मुंबई
महाराष्‍ट्र नवन‍िर्माण सेना प्रमुख राज ठाकरे (MNS Chief Raj Thackeray) ने बीजेपी नेता और उपमुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) को पत्र ल‍िखकर उनकी तारीफ की है। राज ठाकरे ने फडणवीस को ल‍िखे पत्र में कहा क‍ि मुझे उमीद थी कि आप एक बार फिर राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में लौटेंगे। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। मन की इच्छा से ऊपर पार्टी का आदेश और निर्देश होता है, यह आपने साबित किया। मुझे आप पर अभिमान है।

दरअसल देवेंद्र फडणवीस ने गुरुवार को एकनाथ श‍िंदे को महाराष्‍ट्र का मुख्‍यमंत्री बनाए जाने की घोषणा कर सभी को चौंका द‍िया था। क्‍योंक‍ि राजनीत‍ि गल‍ियारे में चर्चा थी क‍ि श‍िवसेना में बगावत के बाद फडणवीस सीएम और श‍िंदे उप मुख्‍यमंत्री पद की शपथ लेंगे। लेक‍िन फडणवीस ने मुख्‍यमंत्री पद के ल‍िए एकनाथ श‍िंदे के नाम का ऐलान कर द‍िया। साथ ही खुद को सरकार से बाहर रहने की बात कही। हालांक‍ि बीजेपी आलाकमान के कहने पर फडणवीस महाराष्‍ट्र का उप मुख्‍यमंत्री बनने को तैयार हो गए और पद की शपथ ली। इसके बाद से ही फडणवीस की जमकर तारीफ हो रही है।

राज ठाकरे का उद्धव पर हमला उधर, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के अध्यक्ष राज ठाकरे ने मुख्यमंत्री पद से उद्धव ठाकरे के इस्तीफा को लेकर भी हमला बोला था। उद्धव का नाम लिए बगैर राज ठाकरे ने ट्वीट करके कहा था क‍ि जब कोई सौभाग्य को अपनी सिद्धि समझ लेता है, तब वहीं से पतन की ओर यात्रा शुरू होती है। राज ने यह पोस्ट मराठी, अंग्रेजी और हिंदी में की है।

राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे के बीच 2005 में हुई बगावत राज ठाकरे ने अपने ट्वीट में जो संकेत दिया, वह यह है कि उद्धव ठाकरे ने जिस सीएम की कुर्सी पर कांग्रेस और एनसीपी के साथ गठबंधन किया था, वह सिर्फ किस्मत के झटके से मिली थी और उद्धव ने कुछ भी हासिल नहीं किया। 2005 में राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे के बीच चले सत्ता संघर्ष के बाद राज ठाकरे ने खुद पार्टी के संरक्षक बालासाहेब ठाकरे के खिलाफ बगावत कर दी थी।

देवेंद्र फडणवीस को लेकर राज ठाकरे ने कहा, 'आपका फैसला इस बात का सार है कि आखिर पार्टी का अनुशासन क्या होता है। उन्होंने कहा कि आपका यह पद स्वीकार करना ऐसे ही है कि जैसे धनुष के जरिए लक्ष्य हासिल करने के लिए रस्सी को पहले खींचा जाए और फिर तीर छोड़ा जाए। हालांकि सिसायत में कई बार ऐसा नहीं होता है। एक बात तो तय है कि आपने महाराष्ट्र के सामने पहले ही अपनी काबिलियत साबित कर दी है। इसलिए आपको देश की बेहतरी के लिए कड़ी मेहनत करने का मौका मिलता है। एक बार फिर बधाई! आपका दोस्त, राज ठाकरे।'

उद्धव ठाकरे पर भी इशारों में किया था ट्वीट

गौरतलब है कि इससे पहले राज ठाकर ने गुरुवार को भी एक ट्वीट किया था, जिसे लेकर चर्चा हुई थी। उन्होंने लिखा था कि यदि कोई व्यक्ति अपने सौभाग्य को ही कर्तव्य समझ लेता है तो फिर उसका पतन शुरू हो जाता है। उस ट्वीट को उद्धव ठाकरे से जोड़कर देखा जा रहा था, जिन्हें महाराष्ट्र के सीएम पद से इस्तीफा देना पड़ा था।  

लाउडस्पीकर मामले में थे आमने-सामने
राज की पार्टी के एक विधायक विधानसभा में है। ऐसे में राज की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हाल ही में राज हनुमान चालीसा-लाउडस्पीकर पर हुए विवाद को लेकर चर्चा में आए थे। उस वक्त भी उद्धव और राज में 'असली सेना' को लेकर बहस छिड़ी थी। राज ठाकरे ने सरकार को मस्जिदों और अन्य सभी धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटाने की धमकी दी थी और यह मामला महाराष्ट्र से दूर और बाहर भी एक बड़े विवाद में बदल गया।