महाराष्ट्र
महाराष्ट्र में सियासी अस्थिरता थम नहीं रही है। शिवसेना में उद्धव ठाकरे गुट और एकनाथ शिंदे गुट में लगातार खींचतान जारी है। वहीं संजय राउत के आग उगलते बयान आग में घी डालने का काम कर रहे हैं। अब संजय राउत ने बागी विधायकों पर निशाना साधते हुए ट्वीट किया है कि आप कब तक गुवाहाटी में छिपे रहेंगे? आपको चौपाटी (मुंबई) आना होगा। वहीं बौखलाए संजय राउत ने आज फिर धमकी देते हुए कहा कि लोग उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना पर भरोसा रखेंगे। शनिवार को उद्धव ठाकरे ने कहा कि जो लोग बाहर गए हैं, वो शिवसेना नाम का इस्तेमाल ना करें और अपने बाप के नाम का इस्तेमाल करें और वोट मांगें। राउत ने कहा कि उन्हें जो करना है करने दो, मुंबई में तो आना पड़ेगा ना। वहां बैठकर हमें क्या सलाह दे रहे हैं? हजारों लाखों शिवसैनिक हमारे एक इशारे का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन हमने अभी भी संयम रखा है।

आदित्य ठाकरे ने कहा कि हमारे उन विधायकों पर लाखों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जिन्हें जबरन गुवाहाटी ले जाया गया। ठाकरे ने कहा कि रोज के वहां 9 लाख रुपए खर्च हो रहे हैं। उसी असम में लाखों की संख्या में बाढ़ पीड़ित हैं, वे अपनों के भरोसे रह गए हैं। पहली बार विपक्ष सत्ताधारी दल छोड़कर किसी गुट का समर्थन कर रहा है। आदित्य ठाकरे ने कहा कि कई लोगों ने मुझसे कहा कि कई नेता आएंगे और जाएंगे लेकिन कोई भी इस सीएम जैसा नहीं होगा। वे पार्टी तोड़ने के लिए सूरत, फिर गुवाहाटी क्यों गए? वहां कई विधायक ऐसे दिखते हैं जैसे उन्हें वहां रहने के लिए मजबूर किया गया हो. 10-15 विधायक हमारे संपर्क में हैं और वे इसकी पुष्टि कर सकते हैं।

एकनाथ शिंदे गुट की अहम बैठक आज
इस बीच खबर है कि गुवाहाटी में एकनाथ शिंदे गुट की आज एक अहम बैठक होगी। आपको बता दें कि गुवाहाटी में बागी विधायक जिस रेडिसन ब्लू होटल में रुके हुए हैं, वहां की बुकिंग भी अब 28 जून से बढ़ाकर 30 जून तक कर दी गई है। बागी विधायकों पर डिप्टी स्पीकर की कार्रवाई को लेकर आगे की रणनीति पर बैठक में आज चर्चा हो सकती है।

महाराष्ट्र में शिव सैनिकों की ओर से बागी विधायकों के कार्यालय पर तोड़फोड़ करने को लेकर एकनाथ शिंदे ने ट्वीट किया कि शिवसेना कार्यकर्ताओं को समझना चाहिए कि मैं शिवसेना और उसके कार्यकर्ताओं को MVA सरकार के चंगुल से मुक्त करना चाहता हूं और इसके लिए संघर्ष कर रहा हूं। शिंदे ने कहा कि मेरा यह कदम पार्टी कार्यकर्ताओं की बेहतरी के लिए है।