रायपुर

रेलवे बोर्ड के निदेशानुसार अखिल रेल नाट्य उत्सव में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए मंडलों एवं कारखानों से नाटक मंचन हेतु प्रविष्टियां मंगवाई गई थी। इस क्रम में रायपुर मंडल एवं मोतीबाग कारखाना के पात्र नाट्य दल को नाटक मंचन की अनुमति दी गई. नाटक का मंचन नार्थ ईस्टन रेलवे इंस्टीकट्यूट, बिलासपुर में पूर्वाह्न 11 बजे अध्यक्ष रेलवे भर्ती बोर्ड , बिलासपुर श्री ए.के. मेश्राम के मुख्य आतिथ्य् में किया गया। इस नाटक मंचन श्री साकेत रंजन , मुख्य जनसंपर्क अधिकारी को निर्णायक के रूप में तथा श्री भरत वेद,वरिष्ठ रंगकर्मी, निदेशक एवं लेखक को आमंत्रित किया गया था। कार्यक्रम के अंत में अतिथियों ने नाटक मंचन की बेहतरीन प्रस्तुति पर अपने विचार प्रकट करते हुए नाटक मंचन के इतिहास एवं वर्तमान संदर्भ की चर्चा की।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्जवलित कर किया गया। नाटक मंचन की शुरूआत मोतीबाग कारखाना का  कड़ुवा सच से हुई तथा दूसरा प्रस्तुति हम क्यूं नहीं गाते रायपुर मंडल ने की। इस नाट्य मंचन की प्रतियोगिता में दोनों टीमों ने बहुत ही सराहनीय प्रस्तुति दी जिसकी प्रशंसा मुख्य अतिथि एवं नाटकों के निर्णायकों द्वारा की गई। इस अवसर पर उपस्थित दर्शकों ने नाटक मंचन का भरपूर आनंद लिया और तालियों की गडगड़ाहट से स्वागत किया। इस प्रतियोगिता में प्रथम स्थान रायपुर मंडल द्वारा प्रस्तुत नाटक हम क्यूं नहीं गाते को तथा द्वितीय स्थान मोतीबाग कारखाना के कड़ुवा सच को मिला। इन दोनों टीमों को सामूहिक पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन विक्रम सिंह, वरिष्ठ राजभाषा अधिकारी ने किया तथा धन्यअवाद ज्ञापन पीताम्बर लाल जाटवर, वरिष्ठ अनुवादक ने किया। राजभाषा विभाग , मुख्यालय एवं बिलासपुर मंडल के राजभाषा कर्मियों ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया।