सनौली (पानीपत)
पानीपत में एक बार फिर से तेंदुआ देखा गया है। इससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। पुलिस और वन विभाग की टीम लगातार तेंदुए को पकड़ने के लिए अभियान चलाया। पानीपत के गांव रिसपुर में यमुना बांध के अंदर खेतों में सोमवार को तेंदुआ दिखाई दिया। तेंदुआ को किसान ने फसल में पानी देते समय नाका फेरते हुए देखा। सूचना मिलते ही वन विभाग और प्रशासन ने रेस्क्यू आपरेशन चलाया, लेकिन तेंदुआ का कोई पता नहीं चला।

खेत में देखा गया
रिसपुर गांव के किसान मोहकम यमुना बांध के अंदर अपने खेत में पानी दे रहा था। वह नाका फेरने के लिए ईख के खेत में गया तो उसकी नजर तेंदुए पर पड़ी। तेंदुआ देखकर अचानक उसका पैर फिसल गया और वो चिल्लाने लगा तो आवाज सुनकर तेंदुआ ईख के खेत की तरफ भाग गया। इसकी सूचना किसान ने दूसरे किसान कृष्ण को दी। कृष्ण ने ग्रामीणों को इसके बारे में बताया। सूचना मिलते ही भारी संख्या में ग्रामीण लाठी-डंडों के साथ खेत में पहुंचे और प्रशासन को इसके बारे में अवगत कराया।

लगाया गया पिंजरा
सूचना मिलते ही तहसीलदार बापौली, वन रेंज अधिकारी विरेंद्र सिंह व सनौली खुर्द थाना प्रभारी जगजीत सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। लेकिन कई घंटे ढूंढने के अभियान के बाद कोई सुराग नहीं लगा। वन विभाग की टीम ने तेंदुए को पकडऩे के लिए पिंजरा लगा दिया है।

रात में निगरानी कर रही टीम
वन विभाग की एक टीम रात को निगरानी रखेगी और पुलिस टीम उनके साथ रहेगी। सनौली खुर्द थाना प्रभारी जगजीत सिंह ने टीम के साथ करीब तीन घंटे सर्च अभियान चलाया, लेकिन तेंदुए का सुराग नहीं लगा।

पहले भी देखा गया था तेंदुआ
करीब डेढ़ माह पहले बापौली के गांव बहरामपुर के खेतों में तेंदुआ खेत में काम कर रहे किसान को दिखाई दिया था। वन विभाग, वाइल्डलाइफ और पुलिस ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान चलाया था। करीब पांच घंटे बाद तेंदुआ पकड़ा गया था। लेकिन इस दौरान वन रेंज अधिकारी विरेंद्र सिंह, थाना प्रभारी जगजीत सिंह, एक डाक्टर व अन्य घायल हो गए थे।