कौशांबी
 
डिजिटल युग में चीजों को आसान करने के लिए नई-नई तकनीकों का इस्तेमाल हो रहा है वहीं दूसरी तरफ इन्हीं तकनीकों का गलत इस्तेमाल कर कुछ लोग जालसाजी भी कर रहे हैं। ऐसे ही एक जालसाजी के तरीके से हम आपको रूबरू करा रहे हैं। अगर आप पैसा निकालने के लिए अंगूठे का निशान या बायोमेट्रिक का इस्तेमाल करते हैं तो सावधान हो जाएं। आपकी ये गलती आपको हजारों-लाखों का चूना लगा सकती है। उत्तर प्रदेश के कौशांबी में ऐसे ही एक शख्स को हजारों रुपये का चूना लग चुका है। दरअसल कौशांबी में कस्टमर केयर चलाने वाले एक शख्स को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।

आरोप है कि ये शख्स लोगों से उनके बायोमेट्रिक लेकर उनके खाते से पैसे निकाल लेता था। मामला चरवा थाना इलाके का है। जानकारी के मुताबिक इलाके में ग्राहक सेवा केंद्र चलाने वाले अभिषेक कुमार के पास 27 अप्रैल को पहाड़पुर सुधरा गांव के रहने वाले रामबदन पैसा निकलवाने आए। अभिषेक ने उनका बायोमेट्रिक मशीन से फिंगर प्रिंट ले लिया और नेटवर्क की समस्या बताकर उन्हें वापस भेज दिया। जबकि नेटवर्क सही था और अभिषेक उनके खाते से पैसा निकला चुका था।

अभिषेक ने रामबदन से कहा कि वो कल फिर आएं तो उनका पैसा निकल जाएगा। रामबदन अगले दिन फिर आए तो अभिषेक ने दोबारा उनका फिंगर प्रिंट लिया और नेटवर्क की दिक्कत बताकर फिर वापस भेज दिया और उनके खाते से पैसा निकाल लिया। इस तरह अभिषेक दस दिन तक रामबदन के अकाउंट से पैसा निकलता रहा और रामबदन को इसकी भनक तक नहीं लगी। दस दिन बाद रामबदन हारकर जब बैंक पहुंचा तो ये देखकर दंग रह गया कि उसके अकाउंट से तो काफी पैसा निकाला जा चुका है। रामबदन ने पुलिस से शिकायत की और शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी अभिषेक को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में अभिषेक ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।