्व तय करें और एक-एक परिवार की मैपिंग करें 

    कार्यकर्ताओं के परिश्रम और पसीने ने यूपी को फिर पहचान दी, विकास की नई बुलंदियों तक पहुंचाया

    मेरठ
     मुख्यमंत्री यो
    गी आदित्यनाथ ने कहा कि नकारात्मक ताकतें फिर से समाज को बांटने का काम करेंगी। वे जाति के नाम पर समाज को बांटेंगी और महापुरुषों को भी जातीय आधार पर बांटने का पाप करेंगी, लेकिन हमें इस विभाजन को नहीं होने देना है। महापुरुष पूरे समाज के होते हैं, उन्हें किसी जाति के दायरे में सीमित कर उनके महत्व को कम नहीं किया जा सकता। मुख्यमंत्री भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की उपस्थिति में जनपद मेरठ में आयोजित भाजपा पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजकों के सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे।

    सीएम योगी ने कहा कि भारत के इतिहास, क्रांति और अन्नदाताओं के सामर्थ्य की धरती मेरठ में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का सभी की ओर से हृदय से स्वागत और अभिनंदन है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के दो दिवसीय प्रवास के क्रम में पश्चिम क्षेत्र के कार्यकर्ताओं को उनका सानिध्य और मार्गदर्शन मिल रहा है। शक्ति केंद्र सम्मेलन के माध्यम से कार्यकर्ताओं की शक्ति को जागृत करने और उस जागरण को पार्टी के लिए उपयोगी बनाने के साथ राष्ट्र प्रथम के भाव से प्रधानमंत्री के संकल्पों के अनुरूप आत्मनिर्भर एवं विकसित भारत में कार्यकर्ताओं की भूमिका के लिए आह्वान किया जा रहा है।

    ‘मुझे क्या’ कहना मंथरा बुद्धि का परिचय
    मुख्यमंत्री ने कहा कि व्यक्ति से बढ़कर दल और दल से बढ़कर देश है। भारतीय जनता पार्टी का भाव है कि मेरा सब कुछ देश के लिए होगा। जो लोग कहते हैं ‘मुझे क्या-मुझे क्या’, यह मंथरा बुद्धि है। ‘को नृप होई हमें का हानि’ का भाव पहचान का संकट खड़ा करता है, पलायन करवाता है, विकास को बाधित करता है और अन्नदाता किसान को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाली परिस्थितियां पैदा करता है। इसी भाव ने देश को नुकसान पहुंचाया और देश गुलाम हुआ तथा उसके सामने पहचान का संकट खड़ा हुआ।

    मोदी जी के नेतृत्व में नए भारत का दर्शन
    मुख्यमंत्री ने कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के सत्ता संभालने के बाद एक नए भारत का दर्शन हुआ। ऐसा भारत जो अपनी विरासत पर गर्व करता है और विकास के लिए गति के साथ आगे बढ़ रहा है। आज ऐसा भारत है जिसके सामने पहचान का संकट नहीं है। सीना तानकर चलता है और दुनिया की आंख में आंख डालकर बात करता है। कोई चुनौती देने का दुस्साहस करता है तो भारत मांद में घुसकर मारना भी जानता है। भारत की अर्थव्यवस्था बॉटम फाइव से टॉप फाइव में आ गई है। इसी देश में कभी सनातन और हिंदू परंपरा को कोसने तथा उसे गजनवी, गोरी, इब्राहिम लोदी, बाबर और औरंगजेब के समकक्ष ठहराने का प्रयास किया जाता था। अब नया भारत गुलामी की मानसिकता को समाप्त कर विरासत पर गौरव की अनुभूति कर रहा है। इसकी परिणति काशी विश्वनाथ धाम और अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर के रूप में सामने है। जो लोगों के लिए असंभव था, वह प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में संभव हुआ है।

    विरासत-सनातन को कोसने वालों ने रोकी थी कांवड़ यात्रा
    मुख्यमंत्री ने कहा कि मथुरा-वृंदावन सज-संवर रहा है। भागवत भूमि शुकतीर्थ के पुनरुद्धार की कार्ययोजना चल रही है और विदुर कुटी के लिए भी धनराशि आवंटित की गई है। विरासत-सनातन को कोसने वालों ने कांवड़ यात्रा पर रोक लगाई थी। लेकिन, भाजपा सरकार ने कहा कि कांवड़ यात्रा को कोई नहीं रोक सकता। यह धूमधाम से चलेगी। मैं स्वयं कांवड़ यात्रा में शामिल होता हूं और पुष्पवर्षा करता हूं। यह सनातन का प्रतीक है। अब कोई श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर रोक नहीं लगा सकता, मेरठ की क्रांति धरा को अपमानित नहीं कर सकता।

    कट्टा-बंदूक की राजनीति नहीं हो सकती मेरठ में
    मुख्यमंत्री ने कहा कि अब मेरठ में कट्टा-बंदूक की राजनीति नहीं हो सकती। युवाओं के सपनों को उड़ान देने के लिए भारत का सबसे बड़ा एयरपोर्ट नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट यहां से एक घंटे की दूरी पर बनकर तैयार हो गया है। मेरठ की बेटी पारुल चौधरी भारत के लिए ओलंपिक में गोल्ड मेडल लेकर आती है। उत्तर प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी मेजर ध्यानचंद के नाम पर मेरठ में बन रही है। दिल्ली-मेरठ के बीच 12 लेन का एक्सप्रेसवे और नमो भारत ट्रेन सफलतापूर्वक चल रही है। अब फिल्म सिटी बन रही है, मेडिकल डिवाइस पार्क बन रहा है और सेमीकंडक्टर की यूनिट लग रही है। इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में भी बड़ा काम हुआ है। भारत में इलेक्ट्रॉनिक्स आइटम के 60 प्रतिशत कंपोनेंट और 55 प्रतिशत मोबाइल फोन उत्तर प्रदेश में बन रहे हैं।

    9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी
    सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। परंपरागत उद्यम फिर से पुनर्जीवित किया गया, जिसमें 3 करोड़ 25 लाख नौजवान रोजगार प्राप्त कर रहे हैं। दंगाइयों की कमर टूटने के कारण प्रदेश दंगा-कर्फ्यू मुक्त हुआ है तथा इसके कारण बड़े-बड़े रोजगार भी प्रदेश में आए हैं। अब उत्तर प्रदेश के सामने पहचान का संकट नहीं है। अब कोई यूपी वाला कहकर अपमानित नहीं करता। मेरठ, मुजफ्फरनगर, हापुड़, गाजियाबाद, बुलंदशहर, शामली, सहारनपुर या बिजनौर की पहचान बताने पर सम्मान की निगाह से देखा जाता है। यदि बाहर जाकर कोई कहता है कि वह यूपी से आया है तो सामने वाला उसे गले लगाने के लिए तैयार होता है।

    आने वाली पीढ़ी नहीं कहेगी-आपने क्या किया
    मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले न बेटी सुरक्षित थी और न व्यापारी। हर ओर अराजकता थी, महीनों-महीनों कर्फ्यू रहता था, व्यापार तबाह होता था और नौजवान की नौकरी पर पहले ही डकैती पड़ जाती थी। उत्तर प्रदेश की पहचान वापस दिलाने में प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व के साथ कार्यकर्ताओं के परिश्रम और पसीने का योगदान है। आने वाली पीढ़ी अब यह नहीं कहेगी कि आपने क्या किया। कार्यकर्ता आने वाली पीढ़ी को बता सकता है कि जब वह भाजपा के शक्ति केंद्र का प्रमुख था, तब 12 लेन का एक्सप्रेसवे बना था, नमो रैपिड रेल आई थी। इन उपलब्धियों को स्मृति के रूप में संजोकर रखें और भावी पीढ़ी को बताएं कि जो काम 500 वर्षों में नहीं हो पाया, वह प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर के रूप में हुआ।

    कार्यकर्ताओं ने बनाया भाजपा को दुनिया का सबसे बड़ा दल
    मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कार्यकर्ताओं का अधिकार है कि वे कहें- मुझे पहचान मिली है, मुझे मेरे राम मिले हैं, मुझे मेरे कृष्ण मिले हैं और मुझे भोले शंकर मिले हैं, बाबा विश्वनाथ का पवित्र धाम मिला है। यही हमारी पहचान है। प्रधानमंत्री मोदी जी और भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन जी के नेतृत्व में भाजपा को दुनिया के सबसे बड़े दल के रूप में स्थापित करने का श्रेय भी कार्यकर्ताओं को जाता है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को इस यात्रा का सारथी बताते हुए कहा कि महाभारत के युद्ध में कृष्ण की भूमिका भी सारथी की थी। इतिहास ने शकुनि और मंथरा को सम्मान नहीं दिया, लेकिन कृष्ण जैसे सारथी को सम्मान दिया है। हर कार्यकर्ता कृष्ण जैसा सारथी बनने का भाव रखे।

    अब यूपी को कोई बीमारू नहीं कह सकता
    मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश पहले बीमारू राज्य था, लेकिन आज कोई इसे बीमारू नहीं कह सकता। आज यूपी देश की टॉप-थ्री इकॉनमी में गिना जाता है। अब उत्तर प्रदेश की पहचान ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया’ नहीं, बल्कि ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ है। इसके साथ ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन कुजीन’ के माध्यम से स्थानीय खान-पान और उत्पादों को भी वैश्विक पहचान दिलाने का प्रयास हो रहा है। मेरठ की रेवड़ी, हापुड़ के पापड़ और मुजफ्फरनगर के गुड़ को भी इसमें शामिल किया गया है। हर जगह के खान-पान और उत्पादों की ब्रांडिंग की जा रही है, ताकि उन्हें वैश्विक पहचान दिलाई जा सके। पहले कट्टा-बम से यूपी की पहचान थी और लोग प्रदेश से दूरी बनाते थे, लेकिन अब वह स्थिति नहीं है।

    समाज को बांटने का प्रयास करेंगे कुछ लोग
    मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बदलाव को कुछ लोग बर्दाश्त नहीं कर पाएंगे। जो लोग दंगा करवाते थे, दंगाइयों और माफियाओं के सामने घुटना टेकते थे, दंगाइयों को मुख्यमंत्री आवास में बुलाकर सम्मानित करते थे और वसूली में मस्त रहते थे, वे फिर से समाज को बांटने का काम करेंगे। वे जाति के नाम पर समाज को बांटेंगे और महापुरुषों को भी जातीय आधार पर बांटने का प्रयास करेंगे। महापुरुष किसी एक जाति के नहीं होते। कोतवाल धन सिंह गुर्जर भारत के स्वाधीनता आंदोलन के नायक हैं और हर भारतीय के लिए श्रद्धा एवं सम्मान के नायक हैं। महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज और गुरु गोविंद सिंह जी महाराज राष्ट्रनायक हैं। इन्हें जातीय दायरे में नहीं बांधा जा सकता। क्रांतिकारियों की सिरमौर और क्रांतिकारियों को प्रोत्साहित करने वाली दुर्गा भाभी सभी की आदर्श हैं। सरकार ने कोतवाल धन सिंह गुर्जर का मेरठ में भव्य स्मारक बनाया है। नकारात्मक ताकतें फिर से बंटवारा करना चाहती हैं- जाति के नाम पर, क्षेत्र के नाम पर और भाषा के नाम पर। इस विभाजन को नहीं होने देना है और इसकी जिम्मेदारी शक्ति केंद्र प्रमुखों पर है।

    सबको मतदान के लिए प्रेरित करना है
    मुख्यमंत्री ने शक्ति केंद्र प्रमुखों से प्रत्येक बूथ की समीक्षा करने, हर बूथ स्तर पर प्रभावी टीम का गठन करने और प्रत्येक पन्ना प्रमुख का उत्तरदायित्व निर्धारित करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि एक-एक परिवार की मैपिंग और सर्वे कर सबको मतदान के लिए प्रेरित करना है। बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के संविधान ने हर नागरिक को अपने वोट का इस्तेमाल करने की बड़ी ताकत दी है। बाबा साहेब, सद्गुरु रविदास जी महाराज और महर्षि वाल्मीकि जी से जुड़े स्थानों, मंदिरों और मूर्तियों के सौंदर्यीकरण के लिए डबल इंजन सरकार ने धनराशि आवंटित की है। एक समय था जब समाजवादी पार्टी की सरकार बाबा साहेब के नाम पर बने मेडिकल कॉलेज का नाम बदल देती थी और सद्गुरु रविदास जी महाराज की पावन जन्मभूमि सीर गोवर्धन में होने वाले आयोजन को रोक देती थी।

    राम के नाम से चिढ़ने वालों को देना होगा जवाब
    सीएम योगी ने राम सेतु व भगवान राम के नाम को लेकर भी समाजवादी पार्टी पर तीखा राजनीतिक हमला बोला और कहा कि भगवान राम का नाम लेने से जिन लोगों को चिढ़ होती थी, उनको जवाब देने के लिए कार्यकर्ताओं को अपने शक्ति केंद्र को मजबूत रखना होगा। शक्ति केंद्र जितना सशक्त और मजबूत होगा, कार्यकर्ता उतने ही ताकतवर होकर आगे बढ़ेंगे और राष्ट्र प्रथम का मंत्र उतना ही प्रभावी होगा। उन्होंने पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजकों की उपस्थिति और उत्साह की सराहना करते हुए 100 प्रतिशत गठन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शक्ति केंद्र के साथ-साथ बूथों के संयोजक, प्रभारी और पन्ना प्रमुखों के गठन की प्रक्रिया को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाते हुए एक-एक घर की स्क्रीनिंग करनी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से मेहनत करने और बूथ अध्यक्षों के सम्मेलन में शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने का आह्वान किया।

    इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री एवं उत्तर प्रदेश के सह-प्रभारी जगदीश पटेल, राष्ट्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ. भोला सिंह,  प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल, प्रदेश महामंत्री और क्षेत्रीय प्रभारी राम प्रताप सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष नवाब सिंह नागर व अन्य पदाधिकारीगण उपस्थित रहे। 

    इनसेट-
    शक्ति केंद्र भाजपा की रीढ़, 2027 में पश्चिमी यूपी के कार्यकर्ताओं के दम पर फिर बनेगी सरकार: पंकज चौधरी

    भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहा कि शक्ति केंद्र भारतीय जनता पार्टी की रीढ़ हैं और उनके ऊपर बड़ी जिम्मेदारी है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के उत्तर प्रदेश प्रवास के दौरान बार-बार शक्ति केंद्र के कार्यकर्ताओं से संवाद की इच्छा यह दर्शाती है कि संगठन में उनकी भूमिका कितनी महत्वपूर्ण है। शक्ति केंद्र प्रमुख अपने क्षेत्र के तीन से पांच बूथों की पूरी जानकारी रखे तो चुनाव से पहले ही अपने शक्ति केंद्र के परिणाम का आकलन कर सकता है। भाजपा में कार्यकर्ता सर्वोपरि है और कार्यकर्ताओं के लिए कुछ भी करने को वह सदैव तैयार हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के जनकल्याणकारी कार्यों और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार की उपलब्धियों को लेकर कार्यकर्ता जनता के बीच जाएं। 2017 से पहले पश्चिमी उत्तर प्रदेश की स्थिति और आज की स्थिति में बड़ा बदलाव आया है तथा डबल इंजन सरकार ने प्रदेश की पहचान बदलने का काम किया है। भाजपा कार्यकर्ता लक्ष्य और प्रत्याशी देखकर नहीं, बल्कि कमल खिलाने और सरकार बनाने के संकल्प के साथ काम करता है। उन्होंने विश्वास जताया कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कार्यकर्ता पूरी मेहनत और समर्पण के साथ काम करते हुए 2027 में उत्तर प्रदेश में फिर भाजपा की सरकार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।