डिंडोरी
जिला मुख्यालय के महज4 किमी दूर  ग्राम रहंगी में संचालित शासकीय आदर्श महाविद्यालय में  दोपहर एक महिला प्राध्यापक की तबीयत अचानक बिगड़ गई। जिसे उपचार हेतु साथी प्रोफेसरों ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। ईलाज के दौरान महिला प्रोफेसर ने कॉलेज के प्राचार्य पर धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाने की नियत से मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। पीड़ित महिला के मुताबिक प्राचार्य पिछले कई दिनों से उसकी धार्मिक भावनाओं पर कुठाराघात करके मानसिक रूप से परेशान कर रहे हैं। जिसके चलते उसकी हालत बिगड़ गई है। पीड़ित महिला प्राध्यापक ने प्रिंसिपल पर धार्मिक और सांप्रदायिकता फैलाने के संगीन आरोप भी लगाए हैं।

महिला प्रोफेसर अनुपम सिंह बघेल ने बतलाया है कि वह मॉडल कॉलेज रहंगी में इतिहास की प्राध्यापक हैं। जिन्होंने गुरुवार को साईं मंदिर में भंडारा प्रसाद का आयोजन करवाया था। जहां पहुंचे प्राचार्य डॉ. समीर शुक्ला ने अनुपम सिंह की सांई भक्ति पर नाराजगी जताई थी और सांई पूजन नही करने की नसीहत देकर जमकर खरी-खोटी सुनाई थी। महिला प्रोफेसर के मुताबिक जब वह शुक्रवार को महाविद्यालय पहुंची, तो प्राचार्य समीर शुक्ला ने फिर से उसको मानसिक रूप से प्रताड़ित करते हुए साईं भक्ति के विषय पर फटकार लगा दी। जिससे उसकी हालत बिगड़ गई और वह कॉलेज में ही बेहोश होकर कुर्सी से गिर गई।

पूरे मामले पर कॉलेज स्टाफ ने भी महिला प्रोफेसर का पक्ष लिया है और प्राचार्य पर जातिगत भेदभाव और दुर्व्यवहार के आरोप लगाए हैं। प्राचार्य के तानाशाहीपूर्ण रवैये की शिकायत कॉलेज के पुस्तकालय प्रभारी मूलचंद साहू ने पूर्व में भी उच्च शिक्षा विभाग और आयुक्त को भेजी है। हालांकि ऐसे किसी भी घटनाक्रम से प्रोफेसर समीर शुक्ला ने इंकार किया।