मुंबई
महाराष्ट्र सरकार में सामाजिक न्याय मंत्री धनंजय मुंडे के मामले में दायर चार्जशीट से बड़ा खुलासा हुआ है। इसमें बताया गया है कि मुंडे को ब्रेन स्ट्रोक हुआ था। उनकी लिव-इन पार्टनर करुणा शर्मा की बहन की ओर से उत्पीड़न के आरोपों के बाद मानसिक तनाव के कारण उनकी तबीयत बिगड़ी। उन्हें 13 अप्रैल को मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मालूम हो कि रेणु शर्मा के खिलाफ शनिवार को जबरन वसूली के आरोप में चार्जशीट दाखिल की गई थी। 20 अप्रैल को क्राइम ब्रांच ने रेणु को मध्य प्रदेश के इंदौर से मुंडे से कथित तौर पर 5 करोड़ रुपये मांगने के आरोप में गिरफ्तार किया था। पुलिस ने कहा कि रेणु के पास आय का कोई स्रोत नहीं था, लेकिन उसके बैंक खातों में भारी लेनदेन मिला था। पुलिस ने बताया कि 2017 में एक बैंक की ओशिवारा शाखा में खोले गए एक खाते में भारी मात्रा में धन जमा हुआ था और फरवरी में केवल 6,652 रुपये शेष थे।

'जबरन वसूली के पैसे से महिला ने खरीदा डुप्लेक्स'
पुलिस ने इंदौर के एक डेवलपर का भी बयान दर्ज किया, जिसने कहा था कि रेणु ने फरवरी में इंदौर के नेपेनिया रोड के बीसीएम पार्क में लगभग 54.2 लाख रुपये में डुप्लेक्स खरीदा था। उन्होंने डाक्यूमेंट्स को यह दावा करते हुए अटैच किया कि उसने जबरन वसूली के पैसे से डुप्लेक्स खरीदा था। मुंडे ने पहले कहा था कि उन्होंने हवाला के जरिए रेणु को 50 लाख रुपये और एक आईफोन दिया था। दो हवाला ऑपरेटर्स ने अपने बयान में कहा कि उन्होंने मुंडे की ओर से इंदौर में रेणु को पैसे दिए थे।

लगातार प्रताड़ना की वजह से डिप्रेशन में चले गए मुंडे
चार्जशीट में कहा गया, "लगातार प्रताड़ना और जबरन वसूली की मांग के कारण मुंडे डिप्रेशन में चले गए थे। वह 12 से 16 अप्रैल तक अस्पताल में भर्ती रहे। उन्हें ब्रेन स्ट्रोक आया और फिर ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज हुआ। हमने उनके अस्पताल में भर्ती होने के दस्तावेज और उसकी मेडिकल रिपोर्ट अटैच की है।"