जबलपुर
 पश्चिम मध्य रेलवे की विजिलेंस टीम सालों बाद फिर सक्रिय हो गई है। तीन दिन में दो बड़ी कार्रवाई कर जबलपुर रेल मंडल के इंजीनियरिंग और कमर्शियल विभाग के तीन लोगों को पैसे की वसूली करते हुए पकड़ा। दमोह के बाद विजिलेंस ने सोमवार को हावड़ा से जबलपुर आ रही शक्तिपुंज एक्सप्रेस में छापा मारा। ट्रेन में ड्यूटी कर रहे टीटीई के पास रखी नकदी की जांच की। जांच में पता चला कि टीटीई संतोष शर्मा के पास पांच हजार सात सौ रुपये अतिरिक्त मिले। विजिलेंस ने आरोपित टीटीई पर मामला दर्ज कर जबलपुर रेल मंडल के कमर्शियल विभाग को कार्रवाई के लिए अपनी रिपोर्ट भेज दी है।

टीटीई के पास 5700 रुपए ज्यादा मिले

इन दिनों ट्रेनों में भीड़ की वजह से यात्री सीट न मिलने से परेशान है। यात्रियों की इस परेशानी का फायदा उठाकर कुछ टीटीई उनसे अतिरिक्त पैसा लेकर उन्हें सीट आवंटित कर देते हैं। ऐसा ही कुछ पश्चिम मध्य रेलवे की विजिलेंस टीम को हावड़ा से चलकर जबलपुर आ रही शक्तिपुंज एक्सप्रेस में मिला। औचक जांच के दौरान टीटीई के पास निर्धारित राशि से 5700 रुपए अधिक मिले।

स्लीपर कोच की गई जांच

ट्रेन 11448 में कटनी साउथ से जबलपुर के बीच विजिलेंस टीम ने ट्रेन के स्लीपर कोच में जांच की। जांच के दौरान टीटीई संतोष पास सरकारी धन के तहर ईएफटी बुक के 4 हजार 440 रुपए की रसीद काटी थी, लेकिन जांच के दौरान उनके पास कुल 10 हजार 140 रुपए मिले। इसमें 5 हजार 700 रुपए अधिक थे। विजिलेंस टीम के मुताबिक टीटीई द्वारा यह अतिरिक्त राशि यात्रियों से लेने की बात स्वीकारी। विजिलेंस की जांच टीम में पंकज कुमार, संतोष कुमार मीणा, आशीष अवस्थी, वाईके कोष्टा, संजय मिश्रा शामिल रहे।