नई दिल्ली
 
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को कहा कि भारत वास्तविक नियंत्रण रेखा में बदलाव के चीन के किसी भी एकतरफा प्रयास को स्वीकार नहीं करेगा। पूर्वी लद्दाख सीमा गतिरोध और हिंसक झड़प पर पूछे गए प्रश्नों का जवाब देते हुए उन्होंने यह बात कही। जयशंकर ने कहा, चीन ने 1993 और 1996 के समझौतों का उल्लंघन करते हुए एलएसी पर बड़े पैमाने पर सैनिकों को तैनात किया। चीन का मकसद स्पष्ट रूप से एलएसी को एकतरफा रूप से बदलने का था।

उन्होंने कहा, आम तौर पर उन इलाकों में गश्त बड़े स्तर पर नहीं होती। इसके परिणामस्वरूप चीन ने अपनी तैनाती सीमा की ओर बढ़ा दी थी। चीन की ओर से समझौतों का पालन नहीं हो रहा था। इसी वजह से गलवान में नतीजा हिंसक झड़प में के रूप में सामने आया।